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आंदोलनकारियों ने नहीं सुनी विधायक की भी
ब्यूरो, अमर उजाला, बलिया
Updated Sat, 07 Feb 2015 11:49 PM IST
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सीयर-सोनाडीह मार्ग निर्माण को लेकर तहसील पर शनिवार को भी धरना प्रदर्शन जारी रहा। धरने के एक पखवारे के बाद कार्यक्रम स्थल पर विधायक गोरख पासवान पहुंचे तथा वार्ता की, लेकिन बातचीत बेनतीजा रही।
आंदोलनकारी नेताओं ने मार्ग निर्माण की प्रक्रिया शुरू होने तक धरना जारी रखने का संकल्प जताया। आंदोलनकारियों ने लोक निर्माण विभाग और विधायक का पुतला दहन कर तीव्र रोष जताया।
जन संगठनों द्वारा मार्ग निर्माण को लेकर 23 जनवरी से तहसील पर बेमियादी धरना-प्रदर्शन जारी है। धरने के 15वें दिन शनिवार को विधायक गोरख पासवान और एसडीएम रामानुज सिंह मौके पर पहुंचे तथा आंदोलनकारी नेताओं से वार्ता की। विधायक ने मार्ग निर्माण के लिए शीघ्र प्रभावी पहल किए जाने का आश्वासन दिया।
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बावजूद आंदोलनकारी सहमत नहीं हुए और वार्ता विफल हो गई। आंदोलनकारियों ने इसके तत्काल बाद लोकनिर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता और विधायक का पुतला दहन किया।
आंदोलनकारियों का कहना है कि पांच साल पूर्व निर्माण के नाम पर सड़क खोद कर छोड़ दी गई थी। जबकि शासन द्वारा सड़क निर्माण के लिए कार्यदायी संस्था को दो करोड़ 80 लाख़ रुपये का भुगतान भी हो चुका है।
वक्ताओं ने धन का बंदरबांट का आरोप लगाते हुए मांगें पूर्ण होने तक आंदोलन जारी रखने का संकल्प जताया। इस मौके पर कृषि भूमि बचाओ के प्रदेश अध्यक्ष राघवेंद्र, समाजवादी जन परिषद के प्रांतीय महासचिव रामनवमी यादव, यशुराम राजभर, अक्षय कुमार, अनिल राजभर, शारदा नंद, राजदेव तुरैहा, आरपी जिज्ञासु, रामप्रसाद आदि रहे।
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आंदोलनकारी नेताओं ने मार्ग निर्माण की प्रक्रिया शुरू होने तक धरना जारी रखने का संकल्प जताया। आंदोलनकारियों ने लोक निर्माण विभाग और विधायक का पुतला दहन कर तीव्र रोष जताया।
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जन संगठनों द्वारा मार्ग निर्माण को लेकर 23 जनवरी से तहसील पर बेमियादी धरना-प्रदर्शन जारी है। धरने के 15वें दिन शनिवार को विधायक गोरख पासवान और एसडीएम रामानुज सिंह मौके पर पहुंचे तथा आंदोलनकारी नेताओं से वार्ता की। विधायक ने मार्ग निर्माण के लिए शीघ्र प्रभावी पहल किए जाने का आश्वासन दिया।
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बावजूद आंदोलनकारी सहमत नहीं हुए और वार्ता विफल हो गई। आंदोलनकारियों ने इसके तत्काल बाद लोकनिर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता और विधायक का पुतला दहन किया।
आंदोलनकारियों का कहना है कि पांच साल पूर्व निर्माण के नाम पर सड़क खोद कर छोड़ दी गई थी। जबकि शासन द्वारा सड़क निर्माण के लिए कार्यदायी संस्था को दो करोड़ 80 लाख़ रुपये का भुगतान भी हो चुका है।
वक्ताओं ने धन का बंदरबांट का आरोप लगाते हुए मांगें पूर्ण होने तक आंदोलन जारी रखने का संकल्प जताया। इस मौके पर कृषि भूमि बचाओ के प्रदेश अध्यक्ष राघवेंद्र, समाजवादी जन परिषद के प्रांतीय महासचिव रामनवमी यादव, यशुराम राजभर, अक्षय कुमार, अनिल राजभर, शारदा नंद, राजदेव तुरैहा, आरपी जिज्ञासु, रामप्रसाद आदि रहे।