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Baghpat News: शव पहुंचने से पहले छावनी बना पांची, बाजार हुआ बंद
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पांची में प्रदीप के शव को अंतिम संस्कार को ले जाते ग्रामीण। संवाद
हरियाणा के नूंह में हुए दंगे में बजरंग दल के कार्यकर्ता प्रदीप की मौत होने के बाद बुधवार शाम शव गांव लाया गया। जिससे पहले पुलिस ने गांव को छावनी में तब्दील कर दिया। जहां चप्पे-चप्पे पर पुलिस और कई टीमें पीएसी तैनात कर दी गई। उधर स्थिति को देखते हुए पांची गांव का बाजार भी बंद कर दिया गया।
दंगे से एक दिन पहले गांव से गया था प्रदीप
बजरंग दल कार्यकर्ता प्रदीप अक्सर गांव आता रहता था और यहां कई दिन रहने के बाद वापस जाता था। बताया कि दंगे से एक दिन पहले प्रदीप गुरुग्राम गया और फिर शोभायात्रा में शामिल हो गया। उधर उसके साथ रहने वाले दो भाई हैप्पी ओर दीपक घटना के वक्त कमरे पर ही थे।
हजारों लोगों ने नम आंखों से दी विदाई
बजरंग दल के कार्यकर्ता प्रदीप की मौत होने के बाद गांव समेत आसपास के गांवों और बजरंग दल के हजारों कार्यकर्ता पांची गांव पहुंचे। जहां प्रदीप की अंतिम यात्रा में हजारों लोगों ने शामिल होकर नम आंखों से विदाई दी।
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छह साल पहले हुई थी शादी
दीपक ने बताया कि उसके भाई प्रदीप की शादी छह साल पहले हुई थी। जिसके बाद वह अपनी पत्नी के साथ गुरुग्राम के बादशाहपुर में रहने लगा था और अपना मकान भी वहीं पर बना लिया था। बताया कि प्रदीप का सबसे बड़ा भाई गांव में रहकर स्कूल बस चलाता है।
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दंगे से एक दिन पहले गांव से गया था प्रदीप
बजरंग दल कार्यकर्ता प्रदीप अक्सर गांव आता रहता था और यहां कई दिन रहने के बाद वापस जाता था। बताया कि दंगे से एक दिन पहले प्रदीप गुरुग्राम गया और फिर शोभायात्रा में शामिल हो गया। उधर उसके साथ रहने वाले दो भाई हैप्पी ओर दीपक घटना के वक्त कमरे पर ही थे।
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हजारों लोगों ने नम आंखों से दी विदाई
बजरंग दल के कार्यकर्ता प्रदीप की मौत होने के बाद गांव समेत आसपास के गांवों और बजरंग दल के हजारों कार्यकर्ता पांची गांव पहुंचे। जहां प्रदीप की अंतिम यात्रा में हजारों लोगों ने शामिल होकर नम आंखों से विदाई दी।
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छह साल पहले हुई थी शादी
दीपक ने बताया कि उसके भाई प्रदीप की शादी छह साल पहले हुई थी। जिसके बाद वह अपनी पत्नी के साथ गुरुग्राम के बादशाहपुर में रहने लगा था और अपना मकान भी वहीं पर बना लिया था। बताया कि प्रदीप का सबसे बड़ा भाई गांव में रहकर स्कूल बस चलाता है।