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खेसारी दाल में व्यापारी को छह वर्ष की कैद
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बांदा। प्रतिबंधित खेसारी दाल की 757 बोरी बरामद होने के मामले में अदालत ने आरोपी व्यापारी को छह साल की कैद और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा दी है।
घटना 3 अप्रैल 2011 की रात की है। बदौसा में तत्कालीन थानाध्यक्ष हवलदार सिंह हमराहियों के साथ रात में अपने वाहन से गश्त कर रहे थे। थाने के पास हाईवे से निकल रहे ट्रक को रोककर तलाशी ली तो उसमें 320 बोरी प्रतिबंधित खेसारी दाल बरामद हुई।
ट्रक चालक पुष्पराज यादव और क्लीनर लवकेश यादव से पुलिस ने पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि अतर्रा में गोदाम है। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने अतर्रा स्थित नवल किशोर के गोदाम से 437 बोरी खेसारी बरामद की। कुल 757 बोरी खेसरी को कब्जे में लेकर थाने में रखवाया गया।
जांच के लिए खेसारी का नमूना लैब भेजा गया। जांच रिपोर्ट में खेसारी की पुष्टि हुई। पुलिस ने ड्राइवर और क्लीनर की निशानदेही पर व्यापारी केशव प्रसाद, बालगोविंद त्रिपाठी और ट्रक मालिक सत्यगोपाल सहित चालक व क्लीनर के विरुद्ध 467, 468, 471, 419, 420, 272 और 273 आईपीसी की रिपोर्ट दर्ज कर सभी आरोपियों को जेल भेज दिया।
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थानों के तत्कालीन उप निरीक्षक संतोष कुमार सिंह ने तफ्तीश के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया। एडीजीसी देवदत्त मिश्रा ने दो गवाह पेश किए। दोनों पक्षों की सुनवाई और सुबूतों के आधार पर गुरुवार को अपर सत्र न्यायाधीश ने आरोपी 60 वर्षीय केशव प्रसाद पुत्र राधेश्याम को दोषी पाते हुए छह वर्ष की कैद व एक लाख जुर्माने की सजा दी।
प्रतिबंधित खेसारी रखने के जुर्म में चार माह की जेल और एक हजार रुपये जुर्माना किया। वह चित्रकूट जिले के भरतकूप थानांतर्गत मटौरा गांव का रहने वाला है। अन्य चार आरोपियों को अदालत ने निर्दोष पाते हुए बरी कर दिया।
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घटना 3 अप्रैल 2011 की रात की है। बदौसा में तत्कालीन थानाध्यक्ष हवलदार सिंह हमराहियों के साथ रात में अपने वाहन से गश्त कर रहे थे। थाने के पास हाईवे से निकल रहे ट्रक को रोककर तलाशी ली तो उसमें 320 बोरी प्रतिबंधित खेसारी दाल बरामद हुई।
ट्रक चालक पुष्पराज यादव और क्लीनर लवकेश यादव से पुलिस ने पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि अतर्रा में गोदाम है। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने अतर्रा स्थित नवल किशोर के गोदाम से 437 बोरी खेसारी बरामद की। कुल 757 बोरी खेसरी को कब्जे में लेकर थाने में रखवाया गया।
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जांच के लिए खेसारी का नमूना लैब भेजा गया। जांच रिपोर्ट में खेसारी की पुष्टि हुई। पुलिस ने ड्राइवर और क्लीनर की निशानदेही पर व्यापारी केशव प्रसाद, बालगोविंद त्रिपाठी और ट्रक मालिक सत्यगोपाल सहित चालक व क्लीनर के विरुद्ध 467, 468, 471, 419, 420, 272 और 273 आईपीसी की रिपोर्ट दर्ज कर सभी आरोपियों को जेल भेज दिया।
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थानों के तत्कालीन उप निरीक्षक संतोष कुमार सिंह ने तफ्तीश के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया। एडीजीसी देवदत्त मिश्रा ने दो गवाह पेश किए। दोनों पक्षों की सुनवाई और सुबूतों के आधार पर गुरुवार को अपर सत्र न्यायाधीश ने आरोपी 60 वर्षीय केशव प्रसाद पुत्र राधेश्याम को दोषी पाते हुए छह वर्ष की कैद व एक लाख जुर्माने की सजा दी।
प्रतिबंधित खेसारी रखने के जुर्म में चार माह की जेल और एक हजार रुपये जुर्माना किया। वह चित्रकूट जिले के भरतकूप थानांतर्गत मटौरा गांव का रहने वाला है। अन्य चार आरोपियों को अदालत ने निर्दोष पाते हुए बरी कर दिया।