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Balrampur News: टीईटी की अनिवार्यता खत्म की जाए
Tue, 10 Mar 2026 11:16 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
Updated Tue, 10 Mar 2026 11:16 PM IST
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बलरामपुर में पीएम, सीएम व राष्ट्रपति को पोस्टकार्ड भेजते शिक्षक ।-स्रोत: संगठन
बलरामपुर। अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ की ओर से मंगलवार को जिले के शिक्षकों ने टीईटी की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग को लेकर शिक्षक की पाती अभियान की शुरुआत की। महासंघ के महासचिव दिलीप चौहान के नेतृत्व में शिक्षकों ने पोस्टकार्ड व ई-मेल के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्य न्यायाधीश, नेता प्रतिपक्ष व मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर अपनी मांग रखी।
दिलीप चौहान ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के बाद टीईटी की अनिवार्यता को समाप्त कराने के लिए प्रदेश से लेकर देशभर में आंदोलन की रूपरेखा तैयार की गई है। उत्तर प्रदेश के करीब 20 शिक्षक संगठनों ने एकजुट होकर अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ के बैनर तले आंदोलन करने का निर्णय लिया है। कहा कि आंदोलन के प्रथम चरण में शिक्षक की पाती अभियान चलाया जा रहा है, जो एक सप्ताह तक चलेगा।
शिक्षक अशोक कुमार गुप्ता ने कहा कि 20 से 25 वर्षों तक सेवा देने के बाद अब उन्हें अपने बच्चों की उम्र के अभ्यर्थियों के साथ बैठकर प्रतियोगी परीक्षा देनी पड़ रही है, जो न तो आसान है और न ही तर्कसंगत। शिक्षकों ने टीईटी की अनिवार्यता खत्म करने की मांग की। इस अवसर पर मृदुला पालीवाल, राम सागर, अख्तर सिद्दीकी, अकील अहमद, गुड़िया, छोटका व जाबिर अली आदि मौजूद रहे।
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दिलीप चौहान ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के बाद टीईटी की अनिवार्यता को समाप्त कराने के लिए प्रदेश से लेकर देशभर में आंदोलन की रूपरेखा तैयार की गई है। उत्तर प्रदेश के करीब 20 शिक्षक संगठनों ने एकजुट होकर अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ के बैनर तले आंदोलन करने का निर्णय लिया है। कहा कि आंदोलन के प्रथम चरण में शिक्षक की पाती अभियान चलाया जा रहा है, जो एक सप्ताह तक चलेगा।
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शिक्षक अशोक कुमार गुप्ता ने कहा कि 20 से 25 वर्षों तक सेवा देने के बाद अब उन्हें अपने बच्चों की उम्र के अभ्यर्थियों के साथ बैठकर प्रतियोगी परीक्षा देनी पड़ रही है, जो न तो आसान है और न ही तर्कसंगत। शिक्षकों ने टीईटी की अनिवार्यता खत्म करने की मांग की। इस अवसर पर मृदुला पालीवाल, राम सागर, अख्तर सिद्दीकी, अकील अहमद, गुड़िया, छोटका व जाबिर अली आदि मौजूद रहे।
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