{"_id":"639e03ea9e42930c1616b00e","slug":"bahraich-bahraich-news-lko6623565165","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: 30 दिन के अंदर उपलब्ध कराएं सही सूचना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: 30 दिन के अंदर उपलब्ध कराएं सही सूचना
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बहराइच। आरटीआई के अंतर्गत प्राप्त होने वाले प्रार्थना-पत्रों पर घबराएं कतई नहीं बल्कि दस्तावेज के अनुसार निर्धारित समय सीमा के अंदर सूचना उपलब्ध करा दें। ये निर्देश राज्य सूचना आयुक्त सुभाष चंद्र सिंह ने बहराइच व श्रावस्ती के जन सूचना अधिकारियों, प्रथम अपीलीय अधिकारियों व पटल सहायकों को दिए। शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक के दौरान उन्होंने 30 दिन की समय सीमा का सम्मान करने पर भी जोर दिया।
सूचना आयुक्त ने कहा कि यदि किसी प्रार्थना-पत्र के संबंध में आप द्वारा सूचना नहीं दी जा रही है तो आवेदनकर्ता को कारणों से अवश्य अवगत कराया जाए। उन्होंने कहा कि समीक्षा बैठक का मुख्य उद्देश्य यही है कि जन सूचना अधिकारी, सहायक जन सूचना अधिकारी, प्रथम अपीलीय अधिकारी तथा सूचना बनाने वाले पटल सहायकों को एक साथ मंच पर बैठा कर यह बताना है कि वांछित सूचनाएं समय से दी जाएं।
सूचना देते समय पूरी तरह से सावधानी बरतें ताकि आपके स्तर से गलत सूचना न जाने पाए। किसी भी व्यक्ति को आधी अधूरी व भ्रामक सूचना कदापि न दें, वो पूरी तरह संतुष्ट होना चाहिए।
विज्ञापन
बैठक के समापन पर जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र ने निर्देश दिया कि आरटीआई अंतर्गत प्राप्त प्रार्थना पत्रों का समयबद्धत्ता के साथ गुणवत्तापरक निस्तारण सुनिश्चित कराएं।
विज्ञापन
सूचना आयुक्त ने कहा कि यदि किसी प्रार्थना-पत्र के संबंध में आप द्वारा सूचना नहीं दी जा रही है तो आवेदनकर्ता को कारणों से अवश्य अवगत कराया जाए। उन्होंने कहा कि समीक्षा बैठक का मुख्य उद्देश्य यही है कि जन सूचना अधिकारी, सहायक जन सूचना अधिकारी, प्रथम अपीलीय अधिकारी तथा सूचना बनाने वाले पटल सहायकों को एक साथ मंच पर बैठा कर यह बताना है कि वांछित सूचनाएं समय से दी जाएं।
विज्ञापन
सूचना देते समय पूरी तरह से सावधानी बरतें ताकि आपके स्तर से गलत सूचना न जाने पाए। किसी भी व्यक्ति को आधी अधूरी व भ्रामक सूचना कदापि न दें, वो पूरी तरह संतुष्ट होना चाहिए।
विज्ञापन
बैठक के समापन पर जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र ने निर्देश दिया कि आरटीआई अंतर्गत प्राप्त प्रार्थना पत्रों का समयबद्धत्ता के साथ गुणवत्तापरक निस्तारण सुनिश्चित कराएं।