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Bareilly News: बधियाकरण पर हर साल एक करोड़ खर्च, फिर भी शहर में घूम रहे 35 हजार कुत्ते
Wed, 20 May 2026 01:34 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Wed, 20 May 2026 01:34 AM IST
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बरेली। कुत्तों के बधियाकरण पर नगर निगम हर साल एक करोड़ रुपये खर्च कर रहा है। फिर भी इनकी तादाद कम नहीं हो रही। शहर में 35 हजार कुत्तों का आतंक है। हाल के महीनों में कुत्तों के हमलों की घटनाएं बढ़ी हैं। इससे बच्चे और बुजुर्ग खौफ में हैं। स्कूल, अस्पताल, बाजार और रिहायशी कॉलोनियों में झुंड में घूम रहे कुत्ते लोगों के लिए खतरा बन चुके हैं। सुभाषनगर, किला, बानखाना, राजेंद्रनगर, डेलापीर, इज्जतनगर, सीबीगंज और सेटेलाइट जैसे प्रमुख इलाकों में सुबह-शाम कुत्तों के झुंड घूमते रहते हैं। इससे राहगीरों और बाइक सवारों का निकलना दूभर हो गया है। इसी बीच, सुप्रीम कोर्ट की ओर से डॉग लवर्स की याचिका खारिज किए जाने के बाद अब नगर निगम की जवाबदेही काफी बढ़ गई है।
सीबीगंज के परसाखेड़ा में 1.40 करोड़ से बना एनिमल बर्थ कंट्रोल (एबीसी) सेंटर का संचालन भी शुरू नहीं हो सका है। कुत्तों की संख्या पर लगाम लगाने के लिए नगर निगम ने बीते वित्त वर्ष में एक करोड़ रुपये से अधिक का बजट जारी किया था। मार्च तक 2900 कुत्तों का बधियाकरण किया गया। आरोप है कि नगर निगम ने टेंडर प्रक्रिया में लापरवाही बरतते हुए ऐसी फर्म को संचालन का ठेका दिया, जो पहले से ही कई राज्यों में डिबार है। टेंडर में महज दो फर्मों ने हिस्सा लिया था, जिसमें से दागी फर्म को चुना गया था। सुप्रीम कोर्ट के सख्त रुख के बाद अब नगर निगम प्रशासन दावों और कागजी तैयारियों को धरातल पर उतारने के दबाव में है।
वर्जन
कुत्तों के बधियाकरण का अभियान तेज किया जाएगा। एबीसी सेंटर का संचालन भी सुनिश्चित किया जाएगा। - संजीव कुमार मौर्य, नगर आयुक्त
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सीबीगंज के परसाखेड़ा में 1.40 करोड़ से बना एनिमल बर्थ कंट्रोल (एबीसी) सेंटर का संचालन भी शुरू नहीं हो सका है। कुत्तों की संख्या पर लगाम लगाने के लिए नगर निगम ने बीते वित्त वर्ष में एक करोड़ रुपये से अधिक का बजट जारी किया था। मार्च तक 2900 कुत्तों का बधियाकरण किया गया। आरोप है कि नगर निगम ने टेंडर प्रक्रिया में लापरवाही बरतते हुए ऐसी फर्म को संचालन का ठेका दिया, जो पहले से ही कई राज्यों में डिबार है। टेंडर में महज दो फर्मों ने हिस्सा लिया था, जिसमें से दागी फर्म को चुना गया था। सुप्रीम कोर्ट के सख्त रुख के बाद अब नगर निगम प्रशासन दावों और कागजी तैयारियों को धरातल पर उतारने के दबाव में है।
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कुत्तों के बधियाकरण का अभियान तेज किया जाएगा। एबीसी सेंटर का संचालन भी सुनिश्चित किया जाएगा। - संजीव कुमार मौर्य, नगर आयुक्त