{"_id":"60f1bdfb8ebc3e24fe5b5a49","slug":"bahraich-bahraich-news-lko5872428176","type":"story","status":"publish","title_hn":"थाने में हुआ निकाह, एक-दूजे के हुए शाहिद और रेशमा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
थाने में हुआ निकाह, एक-दूजे के हुए शाहिद और रेशमा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बहराइच। एक साल से चोरी-छिपे चल रही प्रेम कहानी शुक्रवार को विवाह में बदल गई। पंचायत में बात बनी तो तत्काल काजी को बुलाया गया। काजी ने निकाह पढ़ा। थाने में विवाह हुआ और पुलिसकर्मी गवाह बने। दोनों को एक देखकर सब खुश हुए और पुलिसकर्मियों ने आशीर्वाद देकर थाने से विदा किया। अब एक-दूजे का हाथ थामकर युगल काफी खुश नजर आया। पुलिस के इस कार्य की सराहना भी क्षेत्र में हो रही है।
बौंडी थाना क्षेत्र के ठाकुरपुरवा गांव निवासी शाहिद का पास के ही दूसरे गांव निवासी रेशमा से पिछले एक साल से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। दोनों ने कई बार हमेशा के लिए एक-दूसरे का होने के लिए निकाह करने की बात सोची, लेकिन परिजन आड़े आ रहे थे। इसी बीच दोनों परिवारों के संज्ञान में प्रेम-प्रसंग का मामला आया तो प्रेमी शादी करने से इंकार करने लगा। यह बात प्रेमिका के घरवालों को नागवार गुजरी। कई बार प्रेमी के घर मनाने के लिए भी गए, लेकिन बात नहीं बनी। थक हारकर अपना दर्द लड़की वाले पुलिस को सुनाने पहुंचे। बौंडी थानाध्यक्ष मनोज कुमार राय ने प्रेमी व उसके परिजनों को थाने बुलाया। थाने में पंचायत शुरू हुई। घंटों गहमागहमी चलती रही।
पंचायत में लड़के व उसके परिजन विवाह करने की बात पर राजी हो गए। बात बनी तो तत्काल गांव के ही काजी अब्दुल कादिर को बुलाया गया। काजी ने निकाह पढ़ा। थाने में प्रेमी युगल का विवाह हुआ और उसके गवाह थानाध्यक्ष समेत अन्य पुलिसकर्मी व गांव के लोग बने। प्रेमी युगल की जोड़ी अब विवाह के बंधन में बंध गई है। सभी पुलिसकर्मियों व संभ्रांत लोगों ने आशीर्वाद दिया। दोनों परिवार के लोग हंसी-खुशी अपने घर चले गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
बौंडी थाना क्षेत्र के ठाकुरपुरवा गांव निवासी शाहिद का पास के ही दूसरे गांव निवासी रेशमा से पिछले एक साल से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। दोनों ने कई बार हमेशा के लिए एक-दूसरे का होने के लिए निकाह करने की बात सोची, लेकिन परिजन आड़े आ रहे थे। इसी बीच दोनों परिवारों के संज्ञान में प्रेम-प्रसंग का मामला आया तो प्रेमी शादी करने से इंकार करने लगा। यह बात प्रेमिका के घरवालों को नागवार गुजरी। कई बार प्रेमी के घर मनाने के लिए भी गए, लेकिन बात नहीं बनी। थक हारकर अपना दर्द लड़की वाले पुलिस को सुनाने पहुंचे। बौंडी थानाध्यक्ष मनोज कुमार राय ने प्रेमी व उसके परिजनों को थाने बुलाया। थाने में पंचायत शुरू हुई। घंटों गहमागहमी चलती रही।
विज्ञापन
पंचायत में लड़के व उसके परिजन विवाह करने की बात पर राजी हो गए। बात बनी तो तत्काल गांव के ही काजी अब्दुल कादिर को बुलाया गया। काजी ने निकाह पढ़ा। थाने में प्रेमी युगल का विवाह हुआ और उसके गवाह थानाध्यक्ष समेत अन्य पुलिसकर्मी व गांव के लोग बने। प्रेमी युगल की जोड़ी अब विवाह के बंधन में बंध गई है। सभी पुलिसकर्मियों व संभ्रांत लोगों ने आशीर्वाद दिया। दोनों परिवार के लोग हंसी-खुशी अपने घर चले गए।
विज्ञापन