{"_id":"6a6fa6d904269ac35700aa9c","slug":"no-staff-at-haidargarh-bus-station-for-20-days-barabanki-news-c-315-1-brb1038-176057-2026-08-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Barabanki News: हैदरगढ़ बस स्टेशन पर 20 दिन से नहीं कर्मचारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Barabanki News: हैदरगढ़ बस स्टेशन पर 20 दिन से नहीं कर्मचारी
Mon, 03 Aug 2026 01:51 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Mon, 03 Aug 2026 01:51 AM IST
विज्ञापन
हैदरगढ़। परिवहन निगम के अधिकारियों की उदासीनता से हैदरगढ़ डिपो का बस स्टेशन प्रभावित है। 13 जुलाई 2026 से यहां कोई कर्मचारी तैनात नहीं है। जून 2026 में शुरू की गई स्मार्ट एमएसटी बनाने की सुविधा भी 15 जुलाई, 2026 से बंद है।
यात्रियों को बसों के आवागमन के बारे में जानकारी नहीं मिल पा रही है। करीब 25 साल पहले हैदरगढ़ डिपो का संचालन लखनऊ से शुरू हुआ था। डिपो में 100 से अधिक बसें प्रदेश के जिलों और अन्य प्रांतों तक चलती हैं। 2020 में करोड़ों रुपये की लागत से बने बस स्टेशन तक अब एक भी बस नहीं पहुंचती। स्टेशन काफी समय तक गार्डों के सहारे संचालित होता रहा। जून 2026 में टीआई रोहित कुमार गौड़ को यहां तैनात किया गया था। उनकी तैनाती के बाद स्मार्ट एमएसटी और पुरानी एमएसटी के नवीनीकरण की सुविधा शुरू हुई थी। गैर-मौसमी अवधि में करीब आठ एमएसटी बनाई गईं और कई का नवीनीकरण भी हुआ। स्कूल-कॉलेज खुलने पर एमएसटी बनाने की संख्या बढ़ने की संभावना थी, लेकिन टीआई रोहित कुमार गौड़ को हटाकर बसों में सवारियों की जांच का काम सौंप दिया गया। इसके कारण 15 जुलाई, 2026 से एमएसटी की सुविधा ठप हो गई। बाराबंकी डिपो की अनुबंधित और दिल्ली जाने वाली बसों के प्रवेश के लिए भी कोई कर्मचारी नहीं है। बसों के आवागमन के समय की जानकारी न मिलने से यात्री परेशान हो रहे हैं।
सुरक्षा के लिए बस स्टेशन पर आठ-आठ घंटे की शिफ्ट में तीन गार्ड तैनात हैं। डिपो में कर्मचारियों की कमी के कारण यह परेशानी हो रही है। जल्दी ही कर्मचारी की तैनाती की जाएगी।
विज्ञापन
जगदीश प्रसाद, एआरएम
विज्ञापन
यात्रियों को बसों के आवागमन के बारे में जानकारी नहीं मिल पा रही है। करीब 25 साल पहले हैदरगढ़ डिपो का संचालन लखनऊ से शुरू हुआ था। डिपो में 100 से अधिक बसें प्रदेश के जिलों और अन्य प्रांतों तक चलती हैं। 2020 में करोड़ों रुपये की लागत से बने बस स्टेशन तक अब एक भी बस नहीं पहुंचती। स्टेशन काफी समय तक गार्डों के सहारे संचालित होता रहा। जून 2026 में टीआई रोहित कुमार गौड़ को यहां तैनात किया गया था। उनकी तैनाती के बाद स्मार्ट एमएसटी और पुरानी एमएसटी के नवीनीकरण की सुविधा शुरू हुई थी। गैर-मौसमी अवधि में करीब आठ एमएसटी बनाई गईं और कई का नवीनीकरण भी हुआ। स्कूल-कॉलेज खुलने पर एमएसटी बनाने की संख्या बढ़ने की संभावना थी, लेकिन टीआई रोहित कुमार गौड़ को हटाकर बसों में सवारियों की जांच का काम सौंप दिया गया। इसके कारण 15 जुलाई, 2026 से एमएसटी की सुविधा ठप हो गई। बाराबंकी डिपो की अनुबंधित और दिल्ली जाने वाली बसों के प्रवेश के लिए भी कोई कर्मचारी नहीं है। बसों के आवागमन के समय की जानकारी न मिलने से यात्री परेशान हो रहे हैं।
विज्ञापन
सुरक्षा के लिए बस स्टेशन पर आठ-आठ घंटे की शिफ्ट में तीन गार्ड तैनात हैं। डिपो में कर्मचारियों की कमी के कारण यह परेशानी हो रही है। जल्दी ही कर्मचारी की तैनाती की जाएगी।
विज्ञापन
जगदीश प्रसाद, एआरएम