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राष्ट्र कल्याण की कामना के साथ महायज्ञ सम्पन्न
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिनौली। रंछाड़ गांव के शिव मंदिर में मंगलवार को यजुर्वेद पारायण महायज्ञ राष्ट्र कल्याण की कामना के साथ संपन्न हो गया। जिसमें विद्वानों ने यज्ञ को श्रेष्ठ व सर्वहितकारी बताया।
ब्रह्मा लाक्षागृह गुरुकुल के प्रधानाचार्य अरविंद शास्त्री ने कहा कि संगती, दान और देवपूजा को आत्मसात करने पर जीवन सुखमय बनेगा। पवित्र आत्मा से की जाने वाली परमात्मा की स्तुति कल्याणकारी होती है। सत्संग से आत्मा पवित्र बनती है। अच्छा चिंतन मनन करने से हम मनुष्य बन सकते हैं। समता का व्यवहार मानव जीवन को सफल बना सकता है। मन के साथ प्राण और प्राण के साथ विचार अच्छे होने चाहिए।
उन्होंने कहा कि यज्ञ श्रेष्ठ कर्म, सर्वहितकारी व सामाजिक कार्य है। स्वामी सत्यवेश ने काव्यपाठ से सामाजिक बुराइयों तथा पाखंड से दूर रहने का आह्वान किया। इस अवसर पर विदुषी अंजलि आर्या, रोहित शास्त्री ने भी वेदोपदेश दिया। जयवीर सिंह, करण सिंह, समरपाल प्रधान, जितेंद्र राणा, विपिन राणा, एसआई ओमवीर सिंह, राममेहर, वीरपाल, संजीव बोगदी, सुधीर आर्य, वीरेंद्र, कृष्णपाल, इंद्रपाल आदि मौजूद रहे।
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बिनौली। रंछाड़ गांव के शिव मंदिर में मंगलवार को यजुर्वेद पारायण महायज्ञ राष्ट्र कल्याण की कामना के साथ संपन्न हो गया। जिसमें विद्वानों ने यज्ञ को श्रेष्ठ व सर्वहितकारी बताया।
ब्रह्मा लाक्षागृह गुरुकुल के प्रधानाचार्य अरविंद शास्त्री ने कहा कि संगती, दान और देवपूजा को आत्मसात करने पर जीवन सुखमय बनेगा। पवित्र आत्मा से की जाने वाली परमात्मा की स्तुति कल्याणकारी होती है। सत्संग से आत्मा पवित्र बनती है। अच्छा चिंतन मनन करने से हम मनुष्य बन सकते हैं। समता का व्यवहार मानव जीवन को सफल बना सकता है। मन के साथ प्राण और प्राण के साथ विचार अच्छे होने चाहिए।
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उन्होंने कहा कि यज्ञ श्रेष्ठ कर्म, सर्वहितकारी व सामाजिक कार्य है। स्वामी सत्यवेश ने काव्यपाठ से सामाजिक बुराइयों तथा पाखंड से दूर रहने का आह्वान किया। इस अवसर पर विदुषी अंजलि आर्या, रोहित शास्त्री ने भी वेदोपदेश दिया। जयवीर सिंह, करण सिंह, समरपाल प्रधान, जितेंद्र राणा, विपिन राणा, एसआई ओमवीर सिंह, राममेहर, वीरपाल, संजीव बोगदी, सुधीर आर्य, वीरेंद्र, कृष्णपाल, इंद्रपाल आदि मौजूद रहे।
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