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लावारिस लाशों का कराया जाएगा डीएनए टेस्ट
Bahraich
Updated Fri, 16 Nov 2012 12:00 PM IST
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बहराइच। लावारिस लाशों की शिनाख्त न हो पाने के कारण अधिकतर अज्ञात लाशों के मामले पुलिस की फाइलों में दफन होकर रह जाते हैं। लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। पुलिस महानिदेशक ने प्रदेश के सभी जिलों के पुलिस अधीक्षक को पत्र भेजकर अज्ञात शवों का डीएनए टेस्ट कराने का निर्देश दिया है। पोस्टमार्टम के दौरान बाल व त्वचा समेत अन्य अवयव के सैंपल लिए जाएंगे। इन्हें संरक्षित कर परीक्षण के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा जाएगा। डीएनए रिपोर्ट के आधार पर पुलिस तफ्तीश करेगी।
जनपद के विभिन्न हिस्सों में मिलने वाले लावारिस शव पुलिस के लिए चुनौती व अनसुलझी पहेली बने हुए हैं। इन लावारिस शवों की शिनाख्त नहीं हो पाती है। पुलिस लाख प्रयास करती है, लेकिन अधिकतर मामलों में विशेष प्रयास के बावजूद सफलता हाथ नहीं लगती है। इससे नतीजा सिफर रहता है। परिणामस्वरुप अज्ञात शव पुलिस की फाइलों में दफन होकर रह जाते हैं। लेकिन अब लावारिस शवों की पहचान और उसकी मौत की तह तक जाने के लिए पुलिस महानिदेशक ने बहराइच समेत प्रदेश के सभी जिलों के पुलिस प्रमुखों को पत्र भेजा है। पत्र में पुलिस महानिदेशक ने अब मिलने वाली लावारिस लाशों के पोस्टमार्टम के दौरान उनके डीएनए टेस्ट कराए जाने के निर्देश दिए हैं। महानिदेशक ने अपने पत्र में लिखा है कि अज्ञात शव का पोस्टमार्टम करते समय शव के त्वचा, बाल, लार आदि का सैंपल सुरक्षित किया जाए। उस सैैंपल को डीएनए टेस्ट के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला गोरखपुर भेजा जाएगा। पुलिस महानिदेशक ने यह भी स्पष्ट किया है कि अज्ञात लावारिश लाशों की शिनाख्त के लिए पुलिस उनके कम से कम बीस बालों को निकालकर सफेद कागज में रख ले, जिससे डीएनए टेस्ट में मदद मिल सके। पुलिस महानिदेशक के इस फरमान के बाद लगा है कि लावारिस लाशाें की मौत अब पुलिस डायरी में कैद नहीं होगी, बल्कि मौतों के रहस्य से पर्दा उठ सकेगा।
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जनपद के विभिन्न हिस्सों में मिलने वाले लावारिस शव पुलिस के लिए चुनौती व अनसुलझी पहेली बने हुए हैं। इन लावारिस शवों की शिनाख्त नहीं हो पाती है। पुलिस लाख प्रयास करती है, लेकिन अधिकतर मामलों में विशेष प्रयास के बावजूद सफलता हाथ नहीं लगती है। इससे नतीजा सिफर रहता है। परिणामस्वरुप अज्ञात शव पुलिस की फाइलों में दफन होकर रह जाते हैं। लेकिन अब लावारिस शवों की पहचान और उसकी मौत की तह तक जाने के लिए पुलिस महानिदेशक ने बहराइच समेत प्रदेश के सभी जिलों के पुलिस प्रमुखों को पत्र भेजा है। पत्र में पुलिस महानिदेशक ने अब मिलने वाली लावारिस लाशों के पोस्टमार्टम के दौरान उनके डीएनए टेस्ट कराए जाने के निर्देश दिए हैं। महानिदेशक ने अपने पत्र में लिखा है कि अज्ञात शव का पोस्टमार्टम करते समय शव के त्वचा, बाल, लार आदि का सैंपल सुरक्षित किया जाए। उस सैैंपल को डीएनए टेस्ट के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला गोरखपुर भेजा जाएगा। पुलिस महानिदेशक ने यह भी स्पष्ट किया है कि अज्ञात लावारिश लाशों की शिनाख्त के लिए पुलिस उनके कम से कम बीस बालों को निकालकर सफेद कागज में रख ले, जिससे डीएनए टेस्ट में मदद मिल सके। पुलिस महानिदेशक के इस फरमान के बाद लगा है कि लावारिस लाशाें की मौत अब पुलिस डायरी में कैद नहीं होगी, बल्कि मौतों के रहस्य से पर्दा उठ सकेगा।
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