बलिया। ईद का त्योहार सोमवार क्रो मनाया जाएगा। लेकिन इस बार ईद का त्योहार लॉकडाउन के चलते हर साल की तरह नहीं मनाया जाएगा। क्योंकि लोगों को मस्जिदों में ईद की नमाज अदा करने और बाहर रहकर जश्न मनाने की इजाजत नहीं होगी। उधर, बाजार में साप्ताहिक बंदी में खुली छिटपुट दुकानों पर लोग ईद की खरीदारी करते देखे गए। बड़ी मस्जिद गुदरी बाजार के मौलाना मु. अजहर ने बताया कि सोमवार को ईद मनाई जाएगी।
कोरोना वायरस के संक्रमण के खतरे की वजह से इन दिनों ऐसे हालात हैं कि लोग जरूरी कामों के लिए भी घर से बाहर निकलने में कतरा रहे हैं। लोग इस कोशिश में लगे हैं कि उन्हें किसी भी हालत में किसी अन्य व्यक्ति से संपर्क में ना आना पड़े। ऐसे में यह पहली बार होगा जब ईद इतने फीके अंदाज में मनेगी। महामारी के साए में इस बार ना तो बाजारों में पहले जैसी भीड़ देखने को मिल रही है और ना ही अब लोग एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की बधाई ही दे पाएंगे। सोशल डिस्टेंसिंग के चलते लोग ईदगाह जाने से भी कतरा रहे हैं और कई जगह पहले ही मस्जिद बंद रखी गई है। लेकिन, इस लॉकडाउन के बीच सबसे ज्यादा दुखी वे छोटे व्यवसायी और दुकानदार हैं, जिनकी आमदनी इस महामारी की वजह से काफी प्रभावित हुई है। सब्जी और फलों के ठेले लगाने वालों ने बताया कि इस बार रमजान के माह और त्योहार पर पहले सी रंगत देखने को नहीं मिल रही। पहले के सालों की तुलना में इस बार उनका व्यवसाय पूरी तरह से प्रभावित हुआ है।