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साढ़े आठ बजे चौपुला पर, दस बजे मर्डर साढ़े दस बजे वापस निकल गए अपने घर

Thu, 30 May 2019 01:38 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Thu, 30 May 2019 01:38 AM IST
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साढ़े आठ बजे चौपुला पर, दस बजे मर्डर साढ़े दस बजे वापस निकल गए अपने घर
बरेली। पुलिस लाइन के ट्रांजिट हॉस्टल में स्पेशल इंटेलीजेंस की दरोगा रीना कुमारी की हत्या के मामले में पुलिस को सर्विलांस के जरिये कुछ ऐसे सबूत मिले हैं जो हत्या के पीछे संपत्ति विवाद होने की तरफ इशारा कर रहे हैं। यह भी साफ हो गया है कि हत्यारा 27 मई की रात साढ़े आठ बजे चौपुला चौराहे के आसपास मौजूद था। साढ़े दस बजे उसकी लोकेशन रीना के मोबाइल के साथ लौटते हुए दिल्ली रोड पर दूल्हे मियां की मजार के पास पाई गई। अब पुलिस कुछ और सबूत जुटाने के बाद जल्द ही रीना की हत्या करने वालों की गिरफ्तारी करने की बात कह रही है। इस बीच बुधवार सुबह रीना के भाई की ओर से उनकी हत्या की एफआईआर अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज की गई है।
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रीना कुमारी की हत्या की जानकारी मंगलवार रात करीब 11 बजे तब हुई थी, जब दो दिन से अपने आवास में दिखाई न देने के बावजूद पड़ोस में रहने वाले एक सब इंस्पेक्टर ने उनके आवास का दरवाजा हल्का सा खुला देखा और आवाज देकर तस्दीक करने की कोशिश की वह अपने आवास में हैं या नहीं। रीना की लाश गेस्ट रूम में पड़ी पाई गई। मंगलवार रात से ही पुलिस छानबीन में जुटी तो रीना कुमारी से जुड़े दो किस्म के विवाद जानकारी में आए। एक तो यह कि रीना ने शरणवीर नाम के युवक से प्रेम विवाह किया था और उससे दो साल बाद ही उनका अलगाव हो गया था। दूसरा विवाद 52 बीघा पैतृक जमीन को लेकर इकलौते भाई विपिन उर्फ गुड्डन से चल रहा था। यह जमीन रीना के जेपीनगर के डिडौली इलाके के पैतृक गांव में है। इस पर रीना और उनके भाई के बीच जेपीनगर के एसडीएम कोर्ट में मुकदमा भी चल रहा है।
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रीना के आवास पर छानबीन के दौरान उनका मोबाइल फोन गायब पाया गया था लिहाजा पुलिस ने सबसे पहले उनके मोबाइल के साथ उनके कई करीबी लोगों के नंबर भी सर्विलांस पर लगा दिए। कॉल डिटेल की भी जांच की गई तो कई ऐसे सबूत मिल गए जिनसे हत्यारों का पता लगने को लेकर काफी हद तक मुतमईन हो गई। पता लगा कि रीना के परिवार का ही एक व्यक्ति सोमवार रात साढ़े आठ बजे चौपुला के बीटीएस की रेंज में था। यहां से रीना के आवास की दूरी बमुश्किल ढाई सौ मीटर ही है। सोमवार को ही रात साढ़े दस बजे शख्स की लोकेशन दिल्ली रोड पर जाते हुए मिली। सबसे महत्वपूर्ण तथ्य यह है कि उसके साथ रीना के मोबाइल की लास्ट लोकेशन भी दिल्ली रोड पर दूल्हा मियां के मजार के पास पाई गई है। इसके बाद रीना का मोबाइल स्विच ऑफ करके फेंक दिया गया या फिर हत्यारा उसे साथ ले गया।
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पुलिस इन जानकारियों के आधार पर इसी शख्स को रीना का हत्यारा मान रही है। हालांकि पुलिस ने अभी किसी का नाम नहीं लिया है न किसी की गिरफ्तारी की है। इस बीच बुधवार सुबह रीना के भाई विपिन उर्फ गुड्डन ने ही अज्ञात लोगों के खिलाफ उनकी हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई।

ब्रेन ब्लास्ट से हुई मौत
रीना कुमारी की मौत वजनदार चीज के प्रहार से दिमाग फटने की वजह से हुई थी। पोस्टमार्टम से पता चला कि उनके सिर की कई हड्डियां टूट गई थीं और काफी खून बह गया था। गले पर रस्सी का निशान साफ था, हालांकि गला कसना मौत की वजह नहीं बना। सिर पर एक के बजाय चोट के कई निशान थे। सारे वार किसी एक ही चीज से किए गए थे जो नुकीली होने के बजाय गोल और वजनदार थी।

हत्या की घटना जानकारी में आने के बाद पुलिस ने पारिवारिक और दंपति के विवाद जैसी लाइन पर काम शुरू किया था। कॉल डिटेल से जो साक्ष्य मिले हैं, उनसे संपत्ति के विवाद में हत्या होने की संभावना लग रही है। अभी कुछ और तथ्य जुटाने बाकी हैं। जल्दी ही सच सामने आएगा और हत्यारे गिरफ्तार कर लिए जाएंगे। - कुलदीप कुमार, सीओ सिटी

पति को नौकरी छोड़नी पड़ी और भाई से छिनी 52 बीघा जमीन
बरेली। स्पेशल इंटेलीजेंस की दरोगा रीना कुमारी की अपने भाई विपिन उर्फ गुड्डन के साथ पिता की 52 बीघा जमीन पर चल रहे विवाद को निपटाने के लिए काफी समय से बात चल रही थी और रीना ने कुछ ही समय पहले चुनाव के बाद आपस में बैठकर इसका निपटारा करने के लिए आश्वस्त किया था लेकिन जाहिराना तौर पर दोनों में कोई बातचीत होने से पहले ही रीना की हत्या हो गई। पुलिस के बुलाने पर बुधवार को यहां पहुंचे गुड्डन ने हत्या की रिपोर्ट तो दर्ज कराई लेकिन मीडिया के सामने आने से कन्नी काटते रहे। रीना के ममेरे भाई ने जरूर पुलिस और मीडिया के लोगों से बातचीत कर पूरा वाकया बताया।
रीना के पिता की मौत पिछले ही साल हुई थी जिसके बाद उनका अपने भाई के साथ पिता की 52 बीघा जमीन की वसीयत को लेकर विवाद शुरू हो गया था। रीना के ममेरे भाई सत्यवीर सिंह ने बताया कि अमरोहा के डिडौली क्षेत्र की निवासी रीना ने पड़ोस के गांव कूबी के अपनी ही जाति के शरणवीर सिंह से प्रेम विवाह किया था। सहमति न लेने की वजह से इस शादी पर परिवार के लोग नाराज हो गए थे। फिर भी कुछ समय बाद रीना के पिता बलजीत सिंह ने दहेज के तौर पर दस बीघा जमीन उनके नाम कर दी थी। शादी के दो साल बाद रीना का शरणवीर से अलगाव हो गया। शरणवीर ने तलाक के लिए नोटिस भेजा लेकिन रीना ने तलाक देने से इनकार कर दिया। यह केस हाईकोर्ट में लंबित है। शरणवीर को दूसरी शादी के लिए नौकरी छोड़नी पड़ी।
रीना अपने बेटे यश उर्फ यीशू के साथ अलग होकर नौकरी करने लगी। रीना की शादी के बाद पिता बलजीत ने 52 बीघा जमीन की वसीयत इकलौते बेटे गुड्डन के बेटों के नाम कर दी थी। चार मई 2018 को बलजीत की मृत्यु हो गई। कुछ समय बाद जब गुड्डन वसीयत के आधार पर एसडीएम कोर्ट में जमीन का दाखिल खारिज कराने पहुंचे तो पता चला कि वहां रीना की ओर से एक वसीयत पहले से दाखिल है जिसके मुताबिक बलजीत पूरी 52 बीघा जमीन रीना के नाम कर चुके हैं। काफी विवाद और तनातनी के बाद भाई-बहन के बीच एसडीएम कोर्ट में मुकदमा शुरू हो गया। हाल ही में रिश्तेदारों ने दोनों में समझौता कराने की कोशिश की तो रीना ने सहमति जताते हुए खुद को चुनाव में बिजी बताया था। कहा था कि चुनाव बाद बैठकर बात कर लेंगे। मगर चुनाव निपटते ही उनकी हत्या हो गई। बता दें कि रीना की हत्या के बाद उनके आवास की अच्छी तरह तलाशी ली गई थी। इसी वजह से सारा सामान बिखरा हुआ पाया गया था।


रीना के आवास पर पुलिस तैनात
बरेली। महिला दरोगा के सरकारी आवास पर बुधवार को पूरे समय सन्नाटा पसरा रहा। यहां सुरक्षा और लोगों को जानकारी देने के लिहाज से एक पुलिसकर्मी को तैनात किया गया था। महिला दरोगा की स्कूटी बाहर खड़ी थी। आसपास के घरों से भी लोग कम ही बाहर निकले। मीडियाकर्मियों के उधर जाते ही बाहर घूम रहे लोग भी घरों में घुस जा रहे थे। कोई घटना या रीना कुमारी के बारे में कुछ बताने को तैयार नहीं था।
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