बलिया। जिले के गंगा बहुद्देशीय सभागार में मंगलवार का दिन खास रहा। शिक्षामित्रों के लंबे संघर्ष और इंतजार को विराम देते हुए प्रदेश सरकार ने मानदेय वृद्धि का उपहार दिया है। शिक्षामित्र सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने शिक्षामित्रों को सम्मानित किया। समारोह के दौरान मंत्री दयाशंकर सिंह ने प्रतीकात्मक रूप से 18 शिक्षामित्रों को 18-18 हजार रुपये के चेक और प्रमाण पत्र सौंपे। कार्यक्रम में योगी आदित्यनाथ के संबोधन का लाइव प्रसारण भी दिखाया गया।
उन्होंने घोषणा की कि प्रदेश के 1.43 लाख शिक्षामित्रों का मानदेय बढ़ाकर 18,000 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। यह बढ़ी हुई दर 01 अप्रैल से प्रभावी हो चुकी है। अनुदेशकों का मानदेय भी 17,000 रुपये किया गया है। शिक्षामित्रों को 5 लाख रुपये तक की कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ भी मिलेगा। मंत्री ने कहा कि 2017 में हमने मानदेय 3 हजार से बढ़ाकर 10 हजार किया था और आज इसे 18 हजार तक पहुंचाया है। शिक्षक समाज का दर्पण हैं और सरकार उनके सम्मान के लिए प्रतिबद्ध है। इस मौके पर मंत्री ने जिले के विकास से जुड़ी कई महत्वपूर्ण योजनाओं के बारे में भी बताया। उन्होंने बताया कि जिले के वैन से हल्दी तक बाईपास कॉरिडोर का निर्माण किया जा रहा है। इसके अलावा भृगु मंदिर कॉरिडोर के लिए 50 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है। कटहल नाला निर्माण के लिए 31 करोड़ और सफाई कार्य के लिए दो करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं, जिन पर कार्य प्रगति पर है। मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय निर्माण के लिए धनराशि स्वीकृत हो चुकी है और जीजीआईसी स्कूल में भूमि उपलब्ध हो गई है, यहां जल्द निर्माण कार्य शुरू होगा। रोडवेज डिपो के विकास के लिए 100 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। रसड़ा, बेल्थरारोड और बैरिया में रोडवेज निर्माण की योजना है, जबकि उजियार में निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। माल्देपुर से विजयपुर तक गंगा नदी की पानी को रोकने के लिए ठोकर निर्माण के लिए 100 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। जिले में मेडिकल कॉलेज निर्माण के लिए धनराशि भी प्राप्त हो चुकी है। जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने मुख्य अतिथि को सम्मानित किया। सीडीओ ओजस्वी राज, जिलाध्यक्ष संजय मिश्रा, बीएसए मनीष कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।