{"_id":"699b59e78b9b24f7b80bb41b","slug":"the-third-accused-engineer-aaqib-may-appear-in-banda-and-the-hearing-is-scheduled-for-march-9-banda-news-c-212-1-bnd1017-141585-2026-02-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Banda News: बांदा पेशी पर आ सकता है तीसरा आरोपी इंजीनियर आकिब, नौ मार्च को सुनवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Banda News: बांदा पेशी पर आ सकता है तीसरा आरोपी इंजीनियर आकिब, नौ मार्च को सुनवाई
Mon, 23 Feb 2026 01:02 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Mon, 23 Feb 2026 01:02 AM IST
विज्ञापन
बांदा। यौन शोषण के चर्चित मामले में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने सजा पाए दंपती के बाद अब तीसरे आरोपी दिल्ली निवासी इंजीनियर मोहम्मद आकिब के खिलाफ तेजी से सुबूत जुटाने शुरू कर दिए हैं। इस मामले की अगली सुनवाई नौ मार्च को बांदा की पाक्सो न्यायालय में होनी है, जिसमें यह संभव है कि इंजीनियर आकिब भी अदालत में पेश हो सकता हैं। हालांकि, इस पर अभी अंतिम मुहर नहीं लगी है।
यह मामला अक्टूबर 2020 में बांदा में पाक्सो एक्ट के तहत दर्ज किया गया था। आरोप है कि आरोपी रामभवन और उसकी पत्नी दुर्गावती ने ई-मेल के माध्यम से अश्लील सामग्री का आदान-प्रदान किया और उसे दूसरे देशों में भेजकर लाखों रुपये कमाए। इस रैकेट में तीसरे आरोपी इंजीनियर मोहम्मद आकिब की भूमिका अहम बताई जा रही है। आरोप है कि आकिब, रामभवन से ई-मेल के जरिए अश्लील सामग्री प्राप्त करता था और फिर उसे विभिन्न ग्राहकों को भेजकर रुपये कमाता था, जिसे दोनों मिलकर बांट लेते थे। जांच में यह भी सामने आया है कि देश के कई शहरों में ग्राहकों को पोर्न वीडियो भेजे जाते थे।
सीबीआई के लोक अभियोजक दारा सिंह मीना ने बताया कि जांच एजेंसी अपना काम पूरी लगन से कर रही है। वर्तमान में गूगल सहित आठ अन्य लोगों के बयान दर्ज कराए जाने हैं। उम्मीद है कि अगले तीन-चार महीनों में यह मामला अंतिम चरण में पहुंच जाएगा। जांच के बाद आरोप पत्र दाखिल किया गया है और पाक्सो न्यायालय में गवाही का दौर जारी है। नौ मार्च को होने वाली अगली सुनवाई पर तीसरे आरोपी इंजीनियर मोहम्मद आकिब के अदालत में पेश होने की संभावना है। सीबीआई जांच एजेंसी सभी साक्ष्यों का गहन विश्लेषण करेगी और संबंधित व्यक्तियों के बयानों को दर्ज करने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई तय करेगी।
विज्ञापन
अनपरा से हुई थी पहली गिरफ्तारी
सीबीआई ने सितंबर 2020 में सोनभद्र के अनपरा में तैनात रहे इंजीनियर नीरज कुमार को गिरफ्तार किया था, जिससे जेई रामभवन की गतिविधियों का खुलासा शुरू हुआ। नीरज के पास से बरामद ई-मेल और पेन ड्राइव में कई महत्वपूर्ण सुराग मिले थे, जिसके बाद सीबीआई की जांच तेज हुई और अंततः रामभवन व उसकी पत्नी को सजा दिलाने में सफल रही।
विज्ञापन
यह मामला अक्टूबर 2020 में बांदा में पाक्सो एक्ट के तहत दर्ज किया गया था। आरोप है कि आरोपी रामभवन और उसकी पत्नी दुर्गावती ने ई-मेल के माध्यम से अश्लील सामग्री का आदान-प्रदान किया और उसे दूसरे देशों में भेजकर लाखों रुपये कमाए। इस रैकेट में तीसरे आरोपी इंजीनियर मोहम्मद आकिब की भूमिका अहम बताई जा रही है। आरोप है कि आकिब, रामभवन से ई-मेल के जरिए अश्लील सामग्री प्राप्त करता था और फिर उसे विभिन्न ग्राहकों को भेजकर रुपये कमाता था, जिसे दोनों मिलकर बांट लेते थे। जांच में यह भी सामने आया है कि देश के कई शहरों में ग्राहकों को पोर्न वीडियो भेजे जाते थे।
विज्ञापन
सीबीआई के लोक अभियोजक दारा सिंह मीना ने बताया कि जांच एजेंसी अपना काम पूरी लगन से कर रही है। वर्तमान में गूगल सहित आठ अन्य लोगों के बयान दर्ज कराए जाने हैं। उम्मीद है कि अगले तीन-चार महीनों में यह मामला अंतिम चरण में पहुंच जाएगा। जांच के बाद आरोप पत्र दाखिल किया गया है और पाक्सो न्यायालय में गवाही का दौर जारी है। नौ मार्च को होने वाली अगली सुनवाई पर तीसरे आरोपी इंजीनियर मोहम्मद आकिब के अदालत में पेश होने की संभावना है। सीबीआई जांच एजेंसी सभी साक्ष्यों का गहन विश्लेषण करेगी और संबंधित व्यक्तियों के बयानों को दर्ज करने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई तय करेगी।
विज्ञापन
अनपरा से हुई थी पहली गिरफ्तारी
सीबीआई ने सितंबर 2020 में सोनभद्र के अनपरा में तैनात रहे इंजीनियर नीरज कुमार को गिरफ्तार किया था, जिससे जेई रामभवन की गतिविधियों का खुलासा शुरू हुआ। नीरज के पास से बरामद ई-मेल और पेन ड्राइव में कई महत्वपूर्ण सुराग मिले थे, जिसके बाद सीबीआई की जांच तेज हुई और अंततः रामभवन व उसकी पत्नी को सजा दिलाने में सफल रही।