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धन कमाने के साथ धर्म ध्यान करना जरूरी : उपेंद्र मुनि
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फोटो संख्या 2
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। जैन संत उपेंद्र मुनि ने कहा कि भगवान महावीर स्वामी का संदेश जियो और जीने दो ध्यान में रखते हुए इंसान को काम करना चाहिए। धन कमाने के साथ धर्म ध्यान करना भी जरूरी है।
जैन संत शनिवार को नगर की जैन स्थानक में एक धर्मसभा को संबाेधित कर रहे थे। कहा कि भगवान महावीर द्वारा गृह त्याग से भगवान महावीर के कैवल्य ज्ञान तक की अवधि के बीच का समय साधना काल के नाम से जाना जाता है। यह काल 12 साल का रहा। इस काल के दौरान प्रभु महावीर ने अनेक कष्टों को सहन किया। केवल धन कमाना ही प्राथमिकता नहीं होनी चाहिए, गुरुओं के दर्शन करने, धर्म ध्यान भी जीवन में महत्वपूर्ण है। भगवान महावीर स्वामी का संदेश जियो और जीने दो के संकल्प को ध्यान में रखते हुए जीवों पर दया और सभी से मैत्री भाव रखना चाहिए। इस मौके पर शिखरचंद, डीके जैन, पप्पू, अंकित, नितिन जैन, सुशील जैन, शुभम जैन, सौरभ जैन आदि उपस्थित रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। जैन संत उपेंद्र मुनि ने कहा कि भगवान महावीर स्वामी का संदेश जियो और जीने दो ध्यान में रखते हुए इंसान को काम करना चाहिए। धन कमाने के साथ धर्म ध्यान करना भी जरूरी है।
जैन संत शनिवार को नगर की जैन स्थानक में एक धर्मसभा को संबाेधित कर रहे थे। कहा कि भगवान महावीर द्वारा गृह त्याग से भगवान महावीर के कैवल्य ज्ञान तक की अवधि के बीच का समय साधना काल के नाम से जाना जाता है। यह काल 12 साल का रहा। इस काल के दौरान प्रभु महावीर ने अनेक कष्टों को सहन किया। केवल धन कमाना ही प्राथमिकता नहीं होनी चाहिए, गुरुओं के दर्शन करने, धर्म ध्यान भी जीवन में महत्वपूर्ण है। भगवान महावीर स्वामी का संदेश जियो और जीने दो के संकल्प को ध्यान में रखते हुए जीवों पर दया और सभी से मैत्री भाव रखना चाहिए। इस मौके पर शिखरचंद, डीके जैन, पप्पू, अंकित, नितिन जैन, सुशील जैन, शुभम जैन, सौरभ जैन आदि उपस्थित रहे।
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