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Balrampur News: पांडुलिपियों का संरक्षण करने के लिए जल्द शुरू होगा सर्वेक्षण
Sun, 17 May 2026 11:00 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
Updated Sun, 17 May 2026 11:00 PM IST
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बलरामपुर। जिले में राष्ट्रीय पांडुलिपि सर्वेक्षण को गति देने के लिए प्रशासन ने व्यापक कार्ययोजना तैयार की है। ज्ञान भारतम मिशन के तहत जिले में पांडुलिपियों के संरक्षण और सर्वेक्षण का कार्य जल्द शुरू कराया जाएगा। सभी बीईओ को ब्लॉक नोडल अधिकारी बनाकर सर्वेक्षण की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
जिलाधिकारी विपिन कुमार जैन ने बताया कि पांडुलिपि सर्वेक्षण कार्य के लिए बीएसए शुभम शुक्ल और डीआईओएस मृदुला आनंद को संयुक्त रूप से जिले का नोडल अधिकारी बनाया गया है। वहीं प्रत्येक ब्लॉक में खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) को ब्लॉक नोडल अधिकारी बनाकर सर्वेक्षण की जिम्मेदारी सौंपी गई है। बीईओ को अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित प्राचीन मठ, मंदिर, निजी पुस्तकालय, मदरसे और ऐतिहासिक भवनों में मौजूद संभावित पांडुलिपियों का सर्वेक्षण करना होगा।
प्रशासन ने नगर के एमएलके महाविद्यालय को भी इस अभियान से जोड़ा है। महाविद्यालय के सहयोग से पांडुलिपियों की सूची तैयार कर उनके विषय, लिपि, भौतिक स्थिति और कालखंड का विवरण संकलित किया जाएगा। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया है कि सभी बीईओ 15 मई तक अपने-अपने ब्लॉकों की प्रारंभिक सूची तैयार कर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के माध्यम से उपलब्ध कराएं। कहाकि पांडुलिपि सर्वेक्षण की प्रगति रिपोर्ट नियमित रूप से मुख्य विकास अधिकारी को भेजी जाएगी। किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित की जवाबदेही तय की जाएगी।
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जिलाधिकारी विपिन कुमार जैन ने बताया कि पांडुलिपि सर्वेक्षण कार्य के लिए बीएसए शुभम शुक्ल और डीआईओएस मृदुला आनंद को संयुक्त रूप से जिले का नोडल अधिकारी बनाया गया है। वहीं प्रत्येक ब्लॉक में खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) को ब्लॉक नोडल अधिकारी बनाकर सर्वेक्षण की जिम्मेदारी सौंपी गई है। बीईओ को अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित प्राचीन मठ, मंदिर, निजी पुस्तकालय, मदरसे और ऐतिहासिक भवनों में मौजूद संभावित पांडुलिपियों का सर्वेक्षण करना होगा।
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प्रशासन ने नगर के एमएलके महाविद्यालय को भी इस अभियान से जोड़ा है। महाविद्यालय के सहयोग से पांडुलिपियों की सूची तैयार कर उनके विषय, लिपि, भौतिक स्थिति और कालखंड का विवरण संकलित किया जाएगा। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया है कि सभी बीईओ 15 मई तक अपने-अपने ब्लॉकों की प्रारंभिक सूची तैयार कर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के माध्यम से उपलब्ध कराएं। कहाकि पांडुलिपि सर्वेक्षण की प्रगति रिपोर्ट नियमित रूप से मुख्य विकास अधिकारी को भेजी जाएगी। किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित की जवाबदेही तय की जाएगी।
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