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Balrampur News: 10 हत्यारों को आजीवन कारावास
Fri, 24 Mar 2023 11:07 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
Updated Fri, 24 Mar 2023 11:07 PM IST
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बलरामपुर। वर्ष 1995 में हुई हत्या के मामले में शुक्रवार को न्यायालय ने दस लोगों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। दोषियों पर 25-25 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया गया है।
सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी नवीन कुमार तिवारी ने बताया कि ललिया के राजपुर सिरहिया गांव निवासी भुर्रे ने 24 जुलाई 1995 को ललिया थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें कहा था कि गांव के ही 16 लोगों ने हमला करके उसके भाई छोटकऊ की हत्या कर दी है। हमले में परिवार के चार अन्य लोग घायल भी हो गए थे। पुलिस ने विवेचना कर सभी 16 आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुुत किया।
सत्र परीक्षण के दौरान छह अभियुक्तों की मृत्यु हो जाने से उनका नाम पत्रावली से हटा दिया गया। सरकारी अधिवक्ता ने सात गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत किया।
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अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम अभिनंतम उपाध्याय ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने व पत्रावली का अवलोकन करने के बाद राम नारायण, चौधरी यादव, रामबरन, श्यामता, छोटकऊ, राम घिराऊ, निबरे, जयजय राम, कुन्ने व अशर्फी को हत्या का दोषी करार देते आजीवन कारावास व 25-25 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
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सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी नवीन कुमार तिवारी ने बताया कि ललिया के राजपुर सिरहिया गांव निवासी भुर्रे ने 24 जुलाई 1995 को ललिया थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें कहा था कि गांव के ही 16 लोगों ने हमला करके उसके भाई छोटकऊ की हत्या कर दी है। हमले में परिवार के चार अन्य लोग घायल भी हो गए थे। पुलिस ने विवेचना कर सभी 16 आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुुत किया।
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सत्र परीक्षण के दौरान छह अभियुक्तों की मृत्यु हो जाने से उनका नाम पत्रावली से हटा दिया गया। सरकारी अधिवक्ता ने सात गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत किया।
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अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम अभिनंतम उपाध्याय ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने व पत्रावली का अवलोकन करने के बाद राम नारायण, चौधरी यादव, रामबरन, श्यामता, छोटकऊ, राम घिराऊ, निबरे, जयजय राम, कुन्ने व अशर्फी को हत्या का दोषी करार देते आजीवन कारावास व 25-25 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।