फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   Two brothers coming to celebrate Janmashtami died in an accident

Banda News: जन्माष्टमी मनाने आ रहे दो भाइयों की हादसे में मौत

Sat, 16 Aug 2025 11:44 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 16 Aug 2025 11:44 PM IST
विज्ञापन
Two brothers coming to celebrate Janmashtami died in an accident
फोटो7- मृतक आशुतोष द्विवेदी। फाइल फोटो- स्रोत- परिजन।
विज्ञापन


फोटो8- मृतक उत्कर्ष द्विवेदी। फाइल फोटो। स्रोत- परिजन।

फोटो9- बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे में क्षतिग्रस्त गाड़ी को हाईवे से हटाती हुई क्रेन। संवाद

फोटो10- मृतक दो भाइयों के हिंदू इंटर कॉलेज स्थित घर में मौजूद रोती बिलखती महिलाएं। संवाद

महोबा के खन्ना में बुंदेलखंड एक्सप्रेस पर ट्रक में पीछे से घुसी कार
अतर्रा के हिंदू इंटर कॉलेज के प्रवक्ता के बेटे थे
संवाद न्यूज एजेंसी
अतर्रा (बांदा)। जन्माष्टमी मनाने दिल्ली से घर आ रहे हिंदू इंटर कॉलेज के प्रवक्ता संतोष द्विवेदी के बेटों की कार शुक्रवार को बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर ट्रक में घुस गई। महोबा जिले के खन्ना कस्बे के पास हुए हादसे में बड़े बेटे आशुतोष द्विवेदी (32) और छोटे बेटे उत्कर्ष द्विवेदी (28) की मौके पर ही मौत हो गई।

प्रवक्ता संतोष द्विवेदी ने बताया कि सबसे बड़ा बेटा आशुतोष द्विवेदी दिल्ली में रहकर सिविल सेवा की तैयारी कर रहा था। छोटा बेटा उत्कर्ष दिल्ली के शासकीय इंटर कॉलेज में अध्यापक पद पर कार्यरत था। लगातार चार दिन का अवकाश होने पर दोनों भाई जन्माष्टमी मनाने घर आ रहे थे। कार बड़ा भाई आशुतोष चला रहा था। आशंका है कि शुक्रवार को तड़के झपकी आने के कारण वाहन का संतुलन बिगड़ गया। हादसा बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के 86.4 किलोमीटर पॉइंट पर हुआ।
विज्ञापन

हादसा इतना भयावह था कि गाड़ी के परखच्चे उड़ने के साथ दोनों के शव क्षत-विक्षप्त हो गए। पुलिस और यूपीडा कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद उन्हें बाहर निकाला। फोन लाॅक न खुल पाने के कारण स्थानीय पुलिस ने मौके पर मिले आधार कार्ड एवं ड्राइविंग लाइसेंस से दोनों की पहचान कर परिजनों को सूचना दी। सुबह आठ बजे जब पिता संतोष द्विवेदी को हादसे की खबर फोन से मिली तो वह बदहवास हो गए।
विज्ञापन
विज्ञापन



साइड स्टोरी


मझले भाई ने किया अंतिम संस्कार, हर आंख हुई नम
अतर्रा। महोबा से पोस्टमार्टम के बाद शुक्रवार की देर शाम दोनों पुत्रों के शव घर लाए गए। मां वंदना सहित महिलाओं की चीख-पुकार से माहौल करुणामय हो उठा। शाम को ही कस्बे के मुक्तिधाम में दोनों भाइयों की अगल बगल चिता बनाकर एक साथ अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि मंझले भाई अक्षय द्विवेदी ने दी।
अंतिम संस्कार में भाजपा जिलाध्यक्ष कल्लू राजपूत, विधायक नरैनी ओममणि वर्मा, पूर्व पालिकाध्यक्ष विनोद जैन, एसडीएम राहुल द्विवेदी, आरएसएस पदाधिकारी सहित कॉलेज, नगर के लोग शामिल हुए। घटना के बाद हिंदू इंटर कॉलेज का विशाल परिसर लोगों की भीड़ से भर गया। सुबह से देर रात तक लोग सांत्वना देने और जानकारी लेने के लिए पहुंचते रहे।
बताया जाता है कि संतोष द्विवेदी मूल रूप से कौशांबी जिले के ग्राम दिया के निवासी हैं। दो अविवाहित पुत्रों की एक साथ मौत ने न केवल परिवार बल्कि पूरे अतर्रा कस्बे को गहरे सदमे में डाल दिया है।

पुत्रों की लंबी उम्र के लिए मां ने रखा था हरछठ व्रत
हादसे से एक दिन पहले ही आशुतोष और उत्कर्ष की मां वंदना ने उनकी लंबी उम्र के लिए हरछठ का व्रत रखा था। किसे पता था कि अगले ही दिन दोनों बेटे हमेशा के लिए दुनिया से विदा हो जाएंगे। मां बार-बार पुत्रों का नाम लेकर बेसुध हो जाती थी। आशुतोष व उत्कर्ष द्विवेदी ने कस्बे के तथागत ज्ञानस्थली सीनियर सेकेंडरी स्कूल से प्रारंभिक शिक्षा प्राप्त की थी। दोनों ही भाई पढ़ाई में अच्छे थे।

दो पुत्रों की मौत से पिता संतोष द्विवेदी और मां वंदना द्विवेदी पूरी तरह टूट चुके हैं। मंझले भाई अक्षय की आंखों से आंसू रुक नहीं रहे थे। वह बार-बार दोनों भाइयों की यादों में खोकर रो पड़ते और माता-पिता को ढांढस बंधाने की कोशिश करते रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed