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सड़क से लेकर दफ्तर तक जिंदगी ने फिर पकड़ी रफ्तार
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बहराइच में सोमवार को लॉकडाउन खुलने के बाद चौक बाजार में हुई लोगों की भीड़।
- फोटो : BAHRAICH
बहराइच। करीब तीन दिन तक लॉकडाउन होने के बाद सोमवार को एक बार फिर से अनलॉक हुआ जिला तो सड़क से लेकर दफ्तर तक जिंदगी ने फिर से रफ्तार पकड़ ली। बंद पड़ी दुकान के शटर व सन्नाटे को चीरती सड़कें अब पूरी तरह गुलजार हो गईं। सरकारी कार्यालयों में जहां सन्नाटा पसरा रहा तो वहीं निजी कार्यालयों में अधिकारी व कर्मचारी अपनी ड्यूटी पर मुस्तैद नजर आए। सड़क के किनारे लगाने वाले ठेलों व खोमचों वालों में कोरोना से ज्यादा कमाई का शिकन चेहरे पर नजर आया। मास्क लगाकर ग्राहकों को विश्वास दिलाते हुए अपना व्यापार करते हुए नजर आए।
बढ़ रहे कोरोना के मरीज को देखते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ ने तीन दिन के लिए उप्र. में लॉकडाउन कर दिया था। सोमवार सुबह पांच बजे एक बार फिर से अनलॉक डाउन शुरू हुआ तो लोग अपने कामों के प्रति काफी जागरूक दिखाई पड़े। सुबह आठ बजे से ही सूनी सड़कों पर वाहन दौड़ने लगे। नौ बजते ही सरकारी कार्यालयों के बंद ताले खुलने लगे। हालांकि मुख्यालय पर कोई भी बड़ा अधिकारी कार्यालय पर काम करने नहीं पहुंचे।
शहर का घंटाघर बाजार, पीपल चौराहा, छावनी चौराहा, अग्रसेन चौराहा व छोटी बाजार ग्राहकों से पूरी तरह गुलजार रहा। कोरोना से बचाव के लिए लोग खुद जागरूक दिखे। बाजार में आने वाले ग्राहक अपने चेहरे पर मास्क पहने हुए दिखे। खरीददारी करते समय दूरी का भी लोगों ने ख्याल रखा और दो गज की दूरी बनाकर ही सामानों की खरीददारी की।
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भइया पहले हाथ सैनिटाइज कर लीजिए
शहर के घंटाघर बाजार में कपड़े की दुकान पर पूरी तरह एहतियात बरती जा रही है। दुकान पर आने वाले ग्राहकों को पहले कहा जा रहा है कि भइया हाथ पहले सैनिटाइज कर लीजिए, उसके बाद ही अंदर प्रवेश कीजिए। दुकानदारों की यह पहल ग्राहकों के अंदर खुद को सुरक्षित होने का एहसास करा रही है।
काम पर सरकारी कर्मचारी
एक बार फिर से अनलॉक होने के बाद सरकारी कर्मचारी काम पर जरूर लौट आए हैं, लेकिन कार्यालय पर सन्नाटा पसरा रहा। पीडब्लूडी कार्यालय में जब अमर उजाला की टीम पहुंची तो यहां पर नियमानुसार ही कर्मचारी मौजूद दिखे। कार्यालय में प्रवेश करते ही गेट पर तैनात होमगार्ड ने सैनिटाइज कराया। इसके बाद टीम कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंची। यहां पर डीएम कार्यालय में सन्नाटा पसरा रहा। सीआरओ कार्यालय के पास बने कर्मचारियों के रूम में मात्र एक लिपिक मौजूद दिखा। पूछने पर बताया कि कोरोना के चलते 40 प्रतिशत कर्मचारी के आने का आदेश है। कम कर्मचारी होने के कारण लोग अलग-अलग कमरें मेें बैठकर अपनी ड्यूटी का निर्वहन कर रहे हैं।
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बढ़ रहे कोरोना के मरीज को देखते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ ने तीन दिन के लिए उप्र. में लॉकडाउन कर दिया था। सोमवार सुबह पांच बजे एक बार फिर से अनलॉक डाउन शुरू हुआ तो लोग अपने कामों के प्रति काफी जागरूक दिखाई पड़े। सुबह आठ बजे से ही सूनी सड़कों पर वाहन दौड़ने लगे। नौ बजते ही सरकारी कार्यालयों के बंद ताले खुलने लगे। हालांकि मुख्यालय पर कोई भी बड़ा अधिकारी कार्यालय पर काम करने नहीं पहुंचे।
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शहर का घंटाघर बाजार, पीपल चौराहा, छावनी चौराहा, अग्रसेन चौराहा व छोटी बाजार ग्राहकों से पूरी तरह गुलजार रहा। कोरोना से बचाव के लिए लोग खुद जागरूक दिखे। बाजार में आने वाले ग्राहक अपने चेहरे पर मास्क पहने हुए दिखे। खरीददारी करते समय दूरी का भी लोगों ने ख्याल रखा और दो गज की दूरी बनाकर ही सामानों की खरीददारी की।
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भइया पहले हाथ सैनिटाइज कर लीजिए
शहर के घंटाघर बाजार में कपड़े की दुकान पर पूरी तरह एहतियात बरती जा रही है। दुकान पर आने वाले ग्राहकों को पहले कहा जा रहा है कि भइया हाथ पहले सैनिटाइज कर लीजिए, उसके बाद ही अंदर प्रवेश कीजिए। दुकानदारों की यह पहल ग्राहकों के अंदर खुद को सुरक्षित होने का एहसास करा रही है।
काम पर सरकारी कर्मचारी
एक बार फिर से अनलॉक होने के बाद सरकारी कर्मचारी काम पर जरूर लौट आए हैं, लेकिन कार्यालय पर सन्नाटा पसरा रहा। पीडब्लूडी कार्यालय में जब अमर उजाला की टीम पहुंची तो यहां पर नियमानुसार ही कर्मचारी मौजूद दिखे। कार्यालय में प्रवेश करते ही गेट पर तैनात होमगार्ड ने सैनिटाइज कराया। इसके बाद टीम कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंची। यहां पर डीएम कार्यालय में सन्नाटा पसरा रहा। सीआरओ कार्यालय के पास बने कर्मचारियों के रूम में मात्र एक लिपिक मौजूद दिखा। पूछने पर बताया कि कोरोना के चलते 40 प्रतिशत कर्मचारी के आने का आदेश है। कम कर्मचारी होने के कारण लोग अलग-अलग कमरें मेें बैठकर अपनी ड्यूटी का निर्वहन कर रहे हैं।