{"_id":"5a44739b4f1c1b96368b71d5","slug":"31514435483-bareilly-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कर्ज में डूबे किसान ने फांसी लगाकर की आत्महत्या-LAKHIMPUR","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कर्ज में डूबे किसान ने फांसी लगाकर की आत्महत्या-LAKHIMPUR
Updated Thu, 28 Dec 2017 10:01 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
27 एलकेएच 22, 23
कर्ज में डूबे किसान ने फंदे पर लटककर जान दी
- गांव के ही सूदखोरों का था 20 लाख रुपये का कर्ज
- बैंकों का भी 5.5 लाख का कर्जदार था
अमर उजाला ब्यूरो
धौरहरा (लखीमपुर खीरी)।
कर्ज में डूबे गांव सोहरिया के 45 वर्षीय किसान कपिल वर्मा ने बुधवार को अपने ही बाग के एक पेड़ पर फंदा लगाकर जान दे दी। घरवालों का कहना है कि गन्ने की फसल के लिए उन्होंने काफी कर्ज ले रखा था। गांव के ही सूदखोरों का करीब 20 लाख रुपये कर्ज था। इसके अलावा लखाही स्थित पीएनबी शाखा और साधन सहकारी समिति रमियाबेहड़ का भी साढ़े पांच लाख रुपये का कर्जदार था। एक तरफ सूदखोरों का दबाव दूसरी तरफ पर्ची न आने से गन्ने की आपूर्ति भी नहीं हो पा रही थी जिससे वह तनाव में थे।
बुधवार की सुबह करीब आठ बजे वह खेत पर जाने की बात कहकर घर से निकले थे। दोपहर तक घर नहीं पहुंचे तो परिवार के लोगों ने उनकी तलाश शुरू की। अपराह्न तीन बजे गांव के निकट ही उनके ही बाग में एक पेड़ से शव लटकता मिला। यह देख चीखपुकार मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ मौके पर पहुंच गई। शाम करीब सात बजे पुलिस पहुंची। एसएसआई हरिओम श्रीवास्तव ने बताया कि अभी कोई तहरीर पुलिस को नहीं मिली है। घर वाले जो तहरीर देंगे। उसी के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। अगर घरवाले चाहेंगे तो पोस्टमार्टम बृहस्पतिवार को कराया जाएगा।
कर्ज में डूबे होने के कारण आत्महत्या करने की बात सामने आ रही है। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। जो दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।
- घनश्याम त्रिपाठी, एसडीएम धौरहरा
विज्ञापन
कर्ज में डूबे किसान ने फंदे पर लटककर जान दी
- गांव के ही सूदखोरों का था 20 लाख रुपये का कर्ज
- बैंकों का भी 5.5 लाख का कर्जदार था
अमर उजाला ब्यूरो
धौरहरा (लखीमपुर खीरी)।
कर्ज में डूबे गांव सोहरिया के 45 वर्षीय किसान कपिल वर्मा ने बुधवार को अपने ही बाग के एक पेड़ पर फंदा लगाकर जान दे दी। घरवालों का कहना है कि गन्ने की फसल के लिए उन्होंने काफी कर्ज ले रखा था। गांव के ही सूदखोरों का करीब 20 लाख रुपये कर्ज था। इसके अलावा लखाही स्थित पीएनबी शाखा और साधन सहकारी समिति रमियाबेहड़ का भी साढ़े पांच लाख रुपये का कर्जदार था। एक तरफ सूदखोरों का दबाव दूसरी तरफ पर्ची न आने से गन्ने की आपूर्ति भी नहीं हो पा रही थी जिससे वह तनाव में थे।
बुधवार की सुबह करीब आठ बजे वह खेत पर जाने की बात कहकर घर से निकले थे। दोपहर तक घर नहीं पहुंचे तो परिवार के लोगों ने उनकी तलाश शुरू की। अपराह्न तीन बजे गांव के निकट ही उनके ही बाग में एक पेड़ से शव लटकता मिला। यह देख चीखपुकार मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ मौके पर पहुंच गई। शाम करीब सात बजे पुलिस पहुंची। एसएसआई हरिओम श्रीवास्तव ने बताया कि अभी कोई तहरीर पुलिस को नहीं मिली है। घर वाले जो तहरीर देंगे। उसी के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। अगर घरवाले चाहेंगे तो पोस्टमार्टम बृहस्पतिवार को कराया जाएगा।
विज्ञापन
कर्ज में डूबे होने के कारण आत्महत्या करने की बात सामने आ रही है। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। जो दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।
- घनश्याम त्रिपाठी, एसडीएम धौरहरा