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Bareilly News: बरसों से रह रही थी बांग्लादेशी महिला, बनवा लिए थे सारे प्रमाणपत्र
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मीरगंज (बरेली)। पासपोर्ट बनवाने की कोशिश में शीशगढ़ में पकड़ी गई बांग्लादेशी महिला शनिवार को जेल भेज दी गई। निचले स्तर पर ढुलमुल सिस्टम की बदौलत महिला ने भी मतदाता पहचान पत्र से लेकर पेनकार्ड तक बनवा लिया था और नौ साल की उम्र से भारत में रह रही थी। पुलिस ने शुक्रवार को बांग्लादेशी महिला साबरी को गिरफ्तार कर लिया था। शनिवार को उसे कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने महिला को जेल भेज दिया। महिला से पुलिस ने बात की। इसमें पता लगा कि 1980 में साबरी नौ वर्ष की अवस्था में अपनी तहेरी बहन खातून के साथ भारत आ गई थी। सन 1988 में उसकी शादी थाना शीशगढ़ के गांव बुझिया निवासी अली हुसैन के साथ कर दी गई। उसने तीन बेटों और एक बेटी को जन्म दिया बेटी की शादी कर दी। उसने बताया कि उसका पैतृक गांव पैराडिगा थाना सतगढ़ बांग्लादेश है। उसके पिता का नाम मोती उल्ला सरदार है। इस समय वह अपने पति अली हुसैन, बेटे अफजाल इकबाल तथा इरफान के साथ रह रही थी। यहां रहकर उसने अपना आधार कार्ड एवं मतदाता पहचान पत्र भी बनवा लिया। पेनकार्ड भी उसके पास था। महिला अब बांग्लादेश जाना चाहती थी। इसके लिए उसने पासपोर्ट बनवाने के लिए आवेदन किया था जिसकी जांच में उसे बांग्लादेशी पाया गया।
खुफिया अमले की टीम ने जुटाई जानकारी
बांग्लादेशी महिला की गिरफ्तारी की खबर मीडिया में आने के बाद शनिवार को खुफिया अमले की महिला दरोगा भी बरेली से अपनी टीम के साथ शीशगढ़ थाने पहुंचीं और महिला से बात की। सूत्रों के मुताबिक यह भी पता किया जाएगा कि किस तरह महिला ने भारतीय पहचान वाले प्रमाणपत्र बनवा लिए थे, इन्हें बनवाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है।
पहले भी बांग्लादेश जाने की कोशिश में पकड़ी महिला
हाल ही में नवाबगंज थाना क्षेत्र में बांग्लादेशी महिला को पकड़ा गया था। उसकी कहानी भी लगभग ऐसी ही थी। बरसों से यहां रह रही महिला पासपोर्ट बनवाकर बांग्लादेश जाने के प्रयास में पकड़ी गई। अब खुफिया अमला इस बात की भी जांच कर रहा है कि अचानक बरसों बाद महिलाओं को बांग्लादेश जाने की धुन क्यों सवार हुई है, जाहिर है कि बांग्लादेश से पाकिस्तान की सीमा भी लगी है और अवैध घुसपैठ की तमाम कोशिशें इधर से होती हैं।
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वर्जन
पासपोर्ट सत्यापन के दौरान पुलिस की जांच में इस तरह के मामले पकड़े जा रहे हैं। बांग्लादेशी महिला को जेल भेजा जा रहा है। समय-समय पर इस तरह की कार्रवाई पुलिस करती है। जांच में कोई और भी दोषी मिला तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
- राजकुमार अग्रवाल, एसपी देहात
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खुफिया अमले की टीम ने जुटाई जानकारी
बांग्लादेशी महिला की गिरफ्तारी की खबर मीडिया में आने के बाद शनिवार को खुफिया अमले की महिला दरोगा भी बरेली से अपनी टीम के साथ शीशगढ़ थाने पहुंचीं और महिला से बात की। सूत्रों के मुताबिक यह भी पता किया जाएगा कि किस तरह महिला ने भारतीय पहचान वाले प्रमाणपत्र बनवा लिए थे, इन्हें बनवाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है।
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पहले भी बांग्लादेश जाने की कोशिश में पकड़ी महिला
हाल ही में नवाबगंज थाना क्षेत्र में बांग्लादेशी महिला को पकड़ा गया था। उसकी कहानी भी लगभग ऐसी ही थी। बरसों से यहां रह रही महिला पासपोर्ट बनवाकर बांग्लादेश जाने के प्रयास में पकड़ी गई। अब खुफिया अमला इस बात की भी जांच कर रहा है कि अचानक बरसों बाद महिलाओं को बांग्लादेश जाने की धुन क्यों सवार हुई है, जाहिर है कि बांग्लादेश से पाकिस्तान की सीमा भी लगी है और अवैध घुसपैठ की तमाम कोशिशें इधर से होती हैं।
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पासपोर्ट सत्यापन के दौरान पुलिस की जांच में इस तरह के मामले पकड़े जा रहे हैं। बांग्लादेशी महिला को जेल भेजा जा रहा है। समय-समय पर इस तरह की कार्रवाई पुलिस करती है। जांच में कोई और भी दोषी मिला तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
- राजकुमार अग्रवाल, एसपी देहात