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नदी के गड्ढे में डूबकर खदान कर्मी की मौत
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बांदा। पोकलैंड से बालू निकालने पर केन नदी में हो गए गहरे गड्ढे में डूबकर रविवार को खदान कर्मी की मौत हो गई। शव पानी के ऊपर आ जाने पर घटना की जानकारी हुई। पूर्व में भी कई घटनाएं हो चुकी हैं।
शिवपुरी (नरैनी) गांव का ओम प्रकाश (24) यहां मरौली खंड तीन बालू खदान में कर्मचारी था। रविवार को दोपहर केन नदी में नहाते समय वह गहरे पानी में समा गया। करीब डेढ़ घंटे बाद शव ऊपर आने पर लोगों को घटना की जानकारी हुई। वहां मौजूद अन्य खदान कर्मियों ने उसे बाहर निकाला और जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां डाक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर मर्च्युरी में रखवा दिया। बताया गया कि पोकलैंड के जरिए नदी के अंदर से बालू निकालने पर गहरा गड्ढा हो गया है। इसी में डूबने से उसकी मौत हुई।
परिजनों ने बताया कि मृतक खदान में बालू निकासी के अलावा पोकलैंड चलाना भी सीख रहा था। यह भी बताया जा रहा कि खदान संचालक सुलह-समझौते के प्रयास में जुटे हैं। उधर, पूर्व में केन नदी के पानी से बालू निकालने पर गड्ढे में डूबने से कई जानें गई हैं। चार माह पूर्व दुरेड़ी खदान के नजदीक 13 वर्षीय बालक की डूबने से मौत हो गई थी। पैलानी में भी केन नदी में नहाते समय 15 वर्षीय किशोर की जान चली गई थी।
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शिवपुरी (नरैनी) गांव का ओम प्रकाश (24) यहां मरौली खंड तीन बालू खदान में कर्मचारी था। रविवार को दोपहर केन नदी में नहाते समय वह गहरे पानी में समा गया। करीब डेढ़ घंटे बाद शव ऊपर आने पर लोगों को घटना की जानकारी हुई। वहां मौजूद अन्य खदान कर्मियों ने उसे बाहर निकाला और जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां डाक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर मर्च्युरी में रखवा दिया। बताया गया कि पोकलैंड के जरिए नदी के अंदर से बालू निकालने पर गहरा गड्ढा हो गया है। इसी में डूबने से उसकी मौत हुई।
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परिजनों ने बताया कि मृतक खदान में बालू निकासी के अलावा पोकलैंड चलाना भी सीख रहा था। यह भी बताया जा रहा कि खदान संचालक सुलह-समझौते के प्रयास में जुटे हैं। उधर, पूर्व में केन नदी के पानी से बालू निकालने पर गड्ढे में डूबने से कई जानें गई हैं। चार माह पूर्व दुरेड़ी खदान के नजदीक 13 वर्षीय बालक की डूबने से मौत हो गई थी। पैलानी में भी केन नदी में नहाते समय 15 वर्षीय किशोर की जान चली गई थी।
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