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घाघरा में समाई 90 बीघा जमीन
Updated Sun, 22 Jul 2018 01:32 AM IST
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राजीचौराहा (बहराइच)। घाघरा नदी का जलस्तर शनिवार सुबह से फिर बढ़ने लगा है। कटान भी लगातार जारी है। कटान से गोलागंज और प्रधानपुरवा गांव के पास 90 बीघा खेती योग्य जमीन को नदी ने लील लिया। पीड़ित ग्रामीणों ने तहसील को सूचना दी है। लेकिन अब तक कटान रोकने के उपाय नहीं हुए है।
घाघरा नदी के जलस्तर में फिर इजाफा होने लगा है। केंद्रीय जलायोग संस्थान घाघरा घाट के मुताबिक शनिवार सुबह से जलस्तर फिर तेजी से बढ़ने लगा है। नदी खतरे के निशान से नीचे है। इस समय नदी की लहरें महसी तहसील क्षेत्र के गोलागंज, प्रधानपुरवा व नई बस्ती गांव के निकट तेज कटान कर रही हैं।
प्रधानपुरवा निवासी लल्लू, किशोरी लाल, अशोक कुमार, रामू, विद्याप्रसाद समेत 12 ग्रामीणों की खेती योग्य 90 बीघा जमीन शुक्रवार रात से शनिवार शाम तक कट चुकी है। चार ग्रामीणों के मकान पर नदी की लहरें थपेड़े ले रही हैं। ये मकान कभी भी कटान की भेंट चढ़ सकते हैं। नदी का जलस्तर बढ़ने और कटान में इजाफा होने से नदी के किनारे स्थित गोलांगज, पिपरा, पिपरी, बौंडी आदि गांवों के लोग दहशत में हैं। अफरातफरी की स्थिति है।
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घाघरा नदी के जलस्तर में फिर इजाफा होने लगा है। केंद्रीय जलायोग संस्थान घाघरा घाट के मुताबिक शनिवार सुबह से जलस्तर फिर तेजी से बढ़ने लगा है। नदी खतरे के निशान से नीचे है। इस समय नदी की लहरें महसी तहसील क्षेत्र के गोलागंज, प्रधानपुरवा व नई बस्ती गांव के निकट तेज कटान कर रही हैं।
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प्रधानपुरवा निवासी लल्लू, किशोरी लाल, अशोक कुमार, रामू, विद्याप्रसाद समेत 12 ग्रामीणों की खेती योग्य 90 बीघा जमीन शुक्रवार रात से शनिवार शाम तक कट चुकी है। चार ग्रामीणों के मकान पर नदी की लहरें थपेड़े ले रही हैं। ये मकान कभी भी कटान की भेंट चढ़ सकते हैं। नदी का जलस्तर बढ़ने और कटान में इजाफा होने से नदी के किनारे स्थित गोलांगज, पिपरा, पिपरी, बौंडी आदि गांवों के लोग दहशत में हैं। अफरातफरी की स्थिति है।
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