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सांकरा घाट पर गंगा में नाव पलटी, दो लापता, 17 बचाए
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दहगवां (बदायूं)। अलीगढ़, संभल और बदायूं जिलों की सीमा वाले सांकरा घाट पर मंगलवार दोपहर एक नाव असंतुलित होकर गंगा नदी में पलट गई। पानी में बहे 19 में 17 लोगों को बचा लिया गया, जबकि दो साल के एक बच्चे और एक युवक का रात तक कुछ पता नहीं चला। सभी लोग जरीफनगर (बदायूं) के गांव में रिश्तेदारी में मुंडन संस्कार में हिस्सा लेने के बाद अलीगढ़ लौट रहे थे।
जरीफनगर के द्वियोरा शेखपुर के रहने वाले मेघसिंह के नाती के मुंडन संस्कार में दादों (अलीगढ़) के गांव नगला बगिया निवासी लाल सिंह का परिवार आया था। लौटते वक्त कासगंज के साहवर थाना क्षेत्र के ग्राम इतवारपुर निवासी भीमसेन भी अपने दो बेटों समेत लाल सिंह के साथ हो लिए। भीमसेन अपने दोनों बेटों को गोद में लेकर नाव में बैठे थे। गुन्नौर (संभल) सीमा पर गंगा नदी किनारे से सांकरा (अलीगढ़) की ओर जाते वक्त मंगलवार दोपहर करीब एक बजे नाव असंतुलित होकर पलट गई।
नाविक समेत सभी लोेग बह गए। भीमसेन ने बड़े बेटे सुमित को तो पकड़ लिया लेकिन दो वर्षीय प्रदीप पकड़ में नहीं आया। लोगों को डूबते देख दूसरे किनारे पर खड़े लोग उन्हें बचाने के लिए गंगा में कूद गए। कुछ मछुआरे भी बचाव में जुट गए। 17 लोगों को निकाल लिया गया लेकिन मासूम प्रदीप और दादों निवासी 18 वर्षीय अमित का कुछ पता नहीं चल सका। बचाए गए तीन लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। उन्हें बदायूं के जिला अस्पताल रेफर किया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, नाविक तैरकर बाहर आने के बाद भाग निकला।
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हादसे की सूचना पर जरीफनगर, गुन्नौर और दादों थानों की पुलिस के साथ ही गुन्नौर के एसडीएम भी मौके पर पहुंच गए। देर रात तक लापता लोगों की तलाश चलती रही लेकिन उनका कुछ पता नहीं चला।
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जरीफनगर के द्वियोरा शेखपुर के रहने वाले मेघसिंह के नाती के मुंडन संस्कार में दादों (अलीगढ़) के गांव नगला बगिया निवासी लाल सिंह का परिवार आया था। लौटते वक्त कासगंज के साहवर थाना क्षेत्र के ग्राम इतवारपुर निवासी भीमसेन भी अपने दो बेटों समेत लाल सिंह के साथ हो लिए। भीमसेन अपने दोनों बेटों को गोद में लेकर नाव में बैठे थे। गुन्नौर (संभल) सीमा पर गंगा नदी किनारे से सांकरा (अलीगढ़) की ओर जाते वक्त मंगलवार दोपहर करीब एक बजे नाव असंतुलित होकर पलट गई।
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नाविक समेत सभी लोेग बह गए। भीमसेन ने बड़े बेटे सुमित को तो पकड़ लिया लेकिन दो वर्षीय प्रदीप पकड़ में नहीं आया। लोगों को डूबते देख दूसरे किनारे पर खड़े लोग उन्हें बचाने के लिए गंगा में कूद गए। कुछ मछुआरे भी बचाव में जुट गए। 17 लोगों को निकाल लिया गया लेकिन मासूम प्रदीप और दादों निवासी 18 वर्षीय अमित का कुछ पता नहीं चल सका। बचाए गए तीन लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। उन्हें बदायूं के जिला अस्पताल रेफर किया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, नाविक तैरकर बाहर आने के बाद भाग निकला।
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हादसे की सूचना पर जरीफनगर, गुन्नौर और दादों थानों की पुलिस के साथ ही गुन्नौर के एसडीएम भी मौके पर पहुंच गए। देर रात तक लापता लोगों की तलाश चलती रही लेकिन उनका कुछ पता नहीं चला।