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2.5 लाख देने का आदेश हुआ हवाहवाई
ब्यूरो/अमर उजाला,बलिया
Updated Tue, 22 Nov 2016 12:17 AM IST
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जिले में सोमवार को एटीएम से पैसे निकालनेवालों की भीड़ कम ही दिखी।
- फोटो : ballia
500 और 1000 रुपये के नोट बंदी के आदेश से जहां आम लोगों को कैश के लिए दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं शादी विवाह वाले घरों में भी परेशानी बढ़ गई है। लोगों का कहना है कि शादी वालों को 2.5 देने का आरबीआई का आदेश बैंक वाले नहीं मान रहे हैं।
कुछ लोगों ने बैंक प्रबंधकों पर यह भी आरोप लगाया कि वे अपनी मनमानी कर रहे हैं। कहा कि सरकार के फरमान के बाद भी बैंकों में उनका खुद का जमा किया गया पैसा भी निकालने के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है।
नोटबंदी के बीच लोगों की परेशानियों के मद्देनजर सरकार ने जिन घरों में शादी है, उनके लिए ढाई लाख रुपये एकाउंट से निकालने की छूट दी थी, लेकिन जिले में अभी तक इसका लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है।
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बैंक में शादी का कार्ड लेकर पहुंचे तमाम लोग बैंक प्रबंधकों पर मनमानी का आरोप लगा रहे हैं, जबकि बैंक प्रबंधक रिजर्व बैंक की तरफ से कोई भी गाइड लाइन नहीं होने का हवाला देकर लौटा रहे हैं। विकास खंड मनियर के गंगापुर निवासी विजय तिवारी की पुत्री की शादी 30 नवंबर को होनी है। उनका सेंट्रल बैंक में एकाउंट है, शादी की तैयारियों के मद्देनजर कैश पैसे की जरूरत है।
पैसे के लिए वह शुक्रवार से ही बैंक का चक्कर लगा रहे हैं, जब वह सोमवार को बैंक में गए तो प्रबंधक ने यह कहते हुए उन्हें लौटा दिया कि उनके पास शादी के संबंध में रिजर्व बैंक का कोई गाइड लाइंस नहीं आया है।
इसी तरह बैरिया विकासखंड के दुर्जनपुर निवासी जितेंद्र तिवारी के पुत्र की शादी 28 नवंबर को है। कैश पैसे के लिए वह रानीगंज स्थित इलाहाबाद बैंक में सोमवार को गए थे, अपने एकाउंट से एक लाख रुपये निकालने के लिए आवेदन किए लेकिन बैंक से उन्हें सिर्फ दस हजार रुपये ही मिले। बैंक प्रबंधक ने पर्याप्त कैश नहीं होने का हवाला देते हुए पैसा देने मे असमर्थता जताई।
वहीं, मधुबनी गांव निवासी चिंता भी रानीगंज स्थित इलाहाबाद बैंक शाखा में 50 हजार रुपये निकालने गई थी। चिंता की बड़ी बहन की शादी 23 नवंबर को ही है। उसे भी सिर्फ दस हजार रुपये से ही संतोष करना पड़ा।
हाथ में शादी का कार्ड लिए लोगों का कहना था कि सरकार के आदेश के बाद भी बैंक प्रबंधक उनका खुद का पैसा देने में हीलाहवाली कर रहे हैं। ये तो बानगी भर है, जिले में ऐसे सैकड़ों लोग हैं, जो शादी कार्ड लेकर बैंकों का चक्कर लगा परेशान हो रहे हैं।
इस संबंध में अग्रणी बैंक प्रबंधक रंजीत सिंह का कहना है कि शादी के संबंध में खाताधारकों को कैश देने के लिए बैंक की तरफ से गाइड लाइंस आ गया है, लेकिन अभी तक रिजर्व बैंक की तरफ से कोई आदेश नहीं आया है।
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कुछ लोगों ने बैंक प्रबंधकों पर यह भी आरोप लगाया कि वे अपनी मनमानी कर रहे हैं। कहा कि सरकार के फरमान के बाद भी बैंकों में उनका खुद का जमा किया गया पैसा भी निकालने के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है।
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नोटबंदी के बीच लोगों की परेशानियों के मद्देनजर सरकार ने जिन घरों में शादी है, उनके लिए ढाई लाख रुपये एकाउंट से निकालने की छूट दी थी, लेकिन जिले में अभी तक इसका लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है।
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बैंक में शादी का कार्ड लेकर पहुंचे तमाम लोग बैंक प्रबंधकों पर मनमानी का आरोप लगा रहे हैं, जबकि बैंक प्रबंधक रिजर्व बैंक की तरफ से कोई भी गाइड लाइन नहीं होने का हवाला देकर लौटा रहे हैं। विकास खंड मनियर के गंगापुर निवासी विजय तिवारी की पुत्री की शादी 30 नवंबर को होनी है। उनका सेंट्रल बैंक में एकाउंट है, शादी की तैयारियों के मद्देनजर कैश पैसे की जरूरत है।
पैसे के लिए वह शुक्रवार से ही बैंक का चक्कर लगा रहे हैं, जब वह सोमवार को बैंक में गए तो प्रबंधक ने यह कहते हुए उन्हें लौटा दिया कि उनके पास शादी के संबंध में रिजर्व बैंक का कोई गाइड लाइंस नहीं आया है।
इसी तरह बैरिया विकासखंड के दुर्जनपुर निवासी जितेंद्र तिवारी के पुत्र की शादी 28 नवंबर को है। कैश पैसे के लिए वह रानीगंज स्थित इलाहाबाद बैंक में सोमवार को गए थे, अपने एकाउंट से एक लाख रुपये निकालने के लिए आवेदन किए लेकिन बैंक से उन्हें सिर्फ दस हजार रुपये ही मिले। बैंक प्रबंधक ने पर्याप्त कैश नहीं होने का हवाला देते हुए पैसा देने मे असमर्थता जताई।
वहीं, मधुबनी गांव निवासी चिंता भी रानीगंज स्थित इलाहाबाद बैंक शाखा में 50 हजार रुपये निकालने गई थी। चिंता की बड़ी बहन की शादी 23 नवंबर को ही है। उसे भी सिर्फ दस हजार रुपये से ही संतोष करना पड़ा।
हाथ में शादी का कार्ड लिए लोगों का कहना था कि सरकार के आदेश के बाद भी बैंक प्रबंधक उनका खुद का पैसा देने में हीलाहवाली कर रहे हैं। ये तो बानगी भर है, जिले में ऐसे सैकड़ों लोग हैं, जो शादी कार्ड लेकर बैंकों का चक्कर लगा परेशान हो रहे हैं।
इस संबंध में अग्रणी बैंक प्रबंधक रंजीत सिंह का कहना है कि शादी के संबंध में खाताधारकों को कैश देने के लिए बैंक की तरफ से गाइड लाइंस आ गया है, लेकिन अभी तक रिजर्व बैंक की तरफ से कोई आदेश नहीं आया है।