{"_id":"5f6a334b8ebc3ee3f6148276","slug":"locking-of-mandi-gate-on-second-day-in-banda-galla-business-stalled-banda-news-knp584190153","type":"story","status":"publish","title_hn":"बांदा में दूसरे दिन भी मंडी गेट पर ताला, गल्ला कारोबार ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बांदा में दूसरे दिन भी मंडी गेट पर ताला, गल्ला कारोबार ठप
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। मंडी शुल्क और सेस समाप्त किए जाने की मांग लेकर गल्ला व्यापारियों की हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रही। व्यापारियों ने मंडी समिति के मुख्य गेट पर ताला जड़कर प्रदर्शन किया। हड़ताल से 25 से 30 हजार रुपये रोजाना की राजस्व की क्षति हो रही है।
दो फीसदी मंडी शुल्क व आधार प्रतिशत सेस लागू किए जाने पर व्यापारी आंदोलित हैं। गल्ला व्यापार मंडल के कार्यवाहक अध्यक्ष विष्णु गुप्ता का कहना है कि पूरे देश में यह दोनों टैक्स खत्म किए जा चुके हैं।
प्रदेश सरकार यहां क्यों वसूल रही है? व्यापारी संगठन ने इस मुद्दे पर छह दिवसीय हड़ताल कर रखी है। मंडल मुख्यालय स्थित मंडी समिति में गल्ला कारोबार पूरी तरह ठप है। हड़ताल के दौरान धरने में कृष्ण प्रकाश गुप्ता, रामऔतार गुप्ता, उमाशंकर गुप्ता, प्रदीप गुप्ता, चारूचंद्र खरे, सत्यप्रकाश सराफ, कमलेश कुमार, सुरेश कुमार, फूल सिंह, शिवपूजन गुप्ता आदि व्यापारी शामिल रहे। उधर, हड़ताल से किसान अपनी उपज बेचने को भटक रहे हैं। गिरवां गांव से आए रामनरेश ने बताया कि उन्हें अपना गल्ला बेचना था। मंडी में हड़ताल अब उसे बाजार में बेचना पड़ेगा। यही बात मवई गांव के किसान रामदीन ने भी कही।
विज्ञापन
विज्ञापन
बांदा। मंडी शुल्क और सेस समाप्त किए जाने की मांग लेकर गल्ला व्यापारियों की हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रही। व्यापारियों ने मंडी समिति के मुख्य गेट पर ताला जड़कर प्रदर्शन किया। हड़ताल से 25 से 30 हजार रुपये रोजाना की राजस्व की क्षति हो रही है।
दो फीसदी मंडी शुल्क व आधार प्रतिशत सेस लागू किए जाने पर व्यापारी आंदोलित हैं। गल्ला व्यापार मंडल के कार्यवाहक अध्यक्ष विष्णु गुप्ता का कहना है कि पूरे देश में यह दोनों टैक्स खत्म किए जा चुके हैं।
विज्ञापन
प्रदेश सरकार यहां क्यों वसूल रही है? व्यापारी संगठन ने इस मुद्दे पर छह दिवसीय हड़ताल कर रखी है। मंडल मुख्यालय स्थित मंडी समिति में गल्ला कारोबार पूरी तरह ठप है। हड़ताल के दौरान धरने में कृष्ण प्रकाश गुप्ता, रामऔतार गुप्ता, उमाशंकर गुप्ता, प्रदीप गुप्ता, चारूचंद्र खरे, सत्यप्रकाश सराफ, कमलेश कुमार, सुरेश कुमार, फूल सिंह, शिवपूजन गुप्ता आदि व्यापारी शामिल रहे। उधर, हड़ताल से किसान अपनी उपज बेचने को भटक रहे हैं। गिरवां गांव से आए रामनरेश ने बताया कि उन्हें अपना गल्ला बेचना था। मंडी में हड़ताल अब उसे बाजार में बेचना पड़ेगा। यही बात मवई गांव के किसान रामदीन ने भी कही।
विज्ञापन