{"_id":"64c4024222579a0bf901a184","slug":"arm-kept-wandering-in-the-district-hospital-for-two-hours-regarding-the-alcohol-test-bahraich-news-c-98-1-slko1007-1011-2023-07-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: अल्कोहल टेस्ट को लेकर दो घंटे जिला चिकित्सालय में भटकते रहे एआरएम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: अल्कोहल टेस्ट को लेकर दो घंटे जिला चिकित्सालय में भटकते रहे एआरएम
Fri, 28 Jul 2023 11:30 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Fri, 28 Jul 2023 11:30 PM IST
विज्ञापन
नशे की हालत मेें परिचालक को लेकर पहुंचे थे जिला चिकित्सालय
संवाद न्यूज एजेंसी
बहराइच। जिला चिकित्सालय में बृहस्पतिवार की देर शाम दो घंटे तक नशेड़ी कंडेक्टर के नशे के परीक्षण को लेकर एआरएम को दो घंटे तक इंतजार करना पड़ा। जिला चिकित्सालय प्रशासन की उदासीनता के चलते अंत में थक हार कर एआरएम ने परिचालक को यात्रियों से भरी बस को उसके हवाले करते हुए छोड़ना पड़ा।
रोडवेज बस के चालक व परिचालक को नशे की हालत में बसों के संचालन न करने को लेकर जिले का रोडवेज प्रशासन सख्त है। एआरएम ने चालक व परिचालकों को नशे की हालत में बसों के संचालन पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर सड़क सुरक्षा पखवाड़ा कार्यक्रम के तहत बीते बृहस्पतिवार की देर शाम को जिले के रोडवेज बस अड्डे के एआरएम प्रेमकुमार बसों की जांच कर रहे थे। इसी दौरान एआरएम को बहराइच डिपो की बस का एक परिचालक नशे की हालत में दिखाई दिया।
एआरएम ने जब परिचालक की जांच ब्रीथ इनलाइजर से जांच करनी चाही, तो परिचालक ने आनाकानी शुरू कर दी। एआरएम परिचालक का अल्कोहल टेस्ट कराने को लेकर जिला चिकित्सालय पहुंच गए। लेकिन यहां चिकित्साकर्मियों ने पहले चिकित्सालय में अल्कोहल की जांच करने की कोई व्यवस्था नहीं है कहकर टाल दिया, उसके बाद कर्मियों ने एआरएम से कहा कि पहले एफआईआर दर्ज कराएं उसके बाद पुलिस के माध्यम से ही जांच कराना संभव होगा।
विज्ञापन
एआरएम प्रेमकुमार ने बताया कि दो घंटे तक वह जिला चिकित्सालय में परिचालक के अल्कोहल टेस्ट के लिए भटकते रहे, लेकिन चिकित्साकर्मियों व पुलिस कर्मियों की लापरवाही के चलते परिचालक का अल्कोहल टेस्ट नहीं हो सका। एआरएम ने बताया कि परिचालक को अलकोहल टेस्ट के अभाव में यात्रियों से भरी बस को उसके सुपुर्द करना पड़ा। एआरएम ने मामले में डीएम को पत्र सौंपकर चिकित्सा व पुलिसकर्मियों की शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बहराइच। जिला चिकित्सालय में बृहस्पतिवार की देर शाम दो घंटे तक नशेड़ी कंडेक्टर के नशे के परीक्षण को लेकर एआरएम को दो घंटे तक इंतजार करना पड़ा। जिला चिकित्सालय प्रशासन की उदासीनता के चलते अंत में थक हार कर एआरएम ने परिचालक को यात्रियों से भरी बस को उसके हवाले करते हुए छोड़ना पड़ा।
रोडवेज बस के चालक व परिचालक को नशे की हालत में बसों के संचालन न करने को लेकर जिले का रोडवेज प्रशासन सख्त है। एआरएम ने चालक व परिचालकों को नशे की हालत में बसों के संचालन पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर सड़क सुरक्षा पखवाड़ा कार्यक्रम के तहत बीते बृहस्पतिवार की देर शाम को जिले के रोडवेज बस अड्डे के एआरएम प्रेमकुमार बसों की जांच कर रहे थे। इसी दौरान एआरएम को बहराइच डिपो की बस का एक परिचालक नशे की हालत में दिखाई दिया।
विज्ञापन
एआरएम ने जब परिचालक की जांच ब्रीथ इनलाइजर से जांच करनी चाही, तो परिचालक ने आनाकानी शुरू कर दी। एआरएम परिचालक का अल्कोहल टेस्ट कराने को लेकर जिला चिकित्सालय पहुंच गए। लेकिन यहां चिकित्साकर्मियों ने पहले चिकित्सालय में अल्कोहल की जांच करने की कोई व्यवस्था नहीं है कहकर टाल दिया, उसके बाद कर्मियों ने एआरएम से कहा कि पहले एफआईआर दर्ज कराएं उसके बाद पुलिस के माध्यम से ही जांच कराना संभव होगा।
विज्ञापन
एआरएम प्रेमकुमार ने बताया कि दो घंटे तक वह जिला चिकित्सालय में परिचालक के अल्कोहल टेस्ट के लिए भटकते रहे, लेकिन चिकित्साकर्मियों व पुलिस कर्मियों की लापरवाही के चलते परिचालक का अल्कोहल टेस्ट नहीं हो सका। एआरएम ने बताया कि परिचालक को अलकोहल टेस्ट के अभाव में यात्रियों से भरी बस को उसके सुपुर्द करना पड़ा। एआरएम ने मामले में डीएम को पत्र सौंपकर चिकित्सा व पुलिसकर्मियों की शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है।