{"_id":"56f6cced4f1c1b9b2ef14d4c","slug":"spread-silence-in-offices","type":"story","status":"publish","title_hn":"अवकाश के बाद खुले दफ्तरों में पसरा रहा सन्नाटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अवकाश के बाद खुले दफ्तरों में पसरा रहा सन्नाटा
अमर उजाला ब्यूरो/बाराबंकी
Updated Sat, 26 Mar 2016 11:25 PM IST
विज्ञापन
बाराबंकी में शनिवार को विकास भवन में 11:20 बजे खाली पड़ी नेडा अधिकारी की कुर्सी।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
होली के अवकाश के बाद शनिवार को दफ्तर तो खुले लेकिन इनमें अधिकारी से लेकर कर्मचारी तक कोई नजर नहीं आया। कई कार्यालयों में तो ताले ही लटकते दिखाई दिए। वहीं जो कार्यालय खुले थे उनमें लोग एक दूसरे के गले मिल होली की बधाई देते दिखाई दिए।
अधिकारियों और कर्मचारियों के बिना सूचना गैरहाजिर होने पर जिलाधिकारी ने ऐसे अधिकारियों से जवाब तलब करने की बात कही है।
होली के अवकाश के बाद शनिवार को कार्यालय खुले, लेकिन विकास भवन स्थित कार्यालयों का नजर कुछ अलग ही दिखाई दिया। यहां पर कई कार्यालयों में अधिकारी से लेकर कर्मचारी तक नदारद दिखाई दिए। यहीं नहीं कई कार्यालयों में तो दिनभर ताला ही लटकता दिखाई दिया।
इससे लग रहा था कि यह कार्यालय खोला ही नहीं गया है। जानकारी करने पर अन्य कार्यालय में मौजूद कर्मचारियों ने बताया कि शनिवार को कार्यालय खोल दिए गए जबकि अगले दिन रविवार है। सोमवार को ही कार्यालय पूरी तरह से खुलेंगे और अधिकारी से लेकर कर्मचारी भी मिलेंगे।
विज्ञापन
शनिवार को नेडा कार्यालय, कृषि अधिकारी कार्यालय, जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी कार्यालय में पड़ी अधिकारियों और कर्मचारियों की कुर्सियां खाली दिखाई दीं। इससे इन कार्यालयों में दिनभर सन्नाटा पसरा रहा। जानकारी करने पर बताया गया कि यह अधिकारी कार्यालय ही नहीं आए हैं।
विज्ञापन
अधिकारियों और कर्मचारियों के बिना सूचना गैरहाजिर होने पर जिलाधिकारी ने ऐसे अधिकारियों से जवाब तलब करने की बात कही है।
होली के अवकाश के बाद शनिवार को कार्यालय खुले, लेकिन विकास भवन स्थित कार्यालयों का नजर कुछ अलग ही दिखाई दिया। यहां पर कई कार्यालयों में अधिकारी से लेकर कर्मचारी तक नदारद दिखाई दिए। यहीं नहीं कई कार्यालयों में तो दिनभर ताला ही लटकता दिखाई दिया।
विज्ञापन
इससे लग रहा था कि यह कार्यालय खोला ही नहीं गया है। जानकारी करने पर अन्य कार्यालय में मौजूद कर्मचारियों ने बताया कि शनिवार को कार्यालय खोल दिए गए जबकि अगले दिन रविवार है। सोमवार को ही कार्यालय पूरी तरह से खुलेंगे और अधिकारी से लेकर कर्मचारी भी मिलेंगे।
विज्ञापन
शनिवार को नेडा कार्यालय, कृषि अधिकारी कार्यालय, जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी कार्यालय में पड़ी अधिकारियों और कर्मचारियों की कुर्सियां खाली दिखाई दीं। इससे इन कार्यालयों में दिनभर सन्नाटा पसरा रहा। जानकारी करने पर बताया गया कि यह अधिकारी कार्यालय ही नहीं आए हैं।