फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   Bareilly College preparing proposal for getting Heritage grants

Bareilly News: हेरिटेज ग्रांट हासिल करने की कवायद में जुटा बरेली कॉलेज, 185 वर्षों का है स्वर्णिम इतिहास

Mon, 06 Feb 2023 09:36 AM IST
मुकेश कुमार अजीत प्रताप सिंह, अमर उजाला बरेली
अजीत प्रताप सिंह, अमर उजाला बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Mon, 06 Feb 2023 09:36 AM IST
सार

बरेली कॉलेज ने हेरिटेज ग्रांट हासिल करने के लिए फिर से कवायद शुरू कर दी है। प्राचार्य ने राजनीति विज्ञान और इतिहास विभाग को इसका प्रस्ताव तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी है। 

विज्ञापन
Bareilly College preparing proposal for getting Heritage grants
बरेली कॉलेज - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

185 वर्षों की ऐतिहासिक विरासत समेटे बरेली कॉलेज को हेरिटेज ग्रांट दिलाने की कवायद एक बार फिर शुरू हो गई है। आठ साल पहले कॉलेज ने यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (यूजीसी) से हेरिटेज ग्रांट के लिए आवेदन किया। मगर किन्हीं वजहों से चयन नहीं हो सका था। अबकी बार प्राचार्य ने पूरी तैयारी के साथ आवेदन आमंत्रित किए जाने पर प्रस्ताव भेजने को कहा है।

विज्ञापन


प्राचार्य प्रोफेसर ओपी राय के मुताबिक बरेली कॉलेज का निर्माण ब्रिटिश काल में साल 1837 में हुआ था। देश को अंग्रजों की गुलामी से आजादी दिलाने में क्रांतिकारियों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को सहयोग देने में कॉलेज का स्वर्णिम इतिहास रहा है। कई राजनीतिक हस्तियां, उपराष्ट्रपति और नेताजी सुभाष चंद्र बोस के आजाद हिंद फौज के लिए भी कॉलेज से आर्थिक सहयोग के लिए छात्रसंघ आगे आया था।

विज्ञापन

संस्कृति और कला के संगम का केंद्र

इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय शायर और साहित्यकार, लेखक भी कॉलेज में लंबे समय तक अध्यापन कार्य किया है। संस्कृति, कला के संगम का केंद्र बरेली कॉलेज है। भवन संरचना भी अनूठी है। कॉलेज के संग्रहालय में भी बरेली का गजेटियर और अन्य कई एतिहासिक सामग्री संरक्षित है।

विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने बताया कि हेरिटेज ग्रांट हासिल करने के लिए प्रस्ताव तैयार कराया जा रहा है। ताकि भविष्य में यूजीसी द्वारा हेरिटेज के संबंध में आवेदन आमंत्रित हों तो पहला आवेदन हम सौंपे। कॉलेज को मिलने वाली ग्रांट से कॉलेज के विकास और सौंदर्यीकरण होगा। बताया कि इतिहास विभाग और राजनीति विज्ञान विभाग के प्रोफेसर को प्रस्ताव तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

2014-15 में दिया गया था हेरिटेज ग्रांट का प्रस्ताव

राजनीति विज्ञान विभाग की प्रोफेसर डॉ. वंदना शर्मा के मुताबिक साल 2014-15 में यूजीसी ने देश भर के कॉलेज से हेरिटेज के संबंध में आवेदन   मांगा था। हालांकि, इनमें वे ही कॉलेज आवेदन कर सकते थे जो करीब सौ साल पुराने हों। इसमें प्रदेश से बरेली कॉलेज बरेली, मेरठ कॉलेज मेरठ और आगरा कॉलेज आगरा की ओर से आवेदन भेजे गए थे। 

देश भर से 60 प्रस्ताव यूजीसी को मिले थे। इनमें से 19 कॉलेज का चुनाव यूजीसी ने हेरिटेज कॉलेज ग्रांट के लिए चुना था। उत्तर प्रदेश के मेरठ कॉलेज को 1.53 करोड़, आगरा को 25 लाख रुपये की ग्रांट मिली थी। किन्ही वजहों से बरेली कॉलेज का चयन नहीं हो सका था। फिलहाल हेरिटेज ग्रांट प्रक्त्रिस्या बंद है, पर हमारी ओर से तैयारी शुरू हो गई है।

प्रस्ताव में इतिहास और अब तक की उपलब्धि

प्रोफेसर वंदना के मुताबिक पूर्व में तैयार प्रस्ताव हमारे पास है। अब उसी प्रस्ताव में आठ साल के बदलाव, उपलब्धि, छात्र-शिक्षक और कर्मचारियों की संख्या, एल्यूमिनाई, नए पाठ्यक्रम, आयोजन समेत अब तक की अपडेट सूचनाएं देनी होंगी। साथ ही, हेरिटेज कॉलेज क्यों है यह भी विवरण देना होगा। विज्ञान, तकनीकी, इतिहास आदि में योगदान बताना होगा। 

फिलहाल डेटा कलेक्ट किया जा रहा है। इसके बाद आगे प्रस्ताव तैयार होगा। हिंदी, संस्कृत, उर्दू, अरबी, फारसी और अंग्रेजी भाषा पढ़ाई जा रही है। एनसीसी की चार कंपनियां हैं। कहा कि अभी इंफ्रास्ट्रक्चर पर कार्य करने की जरूरत है। एतिहासिक उपल?ब्धि के लिए संस्कृति मंत्रालय द्वारा लाइट, लेजर शो भी कराया  जा सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed