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Bareilly News: अड़चन से बचें, औद्योगिक इकाइयों के लिए अग्निशमन एनओसी जरूरी
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औद्योगिक इकाइयों में अग्निशमन सुरक्षा के लिए बृहस्पतिवार को इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन और अग्निशमन विभाग की संयुक्त बैठक स्टेडियम रोड स्थित एक रेस्टोरेंट में हुई। मुख्य अतिथि सीएफओ मनु शर्मा ने समय से एनओसी लेने और परेशानी से दूरी का सुझाव दिया।
औद्योगिक इकाइयों की श्रेणी, जोन के आधार पर वर्गीकरण के तहत अग्निशमन व्यवस्था की जरूरत और जोखिम पर चर्चा की। कहा कि पूर्व में फायर एनओसी के लिए आठ से दस लाख रुपये तक खर्च होते थे, हालांकि, विभागीय प्रक्रिया में बदलाव से लागत आधी हो गई है। उद्यमी को प्रशासनिक, तकनीकी, कानूनी अड़चन से बचाव के लिए एनओसी होना जरूरी बताया। नियमित फायर सेफ्टी ऑडिट, अग्निशमन उपकरणों की जांच, कर्मचारियों का प्रशिक्षण समय-समय पर कराने को कहा। प्रश्नोत्तर सत्र में पुराने उद्योगों में उपकरण आदि लगाने के बारे में भी चर्चा हुई।
कहा कि अग्नि सुरक्षा औपचारिक प्रक्रिया समेत उद्योगों में कर्मियों की सुरक्षा से जुड़ी जिम्मेदारी है। यहां चैप्टर चेयरमैन मयूर, परसाखेड़ा फायर इंचार्ज केके बंसल, आशीष गुप्ता, विमल रिवाड़ी, नीरज गोयल, तनुज भसीन, एसके सिंह, मनोज पंजाबी, अजय शुक्ला अन्य उद्यमी मौजूद रहे।
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औद्योगिक इकाइयों की श्रेणी, जोन के आधार पर वर्गीकरण के तहत अग्निशमन व्यवस्था की जरूरत और जोखिम पर चर्चा की। कहा कि पूर्व में फायर एनओसी के लिए आठ से दस लाख रुपये तक खर्च होते थे, हालांकि, विभागीय प्रक्रिया में बदलाव से लागत आधी हो गई है। उद्यमी को प्रशासनिक, तकनीकी, कानूनी अड़चन से बचाव के लिए एनओसी होना जरूरी बताया। नियमित फायर सेफ्टी ऑडिट, अग्निशमन उपकरणों की जांच, कर्मचारियों का प्रशिक्षण समय-समय पर कराने को कहा। प्रश्नोत्तर सत्र में पुराने उद्योगों में उपकरण आदि लगाने के बारे में भी चर्चा हुई।
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कहा कि अग्नि सुरक्षा औपचारिक प्रक्रिया समेत उद्योगों में कर्मियों की सुरक्षा से जुड़ी जिम्मेदारी है। यहां चैप्टर चेयरमैन मयूर, परसाखेड़ा फायर इंचार्ज केके बंसल, आशीष गुप्ता, विमल रिवाड़ी, नीरज गोयल, तनुज भसीन, एसके सिंह, मनोज पंजाबी, अजय शुक्ला अन्य उद्यमी मौजूद रहे।
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