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किसान सम्मान योजना के फार्म जमा करने को किसानों ने किया हंगामा
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बैरिया। प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना का आवेदन जमा करने गए झरकटहा के दर्जनों किसानों ने शनिवार को हंगामा किया। आरोप लगाया कि लेखपाल आवेदन नहीं ले रहे। करीब एक घंटे के हंगामे के बाद तहसीलदार के निर्देश पर किसानों का आवेदन लिया गया। इस दौरान किसानों ने लेखपाल द्वारा रखे निजी मुंशी पर अवैध वसूली का आरोप भी लगाया।
झरकटहा के किसान प्रभुनाथ दुबे, सुरेंद्र नाथ पांडेय, बबन पांडेय, उमाशंकर पांडेय आदि ने बताया कि शनिवार को लेखपाल गणेश वर्मा अनुपस्थित थे और उनके द्वारा रखे गए निजी मुंशी ने कहा कि झरकटहा गांव चकबंदी में लिहाजा रिकार्ड न होने के कारण फार्म भी नहीं लिया जाएगा। किसानों ने आरोप लगाया कि जिन किसानों से सुविधा शुल्क निजी मुंशी को मिल रहा है उसी किसान का फार्म जमा कर रहे हैं अन्य किसानों का चकबंदी के नाम पर लौटा रहे हैं। झरकटहा की विधवा किसान आशा देवी पत्नी स्व फौदार ने बताया कि शुक्रवार को वह फार्म जमा करने गयी तो लेखपाल की ओर से बताया कि गांव के चकबंदी में होने के कारण पैसा लग रहा है। मेरे पास पैसा नहीं था जिससे मेरा फार्म जमा नहीं लिया गया। लेखपाल की मनमानी से तंग आकर किसानों ने शनिवार को हंगमा मचाना शुरू कर दिया। हालांकि तहसीलदार के हस्तक्षेप के बाद सभी किसानों का आवेदन जमा किया गया। इस बाबत तहसीलदार रामनरायण वर्मा ने बताया कि झरकटहा चकबंदी में है लेकिन लेखपाल से आवेदन फार्म जमा करने के लिए कहा गया है। वसूली के बाबत शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
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झरकटहा के किसान प्रभुनाथ दुबे, सुरेंद्र नाथ पांडेय, बबन पांडेय, उमाशंकर पांडेय आदि ने बताया कि शनिवार को लेखपाल गणेश वर्मा अनुपस्थित थे और उनके द्वारा रखे गए निजी मुंशी ने कहा कि झरकटहा गांव चकबंदी में लिहाजा रिकार्ड न होने के कारण फार्म भी नहीं लिया जाएगा। किसानों ने आरोप लगाया कि जिन किसानों से सुविधा शुल्क निजी मुंशी को मिल रहा है उसी किसान का फार्म जमा कर रहे हैं अन्य किसानों का चकबंदी के नाम पर लौटा रहे हैं। झरकटहा की विधवा किसान आशा देवी पत्नी स्व फौदार ने बताया कि शुक्रवार को वह फार्म जमा करने गयी तो लेखपाल की ओर से बताया कि गांव के चकबंदी में होने के कारण पैसा लग रहा है। मेरे पास पैसा नहीं था जिससे मेरा फार्म जमा नहीं लिया गया। लेखपाल की मनमानी से तंग आकर किसानों ने शनिवार को हंगमा मचाना शुरू कर दिया। हालांकि तहसीलदार के हस्तक्षेप के बाद सभी किसानों का आवेदन जमा किया गया। इस बाबत तहसीलदार रामनरायण वर्मा ने बताया कि झरकटहा चकबंदी में है लेकिन लेखपाल से आवेदन फार्म जमा करने के लिए कहा गया है। वसूली के बाबत शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
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