बांसडीह। सरयू नदी के बढ़ते व घटते जलस्तर से प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया है। दो दिन पहले जिलाधिकारी श्रीहरि प्रताप शाही ने तूफानी दौरा किया था। उन्होंने टीएस बंधा पर बढ़ते खतरे को देखते हुए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिया था। उनके दौरा के बाद अधिकारियों ने नावों की व्यवस्था कर बाढ़ क्षेत्रों में भेज दिया है। क्षेत्र के ककर्घट्टा, कोटवा, मलाहीचक, सुल्तानपुर, टिकुलिया, पर्वतपुर, जयनगर, खेवसर, रघुवरनगर, रामपुर नम्बरी आदि गांवो के घरों तक पानी पहुंच चुका है। रिंग बन्धा में रिसाव की खबर के बाद शुक्रवार को सरयू नदी के कटान वालों गांवों में गांवों में बोरियों में ईंट भरकर युद्ध स्तर पर कार्य किया जा रहा है। रिगवन छावनी से पर्वतपुर जयनगर रिंग बन्धा पर उपजिलाधिकारी दुश्यंत कुमार मौर्य, तहसीलदार गुलाबचन्द्रा, नायब तहसीलदार अंजू यादव, बाढ़ बिभाग के अधिकारी इंद्राज गौतम आदि चक्रमण करते दिखे। सरयू डीएसपी हेड मीटर गेज पर बृहस्पतिवार को सुबह 65. 230 घटाव मापा गया। जबकि खतरा निशान 64.01 है। सरयू नदी के तटीय इलाका स्थित किसानों के हजारों एकड़ उपजाऊ खेत घाघरा नदी में समाहित हो चुके हैं। वहीं ककरघट्टा, नवका गांव, रिगवन छावनी, मलाही छावनी, टिकुलिया, सहित दर्जनों गांवों को अपने जद में लेने को सरयू नदी उतारु है।