फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   Screws will be tightened on those who rescued former head

पूर्व प्रधान को छुड़ाने वालों पर कसेगा शिकंजा

Thu, 18 Jun 2020 11:12 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 18 Jun 2020 11:12 PM IST
विज्ञापन
Screws will be tightened on those who rescued former head
पूर्व प्रधान को वाहन से उतारती पुलिस। - फोटो : BANDA
मटौंध। पूर्व प्रधान को पुलिस हिरासत से जबरन छुड़ाने के मामले में पुलिस ने सरकारी कार्य में बाधा डालने का मामला दर्ज किया है। इस मामले में पूर्व प्रधान की पत्नी, पुत्र समेत कई लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
विज्ञापन

बुधवार को थाना क्षेत्र के उजरेहटा गांव में अवैध खनन और ट्रैक्टरों से हो रही बालू की ढुलाई की धरपकड़ करने एसआई सुरेंद्र प्रताप सिंह और सुनील सिंह फोर्स के साथ गए थे। भनक पाकर चालक ट्रैक्टर छोड़कर भाग गया। पुलिस ने ट्रैक्टर ट्राली सीज कर दी। इसके बाद पुलिस गांव के बाहर बबूल के जंगल में पहुंच गई। यहां भारी मात्रा में बालू डंप थी।
विज्ञापन

उपनिरीक्षक सुरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि इनमें एक डंप पूर्व प्रधान रामस्वरूप वर्मा का बताया गया। वहां एक खाली ट्राली भी खड़ी थी। पुलिस ने कुछ दूरी पर मौजूद पूर्व प्रधान को पकड़कर पूछताछ की तो प्रधान ने विरोध किया। पुलिस ने पिटाई कर उसे अपने वाहन में बैठा लिया। इस पर पूर्व प्रधान की पत्नी, परिजन और समर्थक आ गए और पुलिस वाहन को घेर लिया। महिलाएं पुलिस वाहन में घुसकर पूर्व प्रधान को बाहर निकालने की कोशिश करने लगीं। काफी देर तक पुलिस से नोकझोंक और हंगामा हुआ।
विज्ञापन
विज्ञापन

ग्रामीणों का आरोप था कि पुलिस 1500 रुपये प्रति ट्राली लेकर अवैध खनन करा रही है। हालात की नजाकत भांपकर पुलिस बैकफुट पर आ गई और पूर्व प्रधान को परिजनों के हवाले कर दिया। हंगामे और बवाल का गांव के कुछ लोगों ने वीडियो बना लिया। पुलिसकर्मी भी वीडियो रिकार्डिंग कर रहे थे। ग्रामीणों का बनाया वीडियो बुधवार की रात वायरल हो गया।

गुरुवार के अंक में ‘अमर उजाला’ में यह खबर छपी। उपनिरीक्षक सुरेंद्र सिंह ने बताया कि पूर्व प्रधान को अपने वाहन पर बैठाकर थाने ला रहे थे। तभी उसकी पत्नी केसर, उसका पुत्र, चौकीदार की पत्नी और पुत्र ने विरोध करते हुए वाहन रुकवा लिया। पूर्व प्रधान को जबरन उतारने का प्रयास किया। महिलाएं वाहन में घुसने लगीं। बताया कि बढ़ते दबाव के चलते पूर्व प्रधान रामस्वरूप को छोड़ना पड़ा। बताया कि इनके खिलाफ सरकारी कामों में बाधा डालने की रिपोर्ट दर्ज की गई है। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं की गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed