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शादी का झांसा देकर रेप में जमानत अर्जी खारिज
Updated Thu, 31 Aug 2017 01:37 AM IST
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बरेली।
शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने और गर्भवती होने पर गर्भपात कराने के दौरान मामला खुलने पर झगड़ा कर भगा देने के आरोपी थाना कैंट के ग्राम सैदपुर खजुरिया निवासी मोहसिन की जमानत अर्जी अपर सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय ब्रजेश मणि त्रिपाठी ने नामंजूर कर दी।
अभियोजन के अनुसार पीड़िता से आरोपी ने कहा कि उसकी पहली बीबी के कोई औलाद नहीं है, उसे दूसरी शादी करनी है, वह पीड़िता से ही करेगा। इस पर उसने शारीरिक संबंध बनाए और पीड़िता के गर्भवती होने पर गर्भपात का दबाव बनाया। पीड़िता की हालत बिगड़ने पर परिवार वालों को पता चला तो आरोपी के परिवारजनों ने पीड़िता के परिवारजनों को गाली गलौज कर भगा दिया। कहा, यह शादी नहीं होगी। न्यायाधीश ने मामले की गंभीरता के मद्देनजर जमानत का कोई आधार नहीं पाया।
पति के फोन का बहाना कर किया दुराचार, अर्जी खारिज
बरेली। मोहल्ले के लड़के ने महिला को रात 11 बजे पुकार कर कहा कि उसके पति को फोन आया है। जब तक महिला ने मामला समझने की कोशिश की तब तक उसे कमरे में जबरन बंद कर रेप किया और विरोध करने पर मारा पीटा। पीड़िता के पति के दिल्ली से आने पर थाना सीबीगंज में घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। एडीजीसी फौजदारी सुनीति कुमार पाठक ने घर में घुसकर बलात्कार को गंभीर मामला बताया। इस पर न्यायाधीश ब्रजेश मणि त्रिपाठी ने थाना सीबीगंज के मोहल्ला बिधौलिया निवासी मुजफ्फर की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
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बिजली का कनेक्शन जोड़ा, मुकदमा जारी
बरेली। सुभाष नगर के मोहल्ला शांति बिहार निवासी रामपाल ने जिलाधिकारी से शासकीय अधिवक्ता की शिकायत की है जिसमें कहा गया है कि विद्युत विभाग द्वारा वांछित धनराशि जमा कर विद्युत कनेक्शन जोड़ दिया गया है, लेकिन शासकीय अधिवक्ता नवदीप सिंह ग्रेवाल चार अप्रैल 2013 से चार्ज लगने के बाद से अब तक न्यायालय में अपेक्षित साक्ष्य पेश नहीं कर सके हैं। रामपाल ने 20 मई 2014, 29 नवंबर 2016, 5 अगस्त व 26 अगस्त 2017 को गवाह पेश करने को न्यायालय में प्रार्थनापत्र दे चुके हैं, लेकिन गवाह पेश नहीं किया जा रहा है, जिससे मुकदमा अनावश्यक लंबा खिंच रहा है। उल्लेखनीय है कि मामला 2009 का है और रामपाल का विद्युत कनेक्शन धनराशि लेकर विभाग चार जून 2011 को जोड़ चुका है।
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शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने और गर्भवती होने पर गर्भपात कराने के दौरान मामला खुलने पर झगड़ा कर भगा देने के आरोपी थाना कैंट के ग्राम सैदपुर खजुरिया निवासी मोहसिन की जमानत अर्जी अपर सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय ब्रजेश मणि त्रिपाठी ने नामंजूर कर दी।
अभियोजन के अनुसार पीड़िता से आरोपी ने कहा कि उसकी पहली बीबी के कोई औलाद नहीं है, उसे दूसरी शादी करनी है, वह पीड़िता से ही करेगा। इस पर उसने शारीरिक संबंध बनाए और पीड़िता के गर्भवती होने पर गर्भपात का दबाव बनाया। पीड़िता की हालत बिगड़ने पर परिवार वालों को पता चला तो आरोपी के परिवारजनों ने पीड़िता के परिवारजनों को गाली गलौज कर भगा दिया। कहा, यह शादी नहीं होगी। न्यायाधीश ने मामले की गंभीरता के मद्देनजर जमानत का कोई आधार नहीं पाया।
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पति के फोन का बहाना कर किया दुराचार, अर्जी खारिज
बरेली। मोहल्ले के लड़के ने महिला को रात 11 बजे पुकार कर कहा कि उसके पति को फोन आया है। जब तक महिला ने मामला समझने की कोशिश की तब तक उसे कमरे में जबरन बंद कर रेप किया और विरोध करने पर मारा पीटा। पीड़िता के पति के दिल्ली से आने पर थाना सीबीगंज में घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। एडीजीसी फौजदारी सुनीति कुमार पाठक ने घर में घुसकर बलात्कार को गंभीर मामला बताया। इस पर न्यायाधीश ब्रजेश मणि त्रिपाठी ने थाना सीबीगंज के मोहल्ला बिधौलिया निवासी मुजफ्फर की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
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बिजली का कनेक्शन जोड़ा, मुकदमा जारी
बरेली। सुभाष नगर के मोहल्ला शांति बिहार निवासी रामपाल ने जिलाधिकारी से शासकीय अधिवक्ता की शिकायत की है जिसमें कहा गया है कि विद्युत विभाग द्वारा वांछित धनराशि जमा कर विद्युत कनेक्शन जोड़ दिया गया है, लेकिन शासकीय अधिवक्ता नवदीप सिंह ग्रेवाल चार अप्रैल 2013 से चार्ज लगने के बाद से अब तक न्यायालय में अपेक्षित साक्ष्य पेश नहीं कर सके हैं। रामपाल ने 20 मई 2014, 29 नवंबर 2016, 5 अगस्त व 26 अगस्त 2017 को गवाह पेश करने को न्यायालय में प्रार्थनापत्र दे चुके हैं, लेकिन गवाह पेश नहीं किया जा रहा है, जिससे मुकदमा अनावश्यक लंबा खिंच रहा है। उल्लेखनीय है कि मामला 2009 का है और रामपाल का विद्युत कनेक्शन धनराशि लेकर विभाग चार जून 2011 को जोड़ चुका है।