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कुट्टू के आटे की पूरी खाने के बाद परिवार की हालत बिगड़ी
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कुट्टू का आटा खाने के बाद बागपत जिला अस्पताल में भर्ती पाबला बेगमाबाद गांव निवासी रविन्द्र
- फोटो : BAGHPAT
पाबला बेगमाबाद का मामला, परिवार के सात सदस्यों की हालत बिगड़ने पर अस्पताल में भर्ती कराया गया
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। पाबला बेगमाबाद गांव में कुट्टू के आटे की पूरी खाने से परिवार के सात सदस्यों की हालत बिगड़ गई। सभी को पड़ोसियों ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया। छह सदस्यों की हालत ठीक होने पर छुट्टी देकर घर भेज दिया गया जबकि एक अस्पताल में ही भर्ती है।
पाबला बेगमाबाद की रहने वाली अनीता ने बताया कि उनके परिवार के सभी सदस्यों ने सोमवार को व्रत रखा हुआ था। वह व्रत में शाम को खाने के लिए बागपत के बाजार से कुट्टू का आटा लेकर गई थी। शाम को इसी कुट्टू के आटे की पूरी बनाई, जिन्हें परिवार के सभी सदस्यों ने खाया। रात करीब दो बजे अनीता, उसके पति रविंद्र, बेटों अनंत, वियोम, मोहित, बेटियों आकृति, कशिश की हालत बिगड़ गई। सभी को उल्टी होने लगी। इस बारे में पता चलने पर पड़ोसियों ने सभी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने उपचार करने के बाद छह सदस्यों को मंगलवार दोपहर को छुट्टी दी, जबकि रविंद्र शाम तक अस्पताल में भर्ती था।
व्रत में पुराना रखा हुआ कुट्टू का आटा इस्तेमाल करने से हालत खराब हो सकती है। इसलिए ही पुराना रखा हुआ व खुला हुआ आटा इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। इसके साथ ही आटा को पहले देख लेना चाहिए कि उसमें मोटे कण न हो। इन सभी बातों का ध्यान रखकर ही कुट्टू के आटे का इस्तेमाल करना चाहिए। - डा. विभाष राजपूत, सीएचसी अधीक्षक बागपत
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बागपत। पाबला बेगमाबाद गांव में कुट्टू के आटे की पूरी खाने से परिवार के सात सदस्यों की हालत बिगड़ गई। सभी को पड़ोसियों ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया। छह सदस्यों की हालत ठीक होने पर छुट्टी देकर घर भेज दिया गया जबकि एक अस्पताल में ही भर्ती है।
पाबला बेगमाबाद की रहने वाली अनीता ने बताया कि उनके परिवार के सभी सदस्यों ने सोमवार को व्रत रखा हुआ था। वह व्रत में शाम को खाने के लिए बागपत के बाजार से कुट्टू का आटा लेकर गई थी। शाम को इसी कुट्टू के आटे की पूरी बनाई, जिन्हें परिवार के सभी सदस्यों ने खाया। रात करीब दो बजे अनीता, उसके पति रविंद्र, बेटों अनंत, वियोम, मोहित, बेटियों आकृति, कशिश की हालत बिगड़ गई। सभी को उल्टी होने लगी। इस बारे में पता चलने पर पड़ोसियों ने सभी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने उपचार करने के बाद छह सदस्यों को मंगलवार दोपहर को छुट्टी दी, जबकि रविंद्र शाम तक अस्पताल में भर्ती था।
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व्रत में पुराना रखा हुआ कुट्टू का आटा इस्तेमाल करने से हालत खराब हो सकती है। इसलिए ही पुराना रखा हुआ व खुला हुआ आटा इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। इसके साथ ही आटा को पहले देख लेना चाहिए कि उसमें मोटे कण न हो। इन सभी बातों का ध्यान रखकर ही कुट्टू के आटे का इस्तेमाल करना चाहिए। - डा. विभाष राजपूत, सीएचसी अधीक्षक बागपत
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