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कमिश्नर की जांच में सरकारी स्कूलों में बदहाली आई सामने
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बरेली। कमिश्नर की जांच में सरकारी प्राइमरी और जूनियर हाईस्कूलों की बदहाल स्थिति सामने आई है। सामने आया है कि इन स्कूलों में बाउंड्रीवाल, शौचालय, पानी, इंटर लॉकिंग, टाइल्स, बिजली व्यवस्था, हैंडवॉश सहित दूसरी सुविधाओं की काफी कमी है। इसके बाद कमिश्नर रणवीर प्रसाद ने मंडल के सभी डीएम को निर्देश दिए हैें कि वह ग्राम पंचायतों को राज्यवित्त और 14वें वित्त के जारी हो रहे बजट से इन कमियों को दूर कराएं। ताकि बच्चों को पढ़ाई करने का बेहतर माहौल मिल सके।
सरकारी स्कूलों को कमिश्नर की तरफ से कराई गई जांच में सामने आया है कि बरेली के 1804 प्राइमरी स्कूलों में केवल 54.10 फीसदी जगहों पर बाउंड्रीवाल बनी है। 55.65 फीसदी स्कूलों में शौचालयों के निर्माण और उनकी मरम्मत हुई है। 39.75 फीसदी स्कूलों में पानी के लिए टैंक की व्यवस्था और केवल 3.71 प्रतिशत स्कूलों में टाइल्स लगाने के काम हुए हैं, जबकि बदायूं के 1076 प्राइमरी स्कूलों में 52.14 जगहों पर बाउंड्रीवाल बनी है।
14.31 फीसदी स्कूलों में पानी के टैंक का इंतजाम किया गया है। पीलीभीत के 1058 प्राइमरी स्कूलों में बाउंड्रीवाल केवल 20.98 फीसदी स्कूलों में बनी मिली है। 11.81 प्रतिशत स्कूलों में बच्चों के लिए हैंडवॉश की सुविधा मिली है, जबकि शाहजहांपुर के 1002 प्राइमरी स्कूलों में 3.79 स्कूलों में टाइल्स लगाए गए हैं, जबकि बरेली के 610 जूनियर हाईस्कूलों में से 13.28 प्रतिशत स्कूलों में हैंडवॉश की सुविधा और 49.45 स्कूलों में बिजली का इंतजाम है। बदायूं के 388 स्कूलों में सिर्फ 3.89 प्रतिशत स्कूलों में इंटर लॉकिंग का इंतजाम है, जबकि पीलीभीत के 489 स्कूलों में 22.08 फीसदी और शाहजहांपुर के 388 स्कूलों में 56.75 फीसदी स्कूलों में ही बाउंड्रीवाल बनी मिली है।
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सरकारी स्कूलों को कमिश्नर की तरफ से कराई गई जांच में सामने आया है कि बरेली के 1804 प्राइमरी स्कूलों में केवल 54.10 फीसदी जगहों पर बाउंड्रीवाल बनी है। 55.65 फीसदी स्कूलों में शौचालयों के निर्माण और उनकी मरम्मत हुई है। 39.75 फीसदी स्कूलों में पानी के लिए टैंक की व्यवस्था और केवल 3.71 प्रतिशत स्कूलों में टाइल्स लगाने के काम हुए हैं, जबकि बदायूं के 1076 प्राइमरी स्कूलों में 52.14 जगहों पर बाउंड्रीवाल बनी है।
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14.31 फीसदी स्कूलों में पानी के टैंक का इंतजाम किया गया है। पीलीभीत के 1058 प्राइमरी स्कूलों में बाउंड्रीवाल केवल 20.98 फीसदी स्कूलों में बनी मिली है। 11.81 प्रतिशत स्कूलों में बच्चों के लिए हैंडवॉश की सुविधा मिली है, जबकि शाहजहांपुर के 1002 प्राइमरी स्कूलों में 3.79 स्कूलों में टाइल्स लगाए गए हैं, जबकि बरेली के 610 जूनियर हाईस्कूलों में से 13.28 प्रतिशत स्कूलों में हैंडवॉश की सुविधा और 49.45 स्कूलों में बिजली का इंतजाम है। बदायूं के 388 स्कूलों में सिर्फ 3.89 प्रतिशत स्कूलों में इंटर लॉकिंग का इंतजाम है, जबकि पीलीभीत के 489 स्कूलों में 22.08 फीसदी और शाहजहांपुर के 388 स्कूलों में 56.75 फीसदी स्कूलों में ही बाउंड्रीवाल बनी मिली है।
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