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ससुर की हत्या में दामाद को उम्र कैद
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बरेली। दस बीघा जमीन के लालच में ससुर की हत्या में दोषी पाए गए दामाद को अपर सत्र न्यायाधीश-14 की अदालत ने उम्र कैद की सजा सुनाई।
थाना आंवला की रहने वाली वीरवती ने 16 जनवरी 14 को लिखाई रिपोर्ट में कहा कि 15 जनवरी को सुबह 11 बजे पति राम गुलाम और दामाद किशनवीर बदायूं के लिए घर से गए थे। शाम के करीब आठ बजे दामाद किशनवीर ने घर आकर बताया कि राम गुलाम किशनपुर के खुशपाल सिंह ठाकुर के खेत में बरसीम में पड़े हैं। किशनवीर और गांव के एहबरन किसी तरह उठाकर राम गुलाम को घर लाए, लेकिन उनकी मौत हो चुकी थी। वीरवती ने कहा कि उसके पति के पास दस बीघा जमीन है, जिस पर दामाद किशनवीर की नजर थी। अभियोजन की ओर से सरकारी वकील जहां आरा ने पक्ष रखा। अदालत ने अभियुक्त किशनवीर को उम्र कैद की सजा सुनाई और बीस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माने की आधी राशि वीरवती को देने का आदेश भी कोर्ट ने किया।
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थाना आंवला की रहने वाली वीरवती ने 16 जनवरी 14 को लिखाई रिपोर्ट में कहा कि 15 जनवरी को सुबह 11 बजे पति राम गुलाम और दामाद किशनवीर बदायूं के लिए घर से गए थे। शाम के करीब आठ बजे दामाद किशनवीर ने घर आकर बताया कि राम गुलाम किशनपुर के खुशपाल सिंह ठाकुर के खेत में बरसीम में पड़े हैं। किशनवीर और गांव के एहबरन किसी तरह उठाकर राम गुलाम को घर लाए, लेकिन उनकी मौत हो चुकी थी। वीरवती ने कहा कि उसके पति के पास दस बीघा जमीन है, जिस पर दामाद किशनवीर की नजर थी। अभियोजन की ओर से सरकारी वकील जहां आरा ने पक्ष रखा। अदालत ने अभियुक्त किशनवीर को उम्र कैद की सजा सुनाई और बीस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माने की आधी राशि वीरवती को देने का आदेश भी कोर्ट ने किया।