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Baghpat News: संपत्ति और जलकर देने के बाद भी नहीं खत्म होती परेशानी

Sat, 22 Apr 2023 12:15 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बागपत
संवाद न्यूज एजेंसी, बागपत Updated Sat, 22 Apr 2023 12:15 AM IST
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The problem does not end even after burning the property
बागपत। नगर पालिकाओं और पंचायत क्षेत्रों में रहने वाले मकान मालिकों की संपत्ति और जलकर देने के बाद भी परेशानी खत्म नहीं होती है। पालिका व पंचायत से जुड़ी किसी भी समस्या के समाधान के लिए लोगों को कई-कई बार चक्कर लगाने पड़ते हैं। वहीं बागपत नगर पालिका में संपत्ति कर को लेकर फर्जीवाड़ा भी कई बार सामने आ चुका है और उसकी जांच तक चल रही है।
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बागपत में समस्या भी खूब, फर्जीवाड़े हुए
बागपत में करीब 10 हजार मकानों से संपत्ति व जलकर लिया जाता है। यहां पानी की सबसे ज्यादा समस्या रहती है और आए दिन पेयजल लाइन टूटने से आपूर्ति बाधित रहती है। पहले गैस कंपनी और अब टेलीकॉम कंपनी के पाइप लाइन डालने के कारण समस्या बढ़ रही है। वहीं संपत्ति कर में यहां कई बार फर्जीवाड़ा सामने आया और दस-दस रुपये के स्टांप पर पैसे लेकर रजिस्टर में संपत्तियों को दर्ज कर दिया गया।
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बड़ौत और खेकड़ा भी समस्याओं से जूझ रहे लोग
नगर पालिका बड़ौत के क्षेत्र में 20000 परिवारों से भवनकर व जलकर लिया जाता है। इसके बावजूद वहां भी पेयजल को लेकर काफी समस्या लोग झेल रहे है। संपत्ति कर देने के बावजूद भी समस्याओं का समय पर समाधान नहीं होता है। नगर पालिका खेकड़ा में करीब आठ हजार मकान पंजीकृत है जो संपत्ति व जलकर देते हैं। यहां प्रतिवर्ष 20 लाख रुपये गृह कर और 15 लाख रुपये की जलकर की वसूली की जाती है। इसके बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं होता है और स्ट्रीट लाइट खराब, गंदगी आदि समस्याएं हैं।
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नगर पंचायतों की स्थिति भी ठीक नहीं
नगर पंचायत अमीनगर सराय में 3343 मकानों के पंजीकृत होने पर भवनकर व जलकर लिया जाता है। नगर पंचायत टीकरी में 2800 करदाता हैं। नगर पंचायत दोघट में चार हजार करदाता हैं। अग्रवाल मंडी टटीरी नगर पंचायत में 2360 मकान पंजीकृत होने पर जलकर और संपत्ति कर लिया जाता है। इन सभी जगह भी समस्याओं के लिए लोगों को जूझना पड़ता है। अग्रवाल मंडी टटीरी कस्बे में रेलवे फाटक पार निवासी मंजू, सुभाष, लख्मीचंद आदि ने बताया कि उनको पिछले काफी समय से पेयजल की समस्या से जूझना पड़ रहा है।
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जलकर समय पर जमा करने के बाद पेयजल की समस्या
बागपत में कोर्ट रोड पर गली छह में रहने वाले पंकज भारद्वाज ने बताया कि वह हर साल समय पर जलकर व संपत्ति कर जमा करते हैं। इसके बावजूद पेयजल आपूर्ति की समस्या आए दिन रहती है। पेयजल लाइन टूट जाती है तो कभी ट्यूबवेल बंद हो जाता है और पानी के लिए जूझना पड़ता है। पुराने कस्बे के चौहनान मोहल्ले में रहने वाले श्रीनिवास चौहान कहते हैं कि कस्बे में आने वाले रास्ते के किनारों पर गंदगी का अंबार रहता है और लाइटें भी खराब हैं। संपत्ति कर देने के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं होता है।

बड़ौत में दूषित पानी की सप्लाई से परेशान
बडौत के कुंदन पुरी के रहने वाले विपिन कुमार ने बताया कि वह हर साल समय पर जल कर जमा कर देते हैं। मगर आज भी उन्हें शुद्ध पेयजल की नहीं मिल रहा है। नवीन कुमार ने बताया कि सुबह-शाम टंकी से दूषित पानी आता है। कई बार नगर पालिका में शिकायत की जा चुकी है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही।
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