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1822 विद्यालयों को पुरस्कार पाने का मौका
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बलरामपुर। बेसिक शिक्षा विभाग ने स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार प्रतियोगिता कराने की पहल शुरू की है। जिले के 1822 प्राथमिक, उच्च प्राथमिक, कंपोजिट व कस्तूरबा विद्यालयों को पुरस्कार पाने की एक सुनहरा मौका मिला है। चालू शिक्षा सत्र के अंत तक शासन के पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। कायाकल्प के बिंदुओं पर अंक निर्धारित किए गए हैं।
आवेदन में 59 प्रश्नों का स्वत: मूल्यांकन कर ऑनलाइन अंक भरना होगा। अगले शिक्षा सत्र में ब्लॉक, जिला, प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर मूल्यांकन होगा। 15 अक्तूबर को विश्व हाथ धुलाई दिवस पर चयनित होने वाले विद्यालयों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया जाएगा।
बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से शिक्षा सत्र 2021-22 में स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार प्रतियोगिता कराने के लिए निर्णय लिया गया है। प्रतियोगिता में जिले के 1161 प्राथमिक, 260 उच्च प्राथमिक व 390 कंपोजिट और 11 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को शामिल होने का सुझाव दिया है।
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विद्यालयों में स्वच्छता के उत्कृष्ट मानदंडों को प्रेरणा स्रोत के रुप में स्थापित करने के लिए जल, शौचालय, साबुन से हाथ धोना, क्षमता निर्माण, कोरोना से निपटने की रणनीति, जल स्रोत, पेयजल आवश्यकता, सुरक्षित दरवाजे-खिड़कियां व हाथ धुलाई बिंदुओं को ऑनलाइन आवेदन में शामिल किया जाएगा।
सभी प्रधानाध्यापकों को ऑनलाइन आवेदन में 59 प्रश्नों के उत्तर अंक के आधार पर भरने होंगे। सभी प्रश्नों के 110 अधिकतम अंक निर्धारित कर दिए गए हैं। जल पर 22, शौचालय पर 27, साबुन से हाथ धोने पर 14, संचालन व रख-रखाव पर 21, व्यवहार परिवर्तन एवं क्षमता निर्माण पर 11 व कोरोना से बचाव के उपाय पर 15 अंक निर्धारित हैं।
अंकों में स्टार रेटिंग होगी। जिला समन्वयक निर्माण एनके सिंह ने बताया कि इसके लिए गूगल प्ले स्टोर या ऐप्पल ऐप स्टोर से एक मोबाइल एप डाउनलोड करना होगा। यू-डायस कोड के माध्यम से वेब पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करके स्वत: मूल्यांकन के आधार पर 59 प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को 31 मार्च 2022 तक ऑनलाइन आवेदन करने का मौका दिया गया है।
एक अप्रैल से 15 मई तक जिला स्तर पर टास्क फोर्स ऑनलाइन आवेदन पत्रों का परीक्षण करेगी। जिला स्तरीय टीम को 22 मई तक प्रदेश स्तर पर पुरस्कार के लिए सूची भेजनी होगी। राष्ट्रीय स्तर पर एक से सात जुलाई तक विद्यालयों की सूची भेजी जाएगी। सात जुलाई से सात सितंबर तक राष्ट्रीय स्तर पर विद्यालयों की सूची का सत्यापन होगा। विश्व हाथ धुलाई दिवस पर 15 अक्तूबर को चयनित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को राष्ट्रीय स्तर पुरस्कार पाने का मौका मिल सकेगा।
बीएसए डॉ. रामचंद्र ने बताया कि शिक्षा सत्र 2021-22 में शासन स्तर से स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार प्रतियोगिता शुरू होने से प्रधानाध्यापकों व शिक्षकों को प्रोत्साहन मिलेगा। सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार प्रतियोगिता में शामिल होने का सुझाव दिया गया है। राष्ट्रीय व राज्यस्तर पर पुरस्कार पाने वाले विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को जिले के नाम रोशन करने का मौका मिलेगा।
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आवेदन में 59 प्रश्नों का स्वत: मूल्यांकन कर ऑनलाइन अंक भरना होगा। अगले शिक्षा सत्र में ब्लॉक, जिला, प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर मूल्यांकन होगा। 15 अक्तूबर को विश्व हाथ धुलाई दिवस पर चयनित होने वाले विद्यालयों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया जाएगा।
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बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से शिक्षा सत्र 2021-22 में स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार प्रतियोगिता कराने के लिए निर्णय लिया गया है। प्रतियोगिता में जिले के 1161 प्राथमिक, 260 उच्च प्राथमिक व 390 कंपोजिट और 11 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को शामिल होने का सुझाव दिया है।
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विद्यालयों में स्वच्छता के उत्कृष्ट मानदंडों को प्रेरणा स्रोत के रुप में स्थापित करने के लिए जल, शौचालय, साबुन से हाथ धोना, क्षमता निर्माण, कोरोना से निपटने की रणनीति, जल स्रोत, पेयजल आवश्यकता, सुरक्षित दरवाजे-खिड़कियां व हाथ धुलाई बिंदुओं को ऑनलाइन आवेदन में शामिल किया जाएगा।
सभी प्रधानाध्यापकों को ऑनलाइन आवेदन में 59 प्रश्नों के उत्तर अंक के आधार पर भरने होंगे। सभी प्रश्नों के 110 अधिकतम अंक निर्धारित कर दिए गए हैं। जल पर 22, शौचालय पर 27, साबुन से हाथ धोने पर 14, संचालन व रख-रखाव पर 21, व्यवहार परिवर्तन एवं क्षमता निर्माण पर 11 व कोरोना से बचाव के उपाय पर 15 अंक निर्धारित हैं।
अंकों में स्टार रेटिंग होगी। जिला समन्वयक निर्माण एनके सिंह ने बताया कि इसके लिए गूगल प्ले स्टोर या ऐप्पल ऐप स्टोर से एक मोबाइल एप डाउनलोड करना होगा। यू-डायस कोड के माध्यम से वेब पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करके स्वत: मूल्यांकन के आधार पर 59 प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को 31 मार्च 2022 तक ऑनलाइन आवेदन करने का मौका दिया गया है।
एक अप्रैल से 15 मई तक जिला स्तर पर टास्क फोर्स ऑनलाइन आवेदन पत्रों का परीक्षण करेगी। जिला स्तरीय टीम को 22 मई तक प्रदेश स्तर पर पुरस्कार के लिए सूची भेजनी होगी। राष्ट्रीय स्तर पर एक से सात जुलाई तक विद्यालयों की सूची भेजी जाएगी। सात जुलाई से सात सितंबर तक राष्ट्रीय स्तर पर विद्यालयों की सूची का सत्यापन होगा। विश्व हाथ धुलाई दिवस पर 15 अक्तूबर को चयनित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को राष्ट्रीय स्तर पुरस्कार पाने का मौका मिल सकेगा।
बीएसए डॉ. रामचंद्र ने बताया कि शिक्षा सत्र 2021-22 में शासन स्तर से स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार प्रतियोगिता शुरू होने से प्रधानाध्यापकों व शिक्षकों को प्रोत्साहन मिलेगा। सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार प्रतियोगिता में शामिल होने का सुझाव दिया गया है। राष्ट्रीय व राज्यस्तर पर पुरस्कार पाने वाले विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को जिले के नाम रोशन करने का मौका मिलेगा।