{"_id":"6a1d6e69f325fc10780d5fc6","slug":"practice-devotion-regularly-to-attain-god-anubhupractice-devotion-regularly-to-attain-god-anubhuti-matamata-baghpat-news-c-28-1-smrt1013-152682-2026-06-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"भगवान को पाने के लिए नियमित रूप से करें भक्ति : अनुभूति माता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भगवान को पाने के लिए नियमित रूप से करें भक्ति : अनुभूति माता
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
-त्रिलोक तीर्थ धाम जैन मंदिर में हुआ भक्तांबर महामंडल विधान
फोटो नंबर 01केएआर 1
संवाद न्यूज एजेंसी
खेकड़ा। बड़ागांव स्थित त्रिलोक तीर्थ धाम जैन मंदिर में सोमवार को भक्तांबर महामंडल विधान हुआ, जिसमें श्रद्धालुओं ने भगवान पार्श्वनाथ की नित्य नियम पूजा की। विधान के दौरान 48 दीपों से भगवान की विशेष आराधना की गई।
विधान की शुरुआत भगवान पार्श्वनाथ के अभिषेक से हुई। इसके बाद शांति धारा और कष्ट निवारक क्रियाएं संपन्न की गईं। मंडप की शुद्धि करके धार्मिक अनुष्ठान को आगे बढ़ाया गया। धर्म सभा में अनुभूति माता ने उपस्थित श्रद्धालुओं को प्रवचन दिए। उन्होंने कहा कि भगवान को पाने के लिए मनुष्य को नियमित रूप से उनकी भक्ति करनी चाहिए। अनुभूति माता ने बताया कि भगवान अपने भक्तों की रक्षा करते हैं और उन्हें संकटों से बचाते हैं। उन्होंने मनुष्य को भगवान को कभी न भूलने की सलाह दी। माता ने लालच और मोह माया से दूर रहने का भी संदेश दिया। उन्होंने कहा कि नियमित भक्ति से ही जीवन को सार्थक बनाया जा सकता है। इस धार्मिक आयोजन में अभिषेक जैन, दीपक जैन, संदीप जैन, महेश जैन, नितिन जैन और विकास जैन उपस्थित रहे।
विज्ञापन
फोटो नंबर 01केएआर 1
संवाद न्यूज एजेंसी
खेकड़ा। बड़ागांव स्थित त्रिलोक तीर्थ धाम जैन मंदिर में सोमवार को भक्तांबर महामंडल विधान हुआ, जिसमें श्रद्धालुओं ने भगवान पार्श्वनाथ की नित्य नियम पूजा की। विधान के दौरान 48 दीपों से भगवान की विशेष आराधना की गई।
विधान की शुरुआत भगवान पार्श्वनाथ के अभिषेक से हुई। इसके बाद शांति धारा और कष्ट निवारक क्रियाएं संपन्न की गईं। मंडप की शुद्धि करके धार्मिक अनुष्ठान को आगे बढ़ाया गया। धर्म सभा में अनुभूति माता ने उपस्थित श्रद्धालुओं को प्रवचन दिए। उन्होंने कहा कि भगवान को पाने के लिए मनुष्य को नियमित रूप से उनकी भक्ति करनी चाहिए। अनुभूति माता ने बताया कि भगवान अपने भक्तों की रक्षा करते हैं और उन्हें संकटों से बचाते हैं। उन्होंने मनुष्य को भगवान को कभी न भूलने की सलाह दी। माता ने लालच और मोह माया से दूर रहने का भी संदेश दिया। उन्होंने कहा कि नियमित भक्ति से ही जीवन को सार्थक बनाया जा सकता है। इस धार्मिक आयोजन में अभिषेक जैन, दीपक जैन, संदीप जैन, महेश जैन, नितिन जैन और विकास जैन उपस्थित रहे।
विज्ञापन