फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Barabanki News ›   Trains passing sleepers were broken, the lives of passengers at risk

टूटे स्लीपरों से गुजर रहीं ट्रेनें, जोखिम में यात्रियों की जान

Sun, 26 Feb 2017 11:47 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/बाराबंकी
अमर उजाला ब्यूरो/बाराबंकी Updated Sun, 26 Feb 2017 11:47 PM IST
विज्ञापन
Trains passing sleepers were broken, the lives of passengers at risk
रेलवे विभाग की लापरवाही ट्रेन यात्रियों के लिए जानलेवा साबित हो सकती हैं।  गोंडा-लखनऊ रेलवे पर टूटे पड़े स्लीपर करीब सौ से अधिक यात्री व मालगाड़ियां 24 घंटे में गुजर रही हैं। जबकि विभाग का दावा है कि नियमित ट्रैक का निरीक्षण किया जाता है।
विज्ञापन


बुढ़वल रेलवे स्टेशन के निकट साधारणपुर गांव से गुजरी रेलवे पटरी पर कई दिनों से टूटे स्लीपर किसी बड़े हादसे का साफ संकेत दे रहे हैं। कुछ माह पहले कानपुर के आगे हुए रेल हादसों में कई यात्रियों की जानें चली गईं थीं। कई घायल भी हुए थे।
विज्ञापन


दोनों ही घटनाओं को रेलवे ने गंभीरता से लिया था और रेलवे ट्रैकों की निगरानी बढ़ाए जाने के आदेश दिए थे। इसके बाद अभी रेलपथ अधिकारी नहीं चेत रहे। गोंडा-लखनऊ रेल खंड यात्रियों के लिए जानलेवा बना हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस रूट पर बुढवल रेलवे स्टेशन के पास साधारणपुर गांव के निकट कई स्लीपर पूरी तरह से टूट हुए हैं। इन टूटे स्लीपरों पर प्रतिदिन 86 एक्सप्रेस व पैसेंजर ट्रेनें गुजरती हैं। इसके अलावा करीब 25 मालगाड़ियों का भी आवागमन होता है। 


इन ट्रेनों से रोजाना हजारों यात्री जान जोखिम में डाल अपना सफर तय करते हैं। इस ट्रैक क नियमित निरीक्षण करने वाले अधिकारियों को साधारणपुर गांव के पास टूटे स्लीपर नहीं दिखाई दे रहे। अधिकारियों की लापरवाही से इस रूट पर कभी भी बड़ा हादसा हो सकता हैै। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed