{"_id":"63693f378aa3e538c960f36a","slug":"loot-for-land-in-dadri-fair-be-responsible-regardless-ballia-news-vns6824873153","type":"story","status":"publish","title_hn":"ददरी मेला में भूमि के लिए मची रही लूट, बेपरवाह रहे जिम्मेदार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ददरी मेला में भूमि के लिए मची रही लूट, बेपरवाह रहे जिम्मेदार
विज्ञापन
ददरी मेला के मीना बाजार में दुकानों के भूमि आंवटन के दौरान व्यापारियों को हटाती पुलिस।
- फोटो : BALLIA
बलिया। ददरी मेले में भूमि आवंटन के लिए सोमवार की सुबह आठ बजे प्रक्रिया शुरू हुई। इस बीच आरोप-प्रत्यारोप के चलते नगर मजिस्ट्रेट लौट गए।
नगर पालिका के प्रभारी अकाउंटेंट और आरआई अभिषेक सिंह दुकानदारों को जमीन बांटने में जुटे थे। इसी दौरान मौके पर पहुंचे नपा चेयरमैन अजय कुमार ने नगर मजिस्ट्रेट द्वारा आवंटन में शहर के व्यापारियों की खुली उपेक्षा करने का आरोप लगाया। इससे नाराज होकर भूमि आवंटन का काम बीच में ही छोड़ कर नगर मजिस्ट्रेट वापस लौट गए। इसके बाद मानो मेले में लूट सी मच गई। दुकानदार मनमाने तौर स्वयं भूमि पर कर बैठ गए। कई दुकानदारों को देर शाम तक मेला परिसर में भूमि के भटकते हुए भी देखा गया तो कुछ दबंग किस्म के तो कब्जाई भूमि का अवैध कारोबार भी करते दिखे। इससे नपा के जिम्मेदार बेपरवाह बने रहे।
मेले में जमीन आवंटन के लिए दूरदराज से व्यापारियों ने जमीन आवंटन की प्रक्रिया में ईओ सत्य प्रकाश सिंह के कुछ खास किस्म के कर्मचारियों द्वारा मनमाने धन की वसूली करने का आरोप लगाया है। व्यापारियों का कहना है कि ईओ ने चेयरमैन की मिली भगत से नियमों को ताक पर रख कर ददरी मेला की मर्यादा व परंपरा की अनदेखी कर मनमानी वसूली की जा रही है। इस संबंध में नपा के ईओ सत्य प्रकाश सिंह का कहना है कि नगर पालिका परिषद इतना सब कुछ दे रही है तो कर के रुप में नपा को भी कुछ मिलना चाहिए।
नहीं कोई मेला प्रबंधक, न कोई मेला बाबू
पूर्व में मेले के आयोजन के लिए नपा बोर्ड से अनुमति ली जाती थी। उसके बाद सभासदों को मेला प्रबंधक और मेला के एक विशेष लिपिक की तैनाती की जाती थी, लेकिन इस बार सब कुछ ईओ और चेयरमैन स्वयं देख रहे हैं। इस बाबत चेयरमैन अजय कुमार ने कहा कि जल्द ही मेला बाबू की तैनाती कर दी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
नगर पालिका के प्रभारी अकाउंटेंट और आरआई अभिषेक सिंह दुकानदारों को जमीन बांटने में जुटे थे। इसी दौरान मौके पर पहुंचे नपा चेयरमैन अजय कुमार ने नगर मजिस्ट्रेट द्वारा आवंटन में शहर के व्यापारियों की खुली उपेक्षा करने का आरोप लगाया। इससे नाराज होकर भूमि आवंटन का काम बीच में ही छोड़ कर नगर मजिस्ट्रेट वापस लौट गए। इसके बाद मानो मेले में लूट सी मच गई। दुकानदार मनमाने तौर स्वयं भूमि पर कर बैठ गए। कई दुकानदारों को देर शाम तक मेला परिसर में भूमि के भटकते हुए भी देखा गया तो कुछ दबंग किस्म के तो कब्जाई भूमि का अवैध कारोबार भी करते दिखे। इससे नपा के जिम्मेदार बेपरवाह बने रहे।
मेले में जमीन आवंटन के लिए दूरदराज से व्यापारियों ने जमीन आवंटन की प्रक्रिया में ईओ सत्य प्रकाश सिंह के कुछ खास किस्म के कर्मचारियों द्वारा मनमाने धन की वसूली करने का आरोप लगाया है। व्यापारियों का कहना है कि ईओ ने चेयरमैन की मिली भगत से नियमों को ताक पर रख कर ददरी मेला की मर्यादा व परंपरा की अनदेखी कर मनमानी वसूली की जा रही है। इस संबंध में नपा के ईओ सत्य प्रकाश सिंह का कहना है कि नगर पालिका परिषद इतना सब कुछ दे रही है तो कर के रुप में नपा को भी कुछ मिलना चाहिए।
विज्ञापन
नहीं कोई मेला प्रबंधक, न कोई मेला बाबू
पूर्व में मेले के आयोजन के लिए नपा बोर्ड से अनुमति ली जाती थी। उसके बाद सभासदों को मेला प्रबंधक और मेला के एक विशेष लिपिक की तैनाती की जाती थी, लेकिन इस बार सब कुछ ईओ और चेयरमैन स्वयं देख रहे हैं। इस बाबत चेयरमैन अजय कुमार ने कहा कि जल्द ही मेला बाबू की तैनाती कर दी जाएगी।
विज्ञापन