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सचिव व प्रधान से 1.71 लाख वसूली के आदेश
Updated Wed, 04 Jul 2018 11:32 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
बांदा। ग्राम विकास अधिकारी और प्रधान ने बिना पुलिया बनवाए ही 1.71 लाख रुपये निकाल लिए। डीएम ने प्रधान और सचिव से आधी-आधी धनराशि वसूलने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं। यह धनराशि सप्ताह भर में मनरेगा खाते में जमा करनी होगी। अन्यथा सचिव के हिस्से की यह रकमउसके वेतन से और प्रधान के हिस्से की रकम भू राजस्व वसूली की तरह वसूली की जाएगी।
नरैनी ब्लाक की बिल्हरका ग्राम पंचायत में तत्कालीन ग्राम विकास अधिकारी स्वतंत्र सिंह और तत्कालीन ग्राम प्रधान राजाबाई और तकनीकी सहायक शिवशरण सिंह ने वर्ष 2009-10 में नहर पुल से बिंदुवा पुरवा तक संपर्क मार्ग व पुलिया का निर्माण के लिए सामग्री मद से 1,71,871 रुपये भुगतान किया।
जांच में कहीं पुलिया नहीं मिली। तीनों को कारण बताओ नोटिस दी गई। तकनीकी सहायक ने स्पष्टीकरण में बताया कि फर्जी भुगतान सिर्फ सचिव और प्रधान ने किया है, सचिव और प्रधान ने कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया। कई माह पूर्व डीएम ने डीपीआरओ को निर्देश दिए थे कि सचिव व प्रधान से गबन की धनराशि की वसूली कराएं, लेकिन इस पर अमल नहीं हुआ।
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डीएम डीपी गिरि ने बुधवार को जारी आदेश में कहा है कि गबन की गई राशि सप्ताह भर में वसूल कर मनरेगा खाते में जमा कराई जाए। जिला विकास अधिकारी और जिला पंचायत राज अधिकारी को भेजे निर्देश में डीएम ने यह भी कहा कि प्रधान और सचिव पर अनुशासनात्मक कार्रवाई भी करें। निर्धारित समय में धनराशि नहीं जमा की तो सचिव के वेतन से और ग्राम प्रधान से भूराजस्व की तरह वसूली की जाएगी।
सचिव और प्रधान से 1.71 लाख वसूली के आदेश
बिना पुलिया बनाए हड़प कर ली सरकारी रकम, डीएम ने दोनों से आधा-आधा पैसा वसूलने को कहा
नरैनी ब्लाक की बिल्हरका ग्राम पंचायत का मामला
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बांदा। ग्राम विकास अधिकारी और प्रधान ने बिना पुलिया बनवाए ही 1.71 लाख रुपये निकाल लिए। डीएम ने प्रधान और सचिव से आधी-आधी धनराशि वसूलने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं। यह धनराशि सप्ताह भर में मनरेगा खाते में जमा करनी होगी। अन्यथा सचिव के हिस्से की यह रकमउसके वेतन से और प्रधान के हिस्से की रकम भू राजस्व वसूली की तरह वसूली की जाएगी।
नरैनी ब्लाक की बिल्हरका ग्राम पंचायत में तत्कालीन ग्राम विकास अधिकारी स्वतंत्र सिंह और तत्कालीन ग्राम प्रधान राजाबाई और तकनीकी सहायक शिवशरण सिंह ने वर्ष 2009-10 में नहर पुल से बिंदुवा पुरवा तक संपर्क मार्ग व पुलिया का निर्माण के लिए सामग्री मद से 1,71,871 रुपये भुगतान किया।
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जांच में कहीं पुलिया नहीं मिली। तीनों को कारण बताओ नोटिस दी गई। तकनीकी सहायक ने स्पष्टीकरण में बताया कि फर्जी भुगतान सिर्फ सचिव और प्रधान ने किया है, सचिव और प्रधान ने कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया। कई माह पूर्व डीएम ने डीपीआरओ को निर्देश दिए थे कि सचिव व प्रधान से गबन की धनराशि की वसूली कराएं, लेकिन इस पर अमल नहीं हुआ।
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डीएम डीपी गिरि ने बुधवार को जारी आदेश में कहा है कि गबन की गई राशि सप्ताह भर में वसूल कर मनरेगा खाते में जमा कराई जाए। जिला विकास अधिकारी और जिला पंचायत राज अधिकारी को भेजे निर्देश में डीएम ने यह भी कहा कि प्रधान और सचिव पर अनुशासनात्मक कार्रवाई भी करें। निर्धारित समय में धनराशि नहीं जमा की तो सचिव के वेतन से और ग्राम प्रधान से भूराजस्व की तरह वसूली की जाएगी।
सचिव और प्रधान से 1.71 लाख वसूली के आदेश
बिना पुलिया बनाए हड़प कर ली सरकारी रकम, डीएम ने दोनों से आधा-आधा पैसा वसूलने को कहा
नरैनी ब्लाक की बिल्हरका ग्राम पंचायत का मामला