{"_id":"5cc8904fbdec220769792e58","slug":"71556648015-banda-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दहेज हत्या में पति-ससुर को सात साल की कैद","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
दहेज हत्या में पति-ससुर को सात साल की कैद
विज्ञापन
बांदा। दहेज में 50 हजार रुपये व बाइक की मांग पूरी न करने पर पत्नी को मारकर फंदे पर लटका देने आरोपी पति सहित ससुर को सात साल की कैद और 15 हजार रुपये जुर्माने की सजा हुई है।
नरैनी कोतवाली क्षेत्र के हड़हा गांव निवासी सनवर शाह पुत्र खालिक ने 8 जून 2016 को बिसंडा थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसने अपनी बेटी रईसा खातून की शादी बिसंडा थाना क्षेत्र मिलाथू गांव निवासी अलामुद्दीन उर्फ कलामुद्दीन शाह पुत्र मैकू के साथ घटना के 6 साल पहले की थी। कुछ दिन बाद 50 हजार रुपये और बाइक की मांग की पूरी न होने पर रईसा को प्रताड़ित किया जाने लगा।
आठ जून 2016 को पति अलीमुद्दीन, ससुर मैकू शाह, देवर पप्पू, लल्लू (मिलाथू, बांदा) व मुस्तकीम पुत्र छंगा (परछा, हमीरपुर) ने रईसा को मारकर फंदे पर लटका दिया। पुलिस ने विवेचना में पति व ससुर के खिलाफ चार्जशीट अदालत में दाखिल की। शेष को अलग कर दिया।
विज्ञापन
जिला जज राधेश्याम यादव ने अभियोजन व बचाव पक्ष की सुनवाई के बाद मंगलवार को पति व ससुर को धारा 304 बी में 7-7 साल की कैद, 498ए में 2-2 वर्ष की कैद व 5-5 हजार रुपये जुर्माना। दहेज प्रतिषेध एक्ट की धारा 4 में 1-1 साल की कैद व ढाई-ढाई हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।
जेल में बिताई गई अवधि सजा में समायोजित की जाएगी। जमानत में चल रहे अभियुक्तों को जेल भेज दिया गया। अभियोजन की ओर से प्रभारी जिला शासकीय अधिवक्ता कैलाश चौबे ने 7 गवाह पेश किए।
विज्ञापन
नरैनी कोतवाली क्षेत्र के हड़हा गांव निवासी सनवर शाह पुत्र खालिक ने 8 जून 2016 को बिसंडा थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसने अपनी बेटी रईसा खातून की शादी बिसंडा थाना क्षेत्र मिलाथू गांव निवासी अलामुद्दीन उर्फ कलामुद्दीन शाह पुत्र मैकू के साथ घटना के 6 साल पहले की थी। कुछ दिन बाद 50 हजार रुपये और बाइक की मांग की पूरी न होने पर रईसा को प्रताड़ित किया जाने लगा।
विज्ञापन
आठ जून 2016 को पति अलीमुद्दीन, ससुर मैकू शाह, देवर पप्पू, लल्लू (मिलाथू, बांदा) व मुस्तकीम पुत्र छंगा (परछा, हमीरपुर) ने रईसा को मारकर फंदे पर लटका दिया। पुलिस ने विवेचना में पति व ससुर के खिलाफ चार्जशीट अदालत में दाखिल की। शेष को अलग कर दिया।
विज्ञापन
जिला जज राधेश्याम यादव ने अभियोजन व बचाव पक्ष की सुनवाई के बाद मंगलवार को पति व ससुर को धारा 304 बी में 7-7 साल की कैद, 498ए में 2-2 वर्ष की कैद व 5-5 हजार रुपये जुर्माना। दहेज प्रतिषेध एक्ट की धारा 4 में 1-1 साल की कैद व ढाई-ढाई हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।
जेल में बिताई गई अवधि सजा में समायोजित की जाएगी। जमानत में चल रहे अभियुक्तों को जेल भेज दिया गया। अभियोजन की ओर से प्रभारी जिला शासकीय अधिवक्ता कैलाश चौबे ने 7 गवाह पेश किए।