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बिन किताब कैसे सीखेंगे क, ख, ग ...

Sun, 01 May 2022 11:18 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 01 May 2022 11:18 PM IST
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How to learn a, b, c...
बागपत के निवाड़ा गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय में पढ़ाई करते बच्चों का फाइल फोटो - फोटो : BAGHPAT
बागपत। स्कूल चलो अभियान पर शिक्षा विभाग के अधिकारी पर पूरा जोर दे रहे हैं। मगर, जिले के सरकारी स्कूलों में पढ़ाई की व्यवस्था कैसी हैं, इसका आकलन इसी से किया सकता है कि नया सत्र शुरू हुए एक महीना बीत चुका है, लेकिन अभी तक सभी बच्चों को किताबें ही मुहैय्या कराई जा सकी हैं। स्थिति ऐसी है कि 9,876 बच्चे को तो पुरानी किताब भी नहीं मिल सकी हैं। विभागीय अधिकारियों का दावा हैं कि नई किताबों की छपाई के लिए तेजी से कार्य चल रहा है। ग्रीष्म कालीन अवकाश के बाद सभी बच्चों को किताबें उपलब्ध कराई जाएंगी। संवाद
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इस तरह कक्षावार कम है किताबें
नए शैक्षिक सत्र में 11,072 बच्चे कक्षा एक से दो में प्रवेश कर गए, जबकि कक्षा दो के सिर्फ 10,981 पुराने बच्चों से किताबें एकत्रित की गई हैं। कक्षा तीन में आने वाले बच्चों के लिए शत प्रतिशत किताबों की व्यवस्था हैं। इसके अलावा 14,725 बच्चे कक्षा तीन से कक्षा चार में प्रवेश कर गए, जबकि कक्षा चार के बच्चों के लिए 13,184 किताबों की व्यवस्था हैं। 13,184 बच्चे कक्षा पांच में पहुंचे हैं, जिनमें 12,617 बच्चों की किताबों की व्यवस्था हैं। कक्षा पांच से छठीं में प्रवेश पाने वाले 12,617 बच्चों के मुकाबले 6,424 को किताबें मिली हैं। कक्षा सात में आने वाले 6,424 बच्चों में 5,289 के लिए किताबों की व्यवस्था हैं। आठवीं में आने वाले 5,289 बच्चों में 4,960 के लिए किताबों की व्यवस्था हैं। इस तरह छह कक्षाओं में 9876 बच्चे किताबों से वंचित रह जाएंगे।
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आधे बच्चे कर रहे फटी हुई किताबों से पढ़ाई
नए सत्र में नई किताबें आने तक पुरानी किताबों से बच्चों को पढ़ाने के आदेश जारी होने के बाद शिक्षकों ने अपने विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों से पुरानी किताबें इकट्ठा की है। इसमें अधिकांश बच्चों की किताबें ज्यादा फटी हुईं मिली जबकि कुछ किताबों के बीच से पन्ने भी गायब है। इसके अलावा कुछ विषयों की किताबें भी बच्चों के पास मिली ही नहीं। इसके चलते जिन बच्चों को पुरानी किताबें मिल गई है, वह भी अधूरी ही है।
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शिक्षा विभाग के सामने चुनौती
पिछले शैक्षिक सत्र में 536 प्राथमिक, उच्च प्राथमिक और कंपोजिट विद्यालयों में कक्षा एक से आठवीं तक 79,272 बच्चे पंजीकृत थे। इनमें 4ख्960 बच्चे आठवीं कक्षा उत्तीर्ण कर नौवीं कक्षा में प्रवेश करते हुए दूसरे विद्यालयों में चले गए। शासन के आदेश के अनुसार बेसिक शिक्षा विभाग के अफसरों के सामने शत प्रतिशत बच्चों को पुरानी किताबें मुहैया कराकर पढ़ाई कराने की चुनौती बनी हुई है। क्योंकि विगत शैक्षिक सत्र 2021-22 में कुछ कक्षाओं में अधिक तो कुछ कक्षाओं में कम बच्चे पंजीकृत होने के कारण जिले भर में करीब 9,876 बच्चे नई किताबें आने तक पुरानी किताबों से भी वंचित है।

नई किताबों की छपाई होने तक वैकल्पिक व्यवस्था के तहत पुरानी किताबों से ही बच्चों को पढ़ाया जाएगा। नई किताबों की छपाई के लिए तेजी से कार्य चल रहा है। जल्द ही नए सत्र की किताबें छपकर आ जाएंगी और बच्चों में वितरित करा दी जाएगी। - राघवेंद्र सिंह, बेसिक शिक्षा अधिकारी, बागपत।
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