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आंवला वृक्ष की परिक्रमा कर मांगी खुशहाली
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अक्षत नवमी पर आंवला पेड़ का पूजन करतीं महिलाएं।
- फोटो : BANDA
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बांदा। अक्षय नवमी का पर्व सोमवार को परंपरागत और उल्लास से मनाया गया। महिलाओं ने आंवला वृक्ष की विधि-विधान से पूजा कर परिक्रमा की। परिजनों व नाते-रिश्तेदारों के साथ आंवला वृक्ष के नीचे प्रसाद ग्रहण कर मोक्ष की कामना की।
शहर में कचहरी, बुद्धराम कुआं आश्रम आदि स्थानों पर खासी भीड़ रही। पंडित अशोक अवस्थी का कहना है कि अक्षय नवमी पर आंवला वृक्ष के नीचे बैठकर भोजन करने से मोक्ष व खुशहाली मिलती है। मुरादें पूरी होती हैं।
उधर, बबेरू, अतर्रा, नरैनी, तिंदवारी, पैलानी, गिरवां, खप्टिहा कलां, करतल, बदौसा, बिसंडा, कमासिन, मरका, जसपुरा, मटौंध, बेंदा, ओरन आदि कस्बों व गांवों में भी पर्व की धूम रही।
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शहर में कचहरी, बुद्धराम कुआं आश्रम आदि स्थानों पर खासी भीड़ रही। पंडित अशोक अवस्थी का कहना है कि अक्षय नवमी पर आंवला वृक्ष के नीचे बैठकर भोजन करने से मोक्ष व खुशहाली मिलती है। मुरादें पूरी होती हैं।
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उधर, बबेरू, अतर्रा, नरैनी, तिंदवारी, पैलानी, गिरवां, खप्टिहा कलां, करतल, बदौसा, बिसंडा, कमासिन, मरका, जसपुरा, मटौंध, बेंदा, ओरन आदि कस्बों व गांवों में भी पर्व की धूम रही।
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