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मेरा भोला है भंडारी, करे नंदी की सवारी...
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02 बीएचआर 06 - बहराइच में सावन माह के दूसरे सोमवार पर सिद्धनाथ मंदिर में जलाभिषेक करते श्रद्धालु।
- फोटो : BAHRAICH
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बहराइच। हर-हर महादेव, मेरा भोला है भंडारी, करें नंदी की सवारी...बम-बम बोल रहा है काशी जैसे उद्घोष से सावन के दूसरे सोमवार को शिवालय गूंज उठे। घरों व मंदिरों में दूसरे सोमवार को भगवान शिव का जलाभिषेक व रुद्राभिषेक श्रद्धालुओं ने किया। भोर से ही शिवालयों में जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। मंदिर प्रबंधकों ने सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराते हुए जलाभिषेक कराया। कोरोना काल के कारण मंदिर के अंदर जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं को प्रवेश नहीं मिला।
सावन के दूसरे सोमवार को शिवालयों में जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। श्रद्धालुओं ने पूजन-अर्चन कर सुख-समृद्धि की कामना की। शहर के पांडवकालीन सिद्धनाथ मंदिर में भोर तीन बजे से ही जलाभिषेक करने का सिलसिला शुरू हुआ। जो देर रात तक चलता रहा। मंदिर के महंत महामंडलेश्वर रविगिरी जी महराज ने बताया कि भगवान शिव का शृंगार अपनी ओर आकर्षित करता रहा। जलाभिषेक के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।
शहर के मोहल्ला ब्राह्मणीपुरा स्थित बाबा भोलेश्वर नाथ मंदिर में भी सुबह से ही जलाभिषेक शुरू हो गया। कैसरगंज के माता भगवती कुंज आश्रम परसेंडी में स्थित महाकालेश्वर मंदिर में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक व रुद्राभिषेक किया। एसडीएम महेश कुमार कैथल ने भी आश्रम के व्यवस्थापक लाडली प्रसाद वर्मा की देखरेख में पूरे विधिविधान से पूजन-अर्चन कर रुद्राभिषेक किया। इस मौके पर आश्रम के सहयोगी रामेंद्र चौधरी, संध्या चौधरी, इंजीनियर नितिन वर्मा, शीला वर्मा, बेचन लाल, शिक्षक संत कुमार सिंह ने भी पूजन-अर्चन कर सुख-शांति की कामना की। मटेरा में स्थित पांडवकालीन जंगलीनाथ मंदिर, पयागपुर में स्थित बाबा बागेश्वरनाथ, नवाबगंज के मंगलीनाथ मंदिर में भी श्रद्धालुओं ने पहुंचकर जलाभिषेक किया। पूरे जिले के शिवालय नारों से गुंजायमान रहे।
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सावन के दूसरे सोमवार को शिवालयों में जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। श्रद्धालुओं ने पूजन-अर्चन कर सुख-समृद्धि की कामना की। शहर के पांडवकालीन सिद्धनाथ मंदिर में भोर तीन बजे से ही जलाभिषेक करने का सिलसिला शुरू हुआ। जो देर रात तक चलता रहा। मंदिर के महंत महामंडलेश्वर रविगिरी जी महराज ने बताया कि भगवान शिव का शृंगार अपनी ओर आकर्षित करता रहा। जलाभिषेक के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।
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शहर के मोहल्ला ब्राह्मणीपुरा स्थित बाबा भोलेश्वर नाथ मंदिर में भी सुबह से ही जलाभिषेक शुरू हो गया। कैसरगंज के माता भगवती कुंज आश्रम परसेंडी में स्थित महाकालेश्वर मंदिर में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक व रुद्राभिषेक किया। एसडीएम महेश कुमार कैथल ने भी आश्रम के व्यवस्थापक लाडली प्रसाद वर्मा की देखरेख में पूरे विधिविधान से पूजन-अर्चन कर रुद्राभिषेक किया। इस मौके पर आश्रम के सहयोगी रामेंद्र चौधरी, संध्या चौधरी, इंजीनियर नितिन वर्मा, शीला वर्मा, बेचन लाल, शिक्षक संत कुमार सिंह ने भी पूजन-अर्चन कर सुख-शांति की कामना की। मटेरा में स्थित पांडवकालीन जंगलीनाथ मंदिर, पयागपुर में स्थित बाबा बागेश्वरनाथ, नवाबगंज के मंगलीनाथ मंदिर में भी श्रद्धालुओं ने पहुंचकर जलाभिषेक किया। पूरे जिले के शिवालय नारों से गुंजायमान रहे।
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