बरेली: ऑनलाइन गेम के बहाने ठगी करने के छह आरोपी गिरफ्तार, पांच लाख रुपये और सोने के छह बिस्किट बरामद
बरेली में पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग और फर्जी दस्तावेजों के जरिए लोगों से ठगी करने वाले गिरोह के छह सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से करीब पांच लाख रुपये नकद, छह तोला सोने के बिस्किट, 20 मोबाइल फोन, फर्जी आधार-पैन कार्ड और कई बैंकिंग दस्तावेज बरामद हुए हैं।
विस्तार
बरेली में भुता थाना पुलिस ने ऑनलाइन गेम और फर्जी दस्तावेज के जरिये ठगी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों से मोबाइल फोन, 4,97,800 रुपये, छह तोला सोने के बिस्किट और कई फर्जी दस्तावेज बरामद किए गए हैं।
एसपी दक्षिणी अंशिका वर्मा ने बुधवार शाम को बताया कि भुता थाना पुलिस ने गश्त के दौरान गांव खटेली से अटकोना पुलिया की ओर जाने वाले मार्ग से ब्रजेश, हरीश सिंह, सुमेर, आकाश, विपुल कुमार सिंह और पिंटू को गिरफ्तार कर लिया। ये सभी गांव खटेली के निवासी हैं। ये लोग अपनी पहचान छिपाकर ऑनलाइन गेमिंग और धोखाधड़ी कर रहे थे। इसमें भी फर्जी दस्तावेज का इस्तेमाल कर रहे थे।
ऐसे करते थे ठगी
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे फर्जी आधार कार्ड और पैन कार्ड तैयार करवाकर अपनी पहचान छिपाते थे। इसके बाद फोन के माध्यम से अलग-अलग ऑनलाइन गेम डाउनलोड कर लोगों को लालच देकर अपने जाल में फंसाकर ठगी करते थे।
पुलिस ने कुल 20 मोबाइल फोन, 25 पासबुक, 30 चेकबुक, 44 डेबिट व क्रेडिट कार्ड, एक ड्राइविंग लाइसेंस, एक वोटर आईडी, पांच पैन कार्ड, सात आधार कार्ड, दो बैंक स्टेटमेंट, छह पीली धातु के बिस्किट, एक थम्ब स्कैनर, एक एमक्यूआर मशीन और जमीन संबंधी 18 दस्तावेज जब्त किए हैं। ब्रजेश से 1,61,100 रुपये, चार स्मार्टफोन और कई दस्तावेज मिले। हरीश सिंह से 61,500 रुपये और दस्तावेज बरामद हुए। सुमेर से 51,400 रुपये और अन्य दस्तावेज जब्त किए गए।
एसपी दक्षिणी अंशिका वर्मा ने बताया कि गिरोह के सदस्य क्रिप्टो करेंसी आदि में रकम प्राप्त करके विभिन्न एप से उसको रुपये में बदलते थे। इनमें कई खातों को पूर्व में अन्य राज्यों की पुलिस ने संदिग्ध लेनदेन की वजह से फ्रीज भी कराया है। इनसे सात आधार कार्ड बरामद हुए हैं, जिनमें तीन कूटरचित हैं। कोर्ट ने आरोपियों को जेल भेजा है। संदिग्ध लेनदेन व इनके साथियों के बारे में पड़ताल की जा रही है।
60 खातों पर नजर, 25 करोड़ का हुआ लेनदेन
पुलिस ने ऑनलाइन गेम से ठगी के जिस धंधे का खुलासा किया है, उसमें दिल्ली समेत कई प्रदेशों के शातिर शामिल हैं। पुलिस को प्राथमिक जांच में 60 खातों की जानकारी मिली है, जिनके जरिये 25 करोड़ के अवैध लेन-देन की पुष्टि हो चुकी है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने बताया कि इस नेटवर्क को दिल्ली के करावल नगर का रहने वाला धीरज तोमर उर्फ जितेंद्र संचालित करता है। उसके संपर्क में हजारों लोग हैं। पकड़े गए आरोपी भी धीरज को रुपये भेजते थे। वह बदले में नेटवर्क के जरिये उन्हें डिजिटल कॉइन उपलब्ध कराता था, जिनका इस्तेमाल लोगों को ऑनलाइन गेम के प्रति आकर्षित करने में किया जाता था। इन्हीं कॉइन को झांसा देकर बेच देते थे। इस एप से पहचान प्रदर्शित नहीं होती थी।
एसपी दक्षिणी अंशिका वर्मा ने बताया कि इनके कुल 60 खातों की हमें जानकारी मिली है। इनमें से पांच खातों में बीते तीन वर्षों में 25 करोड़ का ट्रांजेक्शन हुआ है। सभी लेन-देन संदिग्ध लग रहे हैं, जिनकी विस्तृत जांच की जा रही है। 10 लाख रुपये पुलिस ने होल्ड भी करा दिए हैं।