{"_id":"57c5e2f64f1c1b453b2cb71f","slug":"the-farmers-scourge-of-rickets-in-sugarcane","type":"story","status":"publish","title_hn":"गन्ने में सूखा रोग होने से किसानों की आफत ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गन्ने में सूखा रोग होने से किसानों की आफत
ब्यूरो/अमर उजाला, बड़ौत
Updated Wed, 31 Aug 2016 01:18 AM IST
विज्ञापन
समस्याओं से घिरे किसानों पर अब दोहरी मार पड़ गयी है, एक तो वे पहले से ही बकाया गन्ना की समस्या से जूझ रहे हैं, ऊपर से अब सूखा रोग से किसानों की गन्ने की फसल बर्बाद होने लगी है।
सूखा रोग इतनी तेजी से फैल रहा है कि एक सप्ताह में सैकड़ों गांवों के किसानों की फसल रोग की चपेट में आ गई, लेकिन शिकायत करने के बाद भी कृषि विभाग के अफसर चुप्पी साधे हैं। इससे किसानों में अधिकारियों के प्रति आक्रोश पनप रहा है।
कृषि विभाग के अफसरों की लापरवाही का खामियाजा क्षेत्र के हिलवाड़ी, बड़का, बावली, रंछाड, सिरसली, दोघट, दाहा, बामनौली, बिजरौल, लुहारी, मलकपुर, जौनमाना, ढिकाना, बोहला, वाजिदपुर, गुराना, बिनौली, बरनावा, संतनगर, रमाला, छपरौली, तुगाना, किरठल, सरूरपुर, टयौढी, बड़ौली सहित सैकड़ों गांव के किसानों को भुगतना पड़ रहा है, क्योंकि पिछले एक सप्ताह से किसानों की गन्ने फसल में सूखा रोक लगा है, रोग का प्रभाव इतना है कि हर दिन कम से कम दस गांवों की फसल उसकी चपेट मेें आ रही है।
विज्ञापन
किसान रविंद्र हट्टी, यशवीर तोमर, जसवीर, प्रवीण, बिजेेंद्र, ग्राम प्रधान अनिल कुमार एडवोकेट, राजपाल प्रधान, संजीव, उपेंद्र आदि ने कहा रोग से फसल जड़ से लेकर फूंग तक सूख जाती है, दवा का भी कम असर होता है, दर्जनों बार विभागीय अफसरों से शिकायत करने के बाद भी सुनवाई नहीं हो रही है। किसानों ने विभागीय अफसरों पर शासन द्वारा किसानों के लिए संचालित लाभकारी योजनाओं का भी पैसा डकारने का आरोप लगाया।
मंगलवार को समस्या को लेकर किसान नेता रविंद्र हट्टी के नेतृत्व में किसानों ने एसडीएम को ज्ञापन भी सौंपा। इसमें राम कुमार, रविंद्र तोमर, मनोज, विनोद, विकुंज, हिमेश तोमर, सत्येंद्र, धर्मेंद्र, उदयवीर शामिल रहे। इस संबंध मेें कृषि उपनिदेशक धीरेंद्र सिंह ने जल्द ही क्षेत्र में कर्मचारियों की टीम भेजकर जांच कराने की बात कहीं।
विज्ञापन
सूखा रोग इतनी तेजी से फैल रहा है कि एक सप्ताह में सैकड़ों गांवों के किसानों की फसल रोग की चपेट में आ गई, लेकिन शिकायत करने के बाद भी कृषि विभाग के अफसर चुप्पी साधे हैं। इससे किसानों में अधिकारियों के प्रति आक्रोश पनप रहा है।
विज्ञापन
कृषि विभाग के अफसरों की लापरवाही का खामियाजा क्षेत्र के हिलवाड़ी, बड़का, बावली, रंछाड, सिरसली, दोघट, दाहा, बामनौली, बिजरौल, लुहारी, मलकपुर, जौनमाना, ढिकाना, बोहला, वाजिदपुर, गुराना, बिनौली, बरनावा, संतनगर, रमाला, छपरौली, तुगाना, किरठल, सरूरपुर, टयौढी, बड़ौली सहित सैकड़ों गांव के किसानों को भुगतना पड़ रहा है, क्योंकि पिछले एक सप्ताह से किसानों की गन्ने फसल में सूखा रोक लगा है, रोग का प्रभाव इतना है कि हर दिन कम से कम दस गांवों की फसल उसकी चपेट मेें आ रही है।
विज्ञापन
किसान रविंद्र हट्टी, यशवीर तोमर, जसवीर, प्रवीण, बिजेेंद्र, ग्राम प्रधान अनिल कुमार एडवोकेट, राजपाल प्रधान, संजीव, उपेंद्र आदि ने कहा रोग से फसल जड़ से लेकर फूंग तक सूख जाती है, दवा का भी कम असर होता है, दर्जनों बार विभागीय अफसरों से शिकायत करने के बाद भी सुनवाई नहीं हो रही है। किसानों ने विभागीय अफसरों पर शासन द्वारा किसानों के लिए संचालित लाभकारी योजनाओं का भी पैसा डकारने का आरोप लगाया।
मंगलवार को समस्या को लेकर किसान नेता रविंद्र हट्टी के नेतृत्व में किसानों ने एसडीएम को ज्ञापन भी सौंपा। इसमें राम कुमार, रविंद्र तोमर, मनोज, विनोद, विकुंज, हिमेश तोमर, सत्येंद्र, धर्मेंद्र, उदयवीर शामिल रहे। इस संबंध मेें कृषि उपनिदेशक धीरेंद्र सिंह ने जल्द ही क्षेत्र में कर्मचारियों की टीम भेजकर जांच कराने की बात कहीं।