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खीरी बवाल: बरेली-पीलीभीत में हाई अलर्ट, किसान नेताओं को किया गया नजरबंद, पुलिस अफसरों को फौरन एक्शन लेने का निर्देश
Sun, 03 Oct 2021 10:03 PM IST
अनुराग सक्सेना
अमर उजाला नेटवर्क, बरेली
अमर उजाला नेटवर्क, बरेली
Published by: अनुराग सक्सेना
Updated Sun, 03 Oct 2021 10:03 PM IST
सार
लखीमपुर खीरी में बवाल के बाद शासन के निर्देश पर पूरे बरेली जोन में हाई अलर्ट कर दिया गया है। किसान बहुल पीलीभीत और शाहजहांपुर जिले में विशेष निगरानी की हिदायत दी गई है। अफसरों को सक्रियता से हालात पर नजर रखने और जरूरत पड़ने पर कार्रवाई करने की हिदायत दी गई है।
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आंदोलन करते किसान
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
लखीमपुर खीरी में बवाल के बाद शासन के निर्देश पर पूरे जोन में हाई अलर्ट कर दिया गया है। लखीमपुर खीरी से सटे किसान बहुल पीलीभीत और शाहजहांपुर जिले में विशेष निगरानी की हिदायत दी गई है। किसान संगठनों की सक्रियता को देखते हुए उत्तराखंड सीमा पर स्थित बरेली के बहेड़ी तहसील क्षेत्र में भी पैनी नजर रखने को कहा गया है।
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किसान आंदोलन में तराई के जिलों के किसान संगठन लगातार सक्रिय हैं। आशंका जताई जा रही है कि लखीमपुर खीरी में हुए बवाल के बाद पीलीभीत, शाहजहांपुर और बहेड़ी के किसान वहां जा सकते हैं या फिर उसकी प्रतिक्रिया यहां देखने को मिल सकती है। इसी आशंका को देखते हुए एडीजी अविनाश चंद्र ने पूरे बरेली जोन में हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। अफसरों को सक्रिय रहकर हालात पर नजर रखने की हिदायत दी गई है ताकि इस बवाल की प्रतिक्रिया दूसरे जिलों में न हो सके। बता दें कि शाहजहांपुर और पीलीभीत जिले की सीमा लखीमपुर खीरी से सटी हुई है। इन दोनों जिलों में बड़ी तादात में किसान लगातार किसान आंदोलन में सक्रिय हैं।
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शासन के संपर्क में अफसर, खुफिया इकाइयां हुईं सक्रिय
लखीमपुर खीरी की घटना के बाद शासन ने बरेली के एडीजी अविनाश चंद्र और आईजी रमित शर्मा को पूरी स्थिति पर नजर रखने के निर्देश दिए हैं। जरूरत पड़ने पर एक्शन लेने को भी कहा है। शासन लगातार दोनों अधिकारियों के संपर्क में बना हुआ है। इंटेलिजेंस और एलआईयू समेत सभी खुफिया इकाइयों को भी सक्रिय कर दिया है। उन्हें हर जरूरी सूचना स्थानीय अधिकारियों और शासन को भेजने का निर्देश दिया गया है। प्रदेश सरकार में राज्यमंत्री बनने के बाद बहेड़ी विधायक छत्रपाल गंगवार रविवार को पहली बार बरेली पहुंचे। कई जगह उनके स्वागत कार्यक्रम होने हैं। इस दौरान किसान संगठनों के विरोध की आशंका देखते हुए पुलिस को अलर्ट किया गया है।
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लखीमपुर खीरी की घटना के बाद पूरे हालात पर नजर रखी जा रही है। पूरे जोन में अलर्ट घोषित कर दिया गया है। अफसरों को फील्ड में रहकर हालात पर नजर रखने को कहा गया है। खीरी सीमा पर कड़ी निगरानी की जा रही है। - अविनाश चंद्र, एडीजी जोन
पीलीभीत में भी अलर्ट जारी
लखीमपुर खीरी के तिकुनिया में हुई घटना को लेकर जनपद में अलर्ट जारी कर दिया गया है। पुलिस चप्पे चप्पे पर नजर बनाए हुए है। धार्मिक स्थालों से लेकर किसान नेताओं पर पुलिस का कड़ा पहरा बना रहा। शाम को पूरनपुर में किसानों ने असम हाईवे पर जाम भी लगा दिया है। पुलिस फोर्स अफसरों की निगरानी में लगातार मौके पर जुटी रही। तिकुनिया में हुई घटना के बाद पूरे जनपद में पुलिस चप्पे चप्पे पर निगरानी में जुट गई। सार्वजनिक स्थलों से लेकर धार्मिक स्थलों पर भी पुलिस लगातार निगरानी करती रही। एसपी ने जनपद में अलर्ट घोषित कर दिया है।
किसान नेताओं को किया नजरबंद
इसी बीच पूरनपुर में देर शाम किसानों ने असम हाईवे को अपने कब्जे में ले लिया। हालांकि पूरनपुर के अलावा अन्य जगहों पर पुलिस की निगरानी में जुटी हुई है। प्रशासनिक अफसर भी लगातार स्थित पर नजर बनाएं हुए है। पुलिस प्रशासन की ओर से किसान नेताओं को भी नजर बंद कर दिया गया। हालांकि पूरनपुर में देर शाम तक स्थित नियंत्रण होने के बावजूद किसानों की संख्या बढ़ती जा रही है। एसपी ने भी किसानों से बातचीत करने का प्रयास किया था। मगर किसानों की ओर से कोई तैयार नहीं हुआ था।
घटना को लेकर पूरे जनपद में अलर्ट जारी किया गया है। किसान नेताओ से वार्ता करने की कोशिश की जा रही है। जनपद के माहौल को बचाकर रखा जाएगा। जनपद का महौल खराब नहीं होने दिया जाएगा।
- दिनेश कुमार, एसपी पीलीभीत
घटना लखीमपुर खीरी जनपद में हुई है। जनपद का मामला नहीं है। कप्तान से वार्ता भी की गई है। उन्होने भी बताया कि जनपद का कोई किसान वहां मौजूद नहीं था। इसके बाद भी सावधानी बरतने के लिए कहा गया है।
- पुलकित खरे, डीएम पीलीभीत
लखीमपुर खीरी के तिकुनिया में हुई घटना को लेकर जनपद में अलर्ट जारी कर दिया गया है। पुलिस चप्पे चप्पे पर नजर बनाए हुए है। धार्मिक स्थालों से लेकर किसान नेताओं पर पुलिस का कड़ा पहरा बना रहा। शाम को पूरनपुर में किसानों ने असम हाईवे पर जाम भी लगा दिया है। पुलिस फोर्स अफसरों की निगरानी में लगातार मौके पर जुटी रही। तिकुनिया में हुई घटना के बाद पूरे जनपद में पुलिस चप्पे चप्पे पर निगरानी में जुट गई। सार्वजनिक स्थलों से लेकर धार्मिक स्थलों पर भी पुलिस लगातार निगरानी करती रही। एसपी ने जनपद में अलर्ट घोषित कर दिया है।
किसान नेताओं को किया नजरबंद
इसी बीच पूरनपुर में देर शाम किसानों ने असम हाईवे को अपने कब्जे में ले लिया। हालांकि पूरनपुर के अलावा अन्य जगहों पर पुलिस की निगरानी में जुटी हुई है। प्रशासनिक अफसर भी लगातार स्थित पर नजर बनाएं हुए है। पुलिस प्रशासन की ओर से किसान नेताओं को भी नजर बंद कर दिया गया। हालांकि पूरनपुर में देर शाम तक स्थित नियंत्रण होने के बावजूद किसानों की संख्या बढ़ती जा रही है। एसपी ने भी किसानों से बातचीत करने का प्रयास किया था। मगर किसानों की ओर से कोई तैयार नहीं हुआ था।
घटना को लेकर पूरे जनपद में अलर्ट जारी किया गया है। किसान नेताओ से वार्ता करने की कोशिश की जा रही है। जनपद के माहौल को बचाकर रखा जाएगा। जनपद का महौल खराब नहीं होने दिया जाएगा।
- दिनेश कुमार, एसपी पीलीभीत
घटना लखीमपुर खीरी जनपद में हुई है। जनपद का मामला नहीं है। कप्तान से वार्ता भी की गई है। उन्होने भी बताया कि जनपद का कोई किसान वहां मौजूद नहीं था। इसके बाद भी सावधानी बरतने के लिए कहा गया है।
- पुलकित खरे, डीएम पीलीभीत